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थावे माता मंदिर में चप्पल पहनकर घुसे बिहार के उप-मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव, BJP ने बोला हमला, कहा- ऐसे बनेंगे धर्मनिरपेक्ष

बिहार के उप-मुख्यमंत्री (Bihar Deputy CM) और राजद के नेता (RJD Leader) तेजस्वी यादव (Tejaswi Yadav) के एक मंदिर में चप्पल पहनकर घुसने पर बवाल हो गया है। राज्य में विपक्षी दल भाजपा (BJP) ने भी तेजस्वी यादव पर निशाना साधा है।

दरअसल, गोपालगंज जिले के थावे में स्थित प्रसिद्ध देवी माता मंदिर में तेजस्वी यादव चप्पल पहनकर घुस गए थे। इसको लेकर सोशल मीडिया पर तेजस्वी यादव की खूब आलोचना हो रही है। वहीं, बिहार भाजपा के प्रवक्ता निखिल आनंद ने कहा है, “बिहार सरकार की किताब में उपमुख्यमंत्री का प्रोटोकॉल या प्रिविलेज होता है न! इसमें थावे मंदिर परिसर में चप्पल पहनकर घूमने का भी लिखा है क्या?”

सामने आए वीडियो में तेजस्वी चप्पल पहनकर मंदिर परिसर में जाते हुए दिख रहे हैं, जबकि उनके सुरक्षाकर्मी और अधिकारी नंगे पाँव हैं। निखिल आनंद ने अपने ट्वीट में आगे कहा, “जब सुरक्षाकर्मी व अन्य सहयोगी खाली पैर मंदिर परिसर में थे तो चप्पल पहनने की विशेष सुविधा आपने क्यों लिया भाई! ऐसे धर्मनिरपेक्ष बनिएगा!!”

बता दें कि उप-मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव शनिवार (24 सितंबर 2022) को गोपालगंज में थावे माता मंदिर में गए थे और उन्होंने वहाँ दर्शन एवं पूजन किया था। उसी दौरान का यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वहाँ से वे मीरगंज के लिए रवाना हो गए थे, जहाँ उन्होंने अपनी दादी मरछिया देवी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया था।

‘पानीपत का बाबरपुर अब कहलाएगा गुरु नानकपुर’ : हरियाणा में CM खट्टर का ऐलान, बोले- इतिहास की गलतियाँ सुधारना सरकार का काम है

हरियाणा के पानीपत में बाबरपुर नाम का गाँव अब से गुरु नानक पुर कहलाएगा। ये ऐलान राज्य की खट्टर सरकार ने किया है। मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने इस संबंध में कहा कि नाम बदलने का कार्य अच्छा है। इतिहास की जो गलतियाँ हैं उन्हें सुधारना सरकार का ही काम है। इसलिए लोगों की भावना को देखते हुए यह प्रस्ताव पारित हुआ और सरकार ने भी इसे माना।

मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने यह घोषणा करने से पहले आज पानीपत के ऐतिहासिक पहली पातशाही गुरुद्वारा साहिब में माथा टेका। उन्होंने तस्वीरें सोशल मीडिया पर डालते हुए बताया, “आज पानीपत के ऐतिहासिक पहली पातशाही गुरुद्वारा साहिब में माथा टेक कर सिख धर्म के पहले गुरु श्री गुरु नानक देव जी से समस्त प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि हेतु अरदास की।”

उल्लेखनीय है कि बाबरपुर का नाम बदले जाने की खबर पहले भी आ रही थी लेकिन आज मनोहर लाल खट्टर जब पानीपत जिले के दौरे पर गए तो इसकी घोषणा की। खबरों के मुताबिक ये काम पानीपत शहर विधानसभा क्षेत्र के विधायक प्रमोद विज के कारण ये नाम बदला जा सका।

बाबरपुर का नाम बदले जाने के लिए विज ने नगर निगम सदन में कहा था कि चूँकि गुरु नानक देव जी पानीपत आए थे, इसलिए बाबरपुर का नाम नानकपुर के नाम पर रखा जाना चाहिए। विज के तर्कों के बाद सदन ने इसे निर्णय को सर्वसम्मति से स्वीकार कर लिया और सरकार ने भी फैसले पर मुहर लगा दी। इसके बाद विज ने खट्टर सरकार को उनकी बात सुनने के लिए धन्यवाद दिया। राज्य सरकार के इस फैसले से सामान्य जन भी सहमत हैं।

‘स्कूलों में बंद हो भजन, योग और सूर्य नमस्कार, कमजोर हो रही कश्मीर की मुस्लिम पहचान’: उलेमाओं की माँग, कहा – इस्लामी मान्यताओं को चुनौती बर्दाश्त नहीं

