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ODI इतिहास की सबसे बड़ी जीत: 46वाँ शतक बना कर मैच और सीरीज दोनों के नायक बने विराट कोहली, शुभमन गिल ने भी जड़ा सैकड़ा

भारत और श्रीलंका के बीच तीन मैचों की एकदिवसीय श्रृंखला का तीसरा और आखिरी मैच केरल के ग्रीनफील्ड स्टेडियम में खेला गया। इस मैच में, टीम इंडिया ने श्रीलंका को 317 रनों से हराते हुए रिकॉर्ड जीत दर्ज की है। इस जीत के साथ टीम इंडिया ने सीरीज में क्लीन स्वीप कर लिया।

इस मैच में, टीम इंडिया के कप्तान रोहित शर्मा ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया था। टीम इंडिया की शुरुआत बेहतरीन रही। रोहित शर्मा के रूप में जब भारत का पहला विकेट गिरा तब, टीम का स्कोर 95 रन पहुँच चुका था।

इसके बाद, बल्लेबाजी करने आए विराट कोहली शुरुआत से ही अच्छी लय में नजर आए। वहीं, सलामी बल्लेबाज शुभमन गिल भी ताबड़तोड़ बल्लेबाजी करते हुए टीम का स्कोर आगे बढ़ा रहे थे। जहाँ एक ओर शुभमन गिल ने 116 रनों की आतिशी पारी खेली। वहीं, विराट कोहली 166 रन बनाकर नाबाद रहे। टीम इंडिया की ओर से श्रेयस अय्यर ने भी 38 रनों के साथ कैमियो किया।

इस तरह टीम इंडिया ने सीरीज हार चुकी श्रीलंका के सामने 391 रनों का पहाड़ जैसा लक्ष्य रखा था। इस लक्ष्य का पीछा करने उतरी श्रीलंकाई टीम शुरुआत से ही बैकफुट पर नजर आई। भारत की घातक गेंदबाजी के आगे हालत यह रही कि श्रीलंका के केवल 3 बल्लेबाज ही दहाई के आँकड़े तक पहुँच सके।

टीम इंडिया के ओर से मोहम्मद सिराज ने 4, कुलदीप यादव और मोहम्मद शमी ने 2-2 विकेट हासिल किए। इस तरह से श्रीलंकाई टीम महज 73 रनों पर ही ढेर हो गई। इस मैच में जीत के साथ टीम इंडिया ने न केवल सीरीज में 3-0 से क्लीन स्वीप किया है। बल्कि, वनडे क्रिकेट इतिहास में सबसे बड़ी जीत भी दर्ज की है।

इससे पहले, यह रिकॉर्ड न्यूजीलैंड के नाम था। न्यूजीलैंड ने साल 2008 में आयरलैंड को 290 रनों से हराया था। इस क्रम में यदि वनडे क्रिकेट इतिहास की अन्य बड़ी जीतों पर नजर डालें तो साल 2015 में ऑस्ट्रेलिया ने अफगानिस्तान को 275 रनों से मात दी थी। वहीं, दक्षिण अफ्रीका ने साल 2010 में जिम्बाब्वे को 272 रनों व साल 2012 में श्रीलंका को 258 रनों से हराया था।

हालाँकि, इस मामले में जीत का सबसे बड़ा रिकॉर्ड न्यूजीलैंड की महिला क्रिकेट टीम के नाम है। साल 1997 में न्यूजीलैंड की महिला क्रिकेट टीम ने पाकिस्तान को 408 रनों से मात दी थी।

10 सेकेंड बाद मेन पायलट बन जातीं अंजू, लेकिन हुआ कुछ और… नेपाल विमान हादसे में 5 भारतीय दोस्तों की भी मौत, शो के लिए जा रही लोकगायिका भी नहीं रही

रविवार (15 जनवरी 2023) का दिन नेपाल के इतिहास में काले दिन के रूप में दर्ज हो गया। दरअसल, यहाँ हुए विमान हादसे (Plane Crash in Nepal) में 5 भारतीय समेत 68 लोगों की मौत हो गई। मरने वालों में सभी 5 भारतीय आपस में दोस्त थे। वहीं, इस विमान की को-पायलट अंजू खतिवडा प्लेन को सकुशल लैंडिंग कराने के बाद मेन पायलट बनने वाली थीं। लेकिन, इससे पहले ही वह हादसे का शिकार हो गईं।

