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राजस्थान के करौली में इंटरनेट बंद, 4 पुलिस वाले सहित 43 घायल: हिन्दू नव वर्ष के जुलूस पर हमला, पुलिस कह रही – हालात काबू में

"हिंदू नववर्ष पर रैली निकालना किसी के लिए अप्रिय कैसे हो सकता है? करौली में हिंदू संगठनों पर पथराव इस महा दिवस की पवित्रता भंग करने का षड्यंत्र है। इसके पीछे नफरत की भावना भड़काने वाले लोग हैं।"

राजस्थान के करौली में हिन्दू नव वर्ष के जुलूस पर 2 अप्रैल 2022 (शनिवार) को हिंसा हुई। इसके बाद दुकानों में आगजनी की गई। इस पूरे घटनाक्रम में पुष्पेंद्र नाम का एक युवक गंभीर रूप से घायल बताया जा रहा है, उनके शरीर पर चाकू से हमले के निशान हैं। उपद्रवियों को काबू करते हुए पुलिस के 4 जवान भी घायल हुए हैं। मीडिया रिपोर्ट की मानें तो अभी तक कुल 43 लोग घायल हुए हैं।

प्रशासन ने अब तक लगभग 30 संदिग्ध उपद्रवियों को हिरासत में लिया है। राजस्थान पुलिस के अनुसार अब हालात काबू में है। राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने पुलिस को उपद्रवियों से सख्ती से निबटने के आदेश दिए हैं। साथ ही उन्होंने लोगों से शाँति बनाए रखने की अपील भी की है।

“असामाजिक तत्व किसी भी धर्म में”: अशोक गहलोत

करौली की घटना पर राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा, “असामाजिक तत्व किसी भी धर्म में हो सकते हैं। उनके चलते बेचारे निर्दोष और बेगुनाह लोग परेशान होते हैं। करौली में ये सभी धर्म के लोगों की जिम्मेदारी है कि वो निकल कर आएँ और शांति व्यवस्था कायम करने में हमारा सहयोग करें। मैंने गृह विभाग से मीटिंग करके ऐसे असमाजिक तत्वों को चिन्हित करने के आदेश दिए हैं।”

“हालत अब काबू में, न उड़ाएँ कोई अफवाह” : राजस्थान पुलिस

राजस्थान के ADG लॉ एन्ड आर्डर IPS हवा सिंह घुमरिया ने 2 अप्रैल (शनिवार) की रात में कहा, “करौली में हिन्दू नववर्ष पर बाईक रैली निकली थी। उस पर बाजार में पथराव हुआ। इसके बाद से दोनों तरफ से पथराव हुआ और कुछ आगजनी की भी घटनाएँ हुईं। इस पूरे विवाद में लगभग 2 दर्जन लोग घायल हुए हैं, जिसमें से 1 की हालत गंभीर है। उसे जयपुर रेफर किया गया है। इस घटना के तुरंत बाद करौली में मौजूद फ़ोर्स के अलावा IG भरतपुर, IG कानून व्यवस्था करौली पहुँच गए हैं। बाहर से लगभग 600 फ़ोर्स के लोग हमने करौली के लिए रवाना किया है। अभी के हालात काबू में हैं।”

ADG लॉ एन्ड आर्डर ने आगे कहा, “करौली में कर्फ्यू लगा दिया गया है। इस बात के सख्त निर्देश हैं कि उपद्रवी कोई भी हो, उसको किसी भी हालत में बख्शा न जाए। पुलिस मुख्यालय से एडिशनल DG और DIG क्राइम को करौली भेजा गया है। लगभग 50 की संख्या में DYSP और इंस्पेक्टर हमने करौली भेजे हैं। जिन दुकानों में आगजनी हुई थी, उन पर दमकल विभाग काबू पाने का प्रयास कर रहा है। करौली और प्रदेश की जनता से अपील है कि अफवाहों पर ध्यान न दें। अगर कोई ऐसा करता है तो उसकी जानकारी पुलिस को दें। कानून व्यवस्था बनाए रखने में हमारी मदद करें।”

DM का आदेश, “घर से न निकले कोई व्यक्ति”

करौली जिले के DM राजेंद्र सिंह शेखावत ने 2 अप्रैल (शनिवार) को शाम 6.30 पर कर्फ्यू का आदेश जारी करते हुए लिखा, “करौली नगर परिषद क्षेत्र में कर्फ्यू लगाना आवश्यक समझता हूँ। हालात को देखते हुए इसे बढ़ाया जा सकता है। यह कर्फ्यू 4 अप्रैल (सोमवार) रात 12 बजे तक लागू है। धारा 144 लागू कर दी गई है। सुरक्षाकर्मियों को छोड़ कर कोई भी अपनी घर की सीमा से बाहर न निकले। इस आदेश का पालन न करने वालों पर IPC की धारा 188 के तहत कार्रवाई की जाएगी।”

करौली जिले के DM का ऑर्डर

करौली में इंटरनेट बंद

एक साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस में करौली जिले के DM और SP ने बताया, “करौली में इंटरनेट बंद कर दिया गया है। लगभग 30-32 लोगों को चोटें आई हैं। अभी 9 घायल स्थानीय अस्पताल में भर्ती हैं। 1 को जयपुर रेफर कर दिया गया है। लगभग 20-25 लोगों को प्राथमिक उपचार के बाद भेज दिया गया है। कर्फ्यूग्रस्त इलाकों में 3 SDM की तैनाती की गई है। लोगों से बातचीत कर के हालत को सामान्य करने की कोशिश की जा रही है।”

केंद्रीय मंत्री ने घटना को बताया साजिश

केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने इस घटना को साजिश बताया है। उन्होंने लिखा, “हिंदू नववर्ष पर रैली निकालना किसी के लिए अप्रिय कैसे हो सकता है? करौली में हिंदू संगठनों पर पथराव इस महा दिवस की पवित्रता भंग करने का षड्यंत्र है। इसके पीछे नफरत की भावना भड़काने वाले लोग हैं।”

इस ट्वीट पर करौली पुलिस ने जवाब दिया, “स्थिति नियंत्रण में है। मौके पर उच्च अधिकारी मौजूद हैं। दोषियों के विरुद्ध आवश्यक विधिक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।”

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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