जम्मू कश्मीर में इस्लामी मजहब संगठनों के एक समूह ‘मुत्ताहिदा मजलिस-ए-उलेमा (MMU)’ ने सरकार और शिक्षा विभाग से स्कूलों में ‘भजन और सूर्य नमस्कार’ को रोकने की माँग की है। मुत्ताहिदा मजलिस-ए-उलेमा का मानना है कि भजन और सूर्य नमस्कार से मुस्लिमों की मजहबी भावना और जम्मू कश्मीर की मुस्लिम पहचान कमजोर हो रही हैं।

शनिवार (24 सितंबर, 2022) को आयोजित एक बैठक के बाद एमएमयू के एक प्रवक्ता ने कहा हिंदू भजन और सूर्य नमस्कार से संबंधित आदेश मुसलमानों की मजहबी भावनाओं को आहत करते हैं और उनमें पीड़ा पैदा करते हैं। संगठन ने दावा किया कि स्कूलों और शैक्षणिक संस्थानों में मुस्लिम छात्रों को भजन गाने के लिए कहकर जम्मू कश्मीर की मुस्लिम पहचान को कमजोर करने का प्रयास किया जा रहा है।

इस बैठक में एक प्रस्ताव पारित कर यह भी कहा गया है कि जम्मू कश्मीर में हिंदुत्व के एजेंडे को आगे बढ़ाने के लिए स्कूलों और शैक्षणिक संस्थानों के माध्यम से लागू की जा रही गतिविधियों पर एमएमयू को खेद है। उलेमाओं ने कहा कि योग और सुबह की प्रार्थना के नाम पर मुस्लिम छात्रों को भजन करने के लिए कहा जाता है और कई बार सूर्य नमस्कार करने के लिए भी कहा जाता है। उन्होंने दावा किया कि यह मान्यता के मूल सिद्धांतों के खिलाफ है।

एमएमयू ने यह भी कहा कि इस बैठक से उन्हें सरकार और शिक्षा विभाग को यह सूचित करना है कि जम्मू कश्मीर में मुस्लिमों द्वारा इस तरह की गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, क्योंकि यह उनकी मजहबी और इस्लामी मान्यताओं के लिए एक सीधी चुनौती है। एमएमयू ने सरकार से अपने आदेश तुरंत वापस लेने और ‘भजन व सूर्य नमस्कार’ को रोकने की अपील की है।

एमएमयू की ओर से अभिभावकों को सूचित करते हुए कहा गया, “यदि आपके बच्चों को सरकारी स्कूलों में गैर-इस्लामिक गतिविधियों में भाग लेने के लिए मजबूर किया जाता है, तो बच्चों को वापस बुला कर प्राइवेट स्कूलों में एडमिशन कराना चाहिए। हम मुस्लिम शिक्षकों से इस तरह की गैर-इस्लामी गतिविधियों को बढ़ावा देने से बचने और उनके विश्वास को बढ़ावा देने का आग्रह करते हैं।”

दरअसल, यह विवाद तब शुरू हुआ जब दक्षिण कश्मीर के कुलगाम में स्कूली बच्चों का ‘रघुपति राघव राजा राम’ भजन गाते हुए का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इस वीडियो के सामने आने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती समेत कई मुस्लिम संगठनों ने आपत्ति जताई थी। महबूबा मुफ्ती ने स्कूलों और शैक्षणिक संस्थानों में योग और भजन को लेकर भारतीय जनता पार्टी पर ‘जम्मू-कश्मीर में हिंदुत्व के एजेंडे’ को आगे बढ़ाने का आरोप लगाया था।

वहीं, इस पूरे मामले पर भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता अल्ताफ ठाकुर ने कहा कि वह जम्मू कश्मीर में कट्टरवाद को पनपने नहीं देंगे। उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर में जो हो रहा है उसमें कुछ भी नया नहीं है और जो लोग भजनों पर सवाल उठा रहे हैं, उन्हें पहले भजन सुनना चाहिए और फिर बयान देना चाहिए।

महिला IAS अधिकारी के नाम से फर्जी हैंडल, साधु-संतों और हिन्दू धर्म को गालियाँ: ‘D खान’ के खिलाफ दर्ज हुई FIR, महिला पत्रकार पर भी अभद्र टिप्पणी