दरअसल, यात्री विमान नेपाल के पोखरा हवाई अड्डे पर उतर रहा था। इसी दौरान, सेती नदी के तट पर पहाड़ी से टकरा गया। इस विमान हादसे में जिन 5 भारतीयों की मौत हुई वह उत्तर प्रदेश के गाजीपुर के रहने वाले थे। ये सभी छुट्टी मनाने के लिए शुक्रवार (13 जनवरी, 2023) को नेपाल गए थे। इस भीषण हादसे का शिकार हुए लोगों के नाम अनिल राजभर, विशाल शर्मा, अभिषेक कुशवाहा, सोनू जयसवाल और संजय जयसवाल है।

ये सभी युवक गाजीपुर के अलावपुर सिपाह और धरवा गाँव के रहने वाले हैं। हादसे से पहले सोनू जायसवाल फेसबुक में लाइव था, जिसका वीडियो भी सोशल मीडिया में वायरल हो रहा है। वीडियो में देखा जा सकता है कि लाइव के दौरान ही यह हादसा हुआ।

वहीं, इस हादसे में विमान की को-पायलट अंजू खतिवडा की भी मौत हो गई। बतौर को-पायलट यह उनकी आखिरी उड़ान थी। रविवार (15 जनवरी, 2023) को पोखरा के लिए उडान भरते समय फ्लाइट के कैप्टन कमल केसी ने मुख्य पायलट की सीट पर अंजू को बैठा दिया था।

यदि वह इस विमान को सफलतापूर्वक लैंड करा लेतीं तो उन्हें मेन पायलट का लाइसेंस मिल जाता और वह फ्लाइट कैप्टन बन जातीं। हालाँकि, लैंडिंग से महज 10 सेकंड पहले ही यह हादसा हो गया। दरअसल, किसी भी व्यक्ति को फ्लाइट कैप्टन बनने के लिए कम से कम 100 घंटे का फ्लाइंग एक्सपीरियंस यानी विमान उड़ाने का अनुभव जरूरी होता है। फ्लाइट की को-पायलट अंजू इससे पहले नेपाल के कई एयरपोर्ट पर सफलतापूर्वक लैंडिंग करा चुकीं थी।

16 साल पहले पति की भी विमान हादसे में हुई थी मौत

अंजू के पति दीपक पोखरेल की मौत भी विमान हादसे में हुई थी। वह यति एयरलाइंस में को-पायलट थे। उनकी फ्लाइट का हादसा 21 जून 2006 को हुआ था। विमान नेपालगंज से सुर्खेत होते हुए जुम्ला जा रहा था। इस दौरान यह क्रैश हो गया था। इसमें, 6 पैसेंजर्स और 4 क्रू मेंबर की मौत हो गई थी।

एयर होस्टेस और लोक गायिका भी हादसे का शिकार

इसके अलावा, इस हादसे में एयर होस्टेस ओसिन आले की भी मौत हो हुई। हादसे से पहले का Tiktok पर बनाया गया उनका एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इस वीडियो में वह प्लेन के अंदर हँसती-मुस्कुराती नजर आ रहीं हैं। नेपाल की जानी-मानी लोक गायिका नीरा छन्त्याल भी इस हादसे का शिकार हुईं हैं। वह पोखरा में आयोजित एक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहीं थीं।

‘परमाणु शक्ति होने के बावजूद भीख माँगना शर्म की बात’: पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने बयाँ किया दर्द, बोले – सऊदी ने बड़े प्यार से दिया कर्ज

बीते कुछ समय से पाकिस्तान गंभीर आर्थिक संकट से गुजर रहा है। देश को इस संकट से उबारने के लिए पाकिस्तान अन्य देशों से कर्ज माँगता फिर रहा है। ऐसे में, पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ (Pak PM Shehbaz Sharif) ने कहा है कि एक परमाणु संपन्न देश के लिए कर्ज माँगना शर्म की बात है।

दरअसल, शनिवार (14 जनवरी 2023) को पाकिस्तान प्रशासनिक सेवा (पीएएस) के परिवीक्षाधीन अधिकारियों का पासिंग आउट कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इस कार्यक्रम को संबोधित करते हुए शहबाज शरीफ ने खेद व्यक्त करते हुए कहा है कि मित्र देशों से और कर्ज माँगना उनके लिए शर्मनाक था। विदेशों से कर्ज लेना आर्थिक चुनौतियों का स्थायी समाधान नहीं है, क्योंकि यह कर्ज लौटाना होगा।