सोशल मीडिया पर महिला IAS अधिकारी आर्यका अखौरी के फैन नाम से फर्जी ट्विटर हैंडल बना कर हिंदूवादियों और पत्रकारों को गाली देने वाले व्यक्ति पर FIR दर्ज की गई है। यह FIR नोएडा पुलिस ने ‘हिंदी खबर’ न्यूज़ चैनल की महिला पत्रकार आँचल यादव की तहरीर पर 24 सितम्बर, 2022 (शनिवार) को दर्ज की है। आँचल यादव ने अपनी शिकायत में किसी डी के खान को आरोपित किया है। वहीं इस हैंडल को फर्जी बताते हुए गाजीपुर की जिलाधिकारी आर्यका अखौरी ने गाज़ीपुर पुलिस को भी जाँच के आदेश दिए हैं।

पुलिस में शिकायत दर्ज होने के बाद ‘@FanOfAryakaAkhouri’ ट्विटर हैंडल बंद हो गया है। आँचल यादव द्वारा नोएडा के सेक्टर 24 थाने में दी गई शिकायत के मुताबिक, 16 सितम्बर, 2022 को डी के खान ने @FanofAryakaAkho नाम के हैंडल से एक अश्लील फोटो के बगल उनकी तस्वीर डाल कर सोशल मीडिया पर साझा की। आँचल ने पुलिस को यह भी बताया कि इसी हैंडल से लगातार न सिर्फ उन पर बल्कि कई साधु और संतों पर भी अभद्र टिप्पणियाँ की गई हैं। अपनी शिकायत में आँचल ने @FanofAryakaAkho हैंडल ऑपरेट करने वाले व्यक्ति पर कठोर कार्रवाई की माँग की है।

आँचल यादव की शिकायत पर नोएडा पुलिस ने IPC की धारा 500 और IT एक्ट की धारा 67 के तहत डी के खान पर केस दर्ज कर लिया।

वहीं गाजीपुर की जिलाधिकारी आर्यका अखौरी ने इस पूरे मामले पर बयान देते हुए कहा कि किसी अनजान व्यक्ति के द्वारा फेक ट्विटर हैंडल @DmAryakaAkhouri और @FanOfAryakaAkhouri के नाम से संचालित किया जा रहा हैं। ट्वीट में आगे लिखा गया है कि जिला मजिस्ट्रेट या जिला प्रशासन के द्वारा इस नाम कोई भी आईडी संचालित नहीं हैं।

DM गाज़ीपुर ने यह भी बताया कि उन्हें संबंधित ट्विटर हैंडल के बारे में जन-सुनवाई के दौरान सूचना मिली है और उस से भ्रामक सूचनाएँ भी फैलाई जा रहीं हैं। गाजीपुर की डीएम ने जिला पुलिस को जाँच के आदेश भी दिए हैं। DM के आदेश पर गाजीपुर पुलिस की साइबर सेल टीम ने आरोपित के खिलाफ जाँच शुरू कर दी है।

‘गरीब हूँ, तो क्या 10000 में बिक जाऊँ?’: अंकिता ने दोस्त से बयाँ किया था दर्द, व्हाट्सएप्प चैट में कहा था- प्रॉस्टिट्यूट नहीं बनूँगी, अब यहाँ काम नहीं करना

उत्तराखंड (Uttarakhand) की अंकिता भंडारी हत्याकांड (Ankita Bhandari Murder) मामले में रोज नए और सनसनीखेज खुलासे हो रहे हैं। हत्या का आरोपित पुलकित आर्य अंकिता को रिजॉर्ट में आने वाले ग्राहकों को स्‍पेशल सर्विस देने का दबाव बनाता था। इसके साथ ही वह इस हत्याकांड में मृतका के दोष को फँसाने की कोशिश कर रहा था।

कस्टमर को स्पेशल सर्विस देने के पुलकित आर्य के लगातार दबाव के बावजूद अंकिता नहीं झुकी। अंत में उसने रिसॉर्ट में रिसेप्शनिस्ट की अपनी नौकरी छोड़ने का फैसला कर लिया, लेकिन उससे पहले ही उसकी हत्या कर दी गई।

उत्तराखंड के DGP अशोक कुमार ने बताया कि चैट में ये बात सामने आई है कि अंकिता भंडारी पर गलत काम करने का लगातार दबाव बनाया जा रहा था। उन्होंने बताया कि SIT अंकिता के WhatsApp चैट्स की जाँच कर रही है।

अंकिता ने गलत काम करने के अपने ऊपर डाले जा रहे दबाव को अपने दोस्त के साथ साझा की थी। उसने चैट के जरिए अपने दोस्त को इसके बारे में बताया था। चैट में रिसॉर्ट के मालिक पुलकित आर्य और उसके साथी का कच्चा चिट्ठा है। अंकिता ने अपने दोस्‍त को बताया था कि पुलकित उसे प्रॉस्टिट्यूट बनाने पर तुला हुआ था।

उधर हत्या के बाद पुलकित आर्य अंकिता की दोस्त पुष्प को ही संदिग्ध बनाने पर जुटा हुआ था। अंकिता के गायब होने के बाद जब उसके दोस्त पुष्प ने पुलकित को फोन किया तो पुलकित उसे लगातार गुमराह करता रहा।

आजतक के मुताबिक, पुलकित ने पुष्प को बताया कि अंकिता रिसॉर्ट में आई थी, लेकिन रात का खाना खाने के बाद वह कमरे में चली गई और तब से वह गायब है। उसने पुष्प को यह भी बताया कि वह रात भर के लिए अपना फोन अंकिता को दे दिया था। वे सब भी अंकिता को खोज रहे हैं। वहीं, जाँच में यह बात सामने आई है कि अंकिता के साथ झड़प में पुलकित का मोबाइल नहर में गिर गया था।

इस दौरान पुलकित उसके दोस्त पुष्प से ही पूछता है कि अंकिता उसके साथ तो नहीं चली गई है। उसके बाद पुलकित पुलिस स्टेशन में बैठकर पुष्प को गुमराह करता रहा। उसने पुष्प को कहा कि वह अंकिता को खोजने के लिए पुलिस स्टेशन में बैठा हुआ है। पुलिस जब कॉल रिकॉर्ड खंगालेगी तो पता चल जाएगा कि अंकिता किस-किस से बात की थी।

बता दें कि 17 सितंबर को अंकिता भंडारी की हत्या कर दी गई थी। वह गरीब परिवार से ताल्लुक रखती थी और परिवार का खर्चा चलाने के लिए रिसॉर्ट में नौकरी करती थी। इस दौरान रिसॉर्ट के मालिक पुलकित आर्य ने अंकिता पर कस्टमर को स्पेशल सर्विस देने के दबाव बनाता था। इसमें पुलकित के अलावा, उसके साथी अंकित का भी नाम सामने आया है।

गौरतलब है कि पुलकित आर्य भाजपा नेता विनोद आर्य का बेटा है। भाजपा ने आरोपित पुलकित आर्य के भाई व पिता को पार्टी से निष्कासित कर दिया है। उत्तराखंड के ऋषिकेश की चिल्ला नहर से अंकिता भंडारी का शव बरामद हो गया है। पुलिस ने इस मामले में 3 आरोपितों को गिरफ्तार किया है। इनमें पुलकित आर्य भी शामिल है।

सीएम पुष्कर सिंह धामी द्वारा मामले में सख्त कार्रवाई के आदेश देने के बाद पुलकित आर्य के ऋषिकेश स्थित वनतारा रिजॉर्ट पर बुलडोजर चलाकर ध्वस्त कर दिया गया। इस कार्रवाई के अलावा सीएम धामी ने उत्तराखंड के सभी रिजॉर्ट की जाँच करने के निर्देश दिए थे। सीएम धामी ने ट्वीट कर कहा कि जो रिजॉर्ट अवैध बने हैं या अवैधानिक रूप से संचालित हैं उनके विरुद्ध तत्काल आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

‘पिरामिडों की वाहवाही करते हो, 80 टन का पत्थर सबसे ऊँचे मंदिर पर कैसे पहुँचा इस पर बात नहीं करते’: साउथ के हीरो ने कहा – इतिहास पर गर्व करना सीखो

दक्षिण भारत के अभिनेता विक्रम ने भारत के प्राचीन इतिहास और सांस्कृतिक गौरव को लेकर बात की है। चोल साम्राज्य पर आ रही फिल्म ‘PS-1’ को लेकर आयोजित एक कार्यक्रम में तमिल अभिनेता ने कहा कि सभी की अलग-अलग रुचि होती है और वो विज्ञान, भूगोल या ज्योतिष कुछ भी हो सकता है, लेकिन उनकी नज़र में इतिहास सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण है। उन्होंने बताया कि कैसे हम सबने बचपन से ही इतिहास की कहानियाँ सुनी हैं।

उदाहरण के लिए विक्रम ने हिंदी में ‘चंदा मामा’ का नाम लिया और कहा कि तमिल में भी ऐसी कहानियाँ हैं। उन्होंने कहा कि हमारा इतिहास खासा समृद्ध था और हमारे राजा-महाराजा भी वीर थे। उन्होंने बताया कि वो एक चीज की तरफ सबका ध्यान खींचना चाहते हैं। बकौल विक्रम, सभी ये बातें करते हैं कि मिस्र के पिरामिडों को कैसे बनाया गया और उस जमाने में उन्हें बनाना कैसे संभव हुआ। लेकिन, उन्होंने इस पर अफ़सोस जताया कि भारत में मंदिरों को कैसे बनाया गया इस पर कोई बात नहीं करता।

विक्रम ने बताया, “तंजावुर के मंदिर का गोपुरम सबसे ऊँचा है। ये चोल साम्राज्य का सांस्कृतिक गढ़ है और राजराज चोल ने इसे बनवाया था। इसके सबसे ऊपर जो पत्थर लगा हुआ है, उस एक पत्थर का वजन 80 टन है। इसके बारे में कोई बात नहीं करता कि ये कैसे बना, लेकिन सब पिरामिडों की बात करते हैं। हम गिरती हुई इमारतों की प्रशंसा करते हैं, लेकिन उन मंदिरों पर बात नहीं करते जिन्होंने प्लास्टर के बिना ही निर्माण कर लिया।”

उन्होंने बताया कि हाथियों, बैल और इंसानों का इस्तेमाल कर के 6 किलोमीटर लंबे रैंप का निर्माण किया गया, उस ज़माने में बिना किसी मशीन का इस्तेमाल कर के इसे संभव किया गया। उन्होंने बताया कि ये निर्माण 6 भूकंपों को बर्दाश्त कर के भी खड़ा रहता है। उन्होंने उस तकनीकी संरचना के बारे में समझाया, जिससे ये संभव हुआ। उन्होंने बताया कि उस ज़माने में 5000 से अधिक बाँध बनवाए और उनके मंत्रिमंडल में जल प्रबंधन को लेकर एक अलग मंत्री था।

विक्रम ने याद दिलाया कि कैसे इन राजाओं ने महिलाओं के नाम पर नगर बसाए। उन्होंने बताया कि इन राजाओं ने मुफ्त अस्पताल बनवाए और ऋण देकर लोगों की मदद की। ये सब नौवीं शताब्दी में हुआ, जब हम सबसे बड़ी नौसेना थे और उस समय पश्चिम के सुपरपॉवर क्या कर रहे थे? उन्होंने बताया कि इसके 500 वर्षों बाद अमेरिका को कोलंबस ने खोजा। यूरोप में अंधकार था। विक्रम ने कहा कि पूर्व-पश्चिम और उत्तर-दक्षिण का भेद भुला कर ये भारत का इतिहास है, जिस पर हमें गर्व होना चाहिए।

ईरान में महसा अमिनी की हत्या पर खबर छापने वाली महिला पत्रकार गिरफ्तार: पुलिस ने सामान जब्त किया, ट्विटर अकॉउंट भी सस्पेंड

ईरान में हिजाब के खिलाफ चल रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच महसा अमिनी की मौत की खबर प्रकाशित करने वाली महिला पत्रकार को गिरफ्तार कर लिया गया है। यह गिरफ्तारी 22 सितम्बर 2022 को हुई है। महिला पत्रकार के वकील मोहम्मद अली कामफिरौजी ने इस गिरफ्तारी की जानकारी दी। नीलोफर जिस अख़बार में काम करती हैं उसका नाम शार्ग है।

फ़ारसी भाषा में किए गए ट्वीट में नीलोफर के वकील ने बताया, “ईरान के सुरक्षा बलों ने मेरी मुवक्किल के घर पर छापा मारा और शार्ग अख़बार की पत्रकार नीलोफर को गिरफ्तार कर लिया। नीलोफर के घर की तलाशी ली गई और उसके कई सामानों को ज़ब्त कर लिया गया है। अभी ये तय नहीं है कि उस पर कौन से आरोप लगाए जाएँगे। नीलोफर के बारे में आगे कोई भी खबर या तो मैं या उनके पति मोहम्मद होसैन अजरलो द्वारा दी जाएगी।”

रिपोर्ट्स के मुताबिक गिरफ्तारी से पहले पत्रकार नीलोफर का ट्विटर अकॉउंट भी सस्पेंड कर दिया गया था। फिलहाल अभी यह तय नहीं है कि नीलोफर का हैंडल ईरान के प्रशासन के अनुरोध पर सस्पेंड हुआ है या किसी अन्य कारण से। नीलोफर की गिरफ्तारी के साथ ईरानी सुरक्षा बलों ने देश भर में अन्य प्रदर्शनकरियों के खिलाफ भी कार्रवाई शुरू कर दी है।

गिरफ्तार हुए हैं और भी पत्रकार

गौरतलब है कि अमिनी की मौत के मामले में पत्रकार नीलोफर की गिरफ्तारी पहला मामला नहीं है। इस से पहले ईरान सरकार विरोधी प्रदर्शन करने वाले कई अन्य पत्रकार भी गिरफ्तार हो चुके हैं। कुछ ही दिन पहले यल्डा मोएरी नाम की एक ईरानी फोटो जर्नलिस्ट को ईरानी अधिकारियों ने राज्य विरोधी विरोध प्रदर्शनों के दौरान गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के समय वो तेहरान शहर में हिजाब स्ट्रीट पर हिंसक हो गई भीड़ की कवरेज कर रहीं थीं। इस गिरफ्तारी की पुष्टि उनके पिता घोलमरेज़ा मोएरी ने की थी। इसके अलावा उन्होंने इस कार्रवाई की शिकायत पत्रकारों की आवाज उठाने वाले संस्थान CPJ से की थी।

पहले याल्डा और अब नीलोफर की गिरफ्तारी पर CPJ के उत्तरी अफ्रीका के कार्यक्रम समन्वयक सदस्य शरीफ मंसूर ने नाराजगी जताई है। उन्होंने कहा, “ईरानी अधिकारी यह समझ लें कि पत्रकारों को बंद कर के वो देश भर में हो रहे विरोध प्रदर्शनों को छिपा नहीं पाएँगे। दोनों पत्रकारों को तत्काल रिहा किया जाए। ईरान सरकार पत्रकारों पर मनमानी कार्रवाई से बाज़ आए।”

गौरतलब है कि गलत तरीके से हिजाब पहनने के नाम पर ईरान (Iran) की मोरल पुलिस द्वारा पिटाई के कारण कोमा में गई 22 साल की महसा अमिनी (Mahsa Amini) की शुक्रवार (16 सितंबर 2022) को राजधानी तेहरान में मौत हो गई थी। 13 सितंबर को अमिनी को गिरफ्तार किए जाने के कुछ घंटों बाद ब्रेन डेड घोषित कर दिया गया था। तेहरान की मोरल पुलिस ने अपने बालों को पूरी तरह नहीं ढँकने का आरोप लगाकर उसे गिरफ्तार कर लिया था। इसके बाद उसे उसे एक हिरासत केंद्र में लेकर बुरी तरह पीटा गया था। तब से पूरे ईरान में विरोध प्रदर्शनों का सिलसिला जारी है जिसमें कई लोगों को पुलिस ने गोली मार दी है और कईयों को गिरफ्तार किया गया है।

‘शहीद भगत सिंह पर होगा चंडीगढ़ एयरपोर्ट का नाम’: PM मोदी का ऐलान, ‘मन की बात’ में बोले – 2 शब्द कहूँगा, आपका जोश 4 गुना बढ़ जाएगा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) ने रविवार (25 सितंबर, 2022) को मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ (Mann ki Baat) के जरिए देश को संबोधित किया। मन की बात का यह 93वाँ एपिसोड था। इसमें पीएम मोदी ने 28 सितंबर को शहीद भगत सिंह की जयंती पर चंडीगढ़ एयरपोर्ट का नाम बदलने का ऐलान किया। साथ ही, MyGov पर नामीबिया से भारत आए चीतों के नाम का सुझाव देने का भी आग्रह किया है।

मन की बात कार्यक्रम में प्रधानमंत्री ने कहा, “इस समय देश में चारों ओर उत्सव की रौनक है। कल नवरात्रि का पहला दिन है। इसमें हम देवी के पहले स्वरूप ‘माँ शैलपुत्री’ की उपासना करेंगे। यहाँ से नौ दिनों का नियम-संयम और उपवास, फिर विजयादशमी का पर्व भी होगा। यानी, एक तरह से देखें तो हम पाएँगे कि हमारे पर्वों में आस्था और आध्यात्मिकता के साथ-साथ कितना गहरा संदेश भी छिपा है।”

उन्होंने यह भी कहा कि भारत के अलग-अलग समुदायों और विविधताओं से भरी संस्कृति को यहाँ फलते-फूलते देखा जा सकता है। इतना ही नहीं, यहाँ के तटीय इलाकों का खानपान लोगों को खूब आकर्षित करता है। उन्होंने कहा कि इसके इन मजेदार बातों के साथ ही एक दुखद पहलू भी है, हमारे तटीय क्षेत्र पर्यावरण से जुड़ी कई चुनौतियों का सामना कर रहे हैं। बकौल पीएम मोदी, क्‍लाइमेट चेंज, मरीन इकोसिस्‍टम्‍स के लिए बड़ा खतरा बना हुआ है। दूसरी ओर हमारे बीचेज पर फैली गंदगी परेशान करने वाली है। उन्होंने याद दिलाया कि हमारी यह जिम्मेदारी बनती है कि हम इन चुनौतियों के लिए गंभीर और निरंतर प्रयास करें।

पीएम मोदी ने योग को बढ़ावा देने पर जोर देते हुए कहा है कि दुनिया अब इस बात को स्वीकार कर चुकी है कि फिजिकल और मेंटल वेलनेस के लिए योग बहुत ज्यादा कारगर है, विशेषकर डायबिटीज और ब्‍लड प्रेशर से जुड़ी मुश्किलों में योग से बहुत मदद मिलती है। योग की ऐसी ही शक्ति को देखते हुए 21 जून को संयुक्त राष्ट्र ने अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाना तय किया गया है।

देश के बहादुर सैनिकों की वीरता को याद दिलाने वाली ‘सर्जिकल स्ट्राइक’ को लेकर पीएम ने कहा कि वो सिर्फ दो शब्द कहेंगे लेकिन उन्हें पता है, इसे सुन कर लोगों का जोश चार गुना ज्यादा बढ़ जाएगा। ये दो शब्द हैं – सर्जिकल स्‍ट्राइक। उन्होंने कहा कि हमारे देश में अमृत महोत्सव का जो अभियान चल रहा है उन्हें हम पूरे मनोयोग से सेलिब्रेट करें, अपनी खुशियों को सबके साथ साझा करें।

प्रधानमंत्री ने कहा कि भगत सिंह की जयंती के ठीक पहले उन्हें श्रद्धांजलि स्वरूप एक महत्वपूर्ण निर्णय किया है। यह तय किया गया है कि चंडीगढ़ एयरपोर्ट का नाम अब शहीद भगत सिंह के नाम पर रखा जाएगा।

नामीबिया से भारत लाए गए चीतों के बारे में बात करते हुए पीएम मोदी ने कहा, “MyGov के प्‍लेटफॉर्म पर, एक कॉम्‍प्‍टीशन आयोजित किया जाएगा। इसमें लोगों से मैं कुछ चीजें शेयर करने का आग्रह करता हूँ। चीतों को लेकर जो हम अभियान चला रहे हैं, आखिर, उस अभियान का नाम क्या होना चाहिए? क्या हम इन सभी चीतों के नामकरण के बारे में भी सोच सकते हैं। जैसे, इनमें से हर एक को किस नाम से बुलाया जाए? वैसे ये नामकरण अगर ट्रेडिशनल हो तो काफी अच्छा रहेगा। क्योंकि, अपने समाज, संस्कृति, परंपरा और विरासत से जुड़ी हुई कोई भी चीज हमें सहज ही अपनी ओर आकर्षित करती है।”

‘कॉन्ग्रेस के शासन में ठहर गया था देश’: Infosys के संस्थापक ने की PM मोदी की तारीफ, कहा- भारत के लिए दुनिया भर में बढ़ा सम्मान

टेक्नोलॉजी सेक्टर की बड़ी कंपनियों में से एक इंफोसिस (Infosys) के सह-संस्थापक नारायण मूर्ति (Narayana Murthy) ने कॉन्ग्रेस (Congress) की नेतृत्व वाली यूपीए सरकार (UPA Government) को लेकर बड़ी बात कही है।

नारायण मूर्ति ने शुक्रवार (23 सितंबर 2022) को कहा कि केंद्र की यूपीए सरकार के दौरान निर्णय लेने में देरी की जाती थी। इसलिए मनमोहन सिंह जैसे अर्थशास्त्री के प्रधानमंत्री होने के बावजूद देश में आर्थिक गतिविधियाँ रूकी हुई थीं। नारायण मूर्ति ने भारतीय प्रबंधन संस्थान, अहमदाबाद (IIM-A) में छात्रों के साथ बातचीत के दौरान मनमोहन सिंह को असाधारण व्यक्ति कहा।

इंफोसिस के सह-संस्थापक ने कहा, “मैं लंदन में (2008 और 2012 के बीच) HSBC के बोर्ड में हुआ करता था। पहले कुछ वर्षों के दौरान बोर्ड रूम (बैठकों के दौरान) में चीन के नाम का दो से तीन बार उल्लेख किया गया था, लेकिन भारत के नाम का उल्लेख केवल एक बार किया गया था।”

भाजपा के नेतृत्व वाली मौजूदा एनडीए सरकार की तुलना कॉन्ग्रेस के नेतृत्व वाली पिछली यूपीए सरकार से करते हुए मूर्ति ने कहा कि निर्णय लेने में देरी के कारण भारतीय अर्थव्यवस्था को भारी नुकसान हुआ।

उन्होंने कहा, “दुर्भाग्य से मुझे नहीं पता कि बाद में क्या हुआ। मनमोहन सिंह के कार्यकाल, जो कि एक असाधारण व्यक्ति हैं और उनका मैं बहुत सम्मान करता हूँ, के दौरान भारत स्थिर हो गया था। निर्णय तुरंत नहीं किए गए और सब कुछ ठप कर दिया गया। जब तक मैं (HSBC) छोड़ रहा था, उस दौरान अगर चीन का नाम 30 बार लिया गया था तो भारत का नाम केवल एक बार लिया गया था।”

नारायण मूर्ति ने साल 1991 के आर्थिक सुधारों के लिए पूर्व प्रधानमंत्री डॉक्टर मनमोहन सिंह की प्रशंसा भी की। बता दें कि पीवी नरसिम्हाराव की सरकार में आर्थिक सुधारों को लागू किया गया था और मनमोहन सिंह उस दौरान वित्त मंत्री थे।

जब उनसे पूछा गया कि उन्होंने भविष्य में भारत की कल्पना कहाँ की है तो उन्होंने कहा, “युवा पीढ़ी का काम है कि जब भी वे किसी अन्य देश, विशेष रूप से चीन का नाम लेते हैं, तो लोग भारत के नाम का उल्लेख करें।” उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि युवा पीढ़ी इस काम को बखूबी करेगी।

नारायण मूर्ति ने ‘मेक इन इंडिया’ और ‘स्टार्टअप इंडिया’ जैसे अभियान के लिए नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) नेतृत्व वाली केंद्र की एनडीए सरकार (NDA Government) की सराहना की। उन्होंने कहा, “एक समय था जब अन्य देशों के अधिकांश लोग भारत को नीचा देखते थे, लेकिन आज देश के लिए एक तरह का सम्मान है, जो अब दुनिया की पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन गया है।”

उन्होंने आगे कहा, “चीन ने 1978 और 2022 के बीच 44 वर्षों की अवधि में भारत को छह गुना पीछे छोड़ दिया है। हालाँकि, मेरा मानना है कि अगर इस दिशा में बैठे सभी अद्भुत व्यक्ति मिलकर काम करें तो भारत को वही सम्मान मिलेगा, जो आज चीन को मिलता है।”

गुजरात में AAP नेता रेप केस में गिरफ्तार: 23 साल की युवती को दिया मॉडल बनाने का लालच, फ्लैट पर दुष्कर्म किया

गुजरात की गिर सोमनाथ पुलिस ने आम आदमी पार्टी के नेता भागू वाला वेरावल से रेप केस में गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस AAP नेता की कोविड रिपोर्ट आने का इंतजार कर रही है, इसके बाद उन्हें आधिकारिक रूप से गिरफ्तार किया जाएगा।

वेरावल पुलिस इंस्पेक्टर सुनील इसरानी ने बताया कि 23 साल की युवती ने शुक्रवार (23 सितंबर 2022) को भागू वाला के खिलाफ शिकायत दी थी जिसमें आरोप था कि AAP नेता ने उसका रेप किया। शिकायत के बाद युवती का मेडिकल चेक अप करवा दिया गया और केस को आईपीसी की धारा 376 के तहत दर्ज करके कार्रवाई की गई।

पुलिस का कहना है कि आरोपित की कोविड रिपोर्ट आने के बाद उसे कोर्ट में पेश किया जाएगा और उसे हिरासत में लेकर आगे पूछताछ होगी।

बता दें कि रेप केस में फँसे भागू वाला पहले कॉन्ग्रेस में उपाध्यक्ष पद पर थे और उसके बाद उन्होंने हाल में आम आदमी पार्टी ज्वाइन की। उनके नाम एक फिल्म प्रोडक्शन कंपनी है जिसका नाम विश्वास फिल्म क्रिएशन है। भागू वाला पर आरोप है कि उन्होंने इसी फिल्म कंपनी के बूते एक मॉडल को कास्टिंग के नाम पर फँसाया। उसके बाद अपने फ्लैट पर बुलाकर उसका रेप किया।

शिकायत में ये उल्लेख है कि आरोपित ने युवा महिला को लालच दिया कि वो उसे मॉडलिंग का काम दिलवाएँगे। इसके बाद लड़की को उन्होंने अपने फ्लैट पर बुलाया और उसका रेप किया। पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज होने के बाद अपनी पड़ताल शुरू कर दी थी और अब खबर है कि आप नेता की गिरफ्तारी हो चुकी है।