उन्होंने यह भी कहा है कि अगर उनकी बस तेज गति से सही दिशा में बढ़ती तो सतत विकास लक्ष्यों (एसडीजी) को प्राप्त करके, विदेशी कर्ज से बचा जा सकता है।

पाकिस्तान में उत्पन्न हुई आर्थिक चुनौतियों को लेकर उन्होंने कहा है कि बीते 75 वर्षो के दौरान देश में कई सरकारें रहीं हैं, चाहे वह राजनीतिक नेतृत्व वाली सरकार हो या सैन्य तानाशाहों के नेतृत्व वाली सरकार – कोई भी देश की आर्थिक समस्याओं का समाधान नहीं कर सकीं।

UAE ने शालीनता और प्यार से दिया कर्ज: पाकिस्तान PM

शहबाज शरीफ ने कर्ज देने के लिए UAE की तारीफ करते हुए कहा है कि राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद ने बहुत ही शालीनता और प्यार से पाकिस्तान को 1 अरब डॉलर का और कर्ज देने की घोषणा की है।

बता दें कि पाकिस्तान के ऊपर दिवालिया होने का संकट गहराता जा रहा है। पाकिस्तान फिलहाल पूरी तरह से विदेशी मदद पर निर्भर हो गया है। पाकिस्तान में एक पैकेट आटे की कीमत 3100 रुपए के पार पहुँच गई है। इस गंभीर संकट से उबरने के लिए पाकिस्तान सरकार रूस से गेहूँ खरीद रही है। हालाँकि, इसके बाद भी पाकिस्तान की आवाम आटे के लिए मोहताज है।

‘कॉन्ग्रेस का बड़ा नेता हूँ, लोकसभा का टिकट दिलवा दूँगा’: तैयब अंसारी ने महिला से किया बलात्कार, यूपी पुलिस ने दबोचा

उत्तर प्रदेश की लखनऊ पुलिस ने कॉन्ग्रेस पार्टी से टिकट दिलाने के नाम पर महिला से रेप करने के आरोपित एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। आरोपित का नाम तैयब अंसारी है जिसकी उम्र 52 साल है। पीड़िता ने कथित कॉन्ग्रेस नेता पर खुद को शादी के नाम पर धोखा देने और पैसे ऐंठने का भी आरोप लगाया है। तैयब लगभग 2 माह से फरार चल रहा था। यह गिरफ्तारी शुक्रवार (13 जनवरी 2023) को हुई है।

लखनऊ पुलिस के मुताबिक, मामला चिनहट थानाक्षेत्र का है। यहाँ नवम्बर 2022 में एक महिला ने तैयब नाम के व्यक्ति पर अपने साथ रेप करने के आरोप में FIR दर्ज करवाई थी। शिकायत में पीड़िता ने यह भी बताया था कि आरोपित ने खुद को कॉन्ग्रेस पार्टी का बड़ा नेता बताते हुए उसे लोकसभा चुनाव लड़ने के लिए टिकट दिलाने का भी वादा किया था। तैयब अंसारी पर महिला को शादी का झाँसा दे कर उसके साथ कई बार दुष्कर्म करने का अभी आरोप है। जब महिला को लगा कि तैयब उसके साथ धोखा कर रहा है तब उन्होंने केस दर्ज करवा दिया।

केस दर्ज होने के बाद आरोपित फरार हो गया था। उसकी तलाश में पुलिस टीमें लगातार छापेमारी करती रहीं। इस बीच पुलिस को लगभग 2 माह की मेहनत के बाद आखिरकार सफलता हाथ लग ही गई। पुलिस को पता चला कि आरोपित तैयब अंसारी लखनऊ से लगभग 250 किलोमीटर दूर बरेली में रह रहा है। पुलिस टीम वहाँ पहुँची तो तैयब की लोकेशन बरेली के मोती महल नाम के होटल में मिली। यहाँ पर तैयब कमरा नंबर 110 में रह रहा था।

पुलिस ने अपना जाल बिछाते हुए तैयब अंसारी को गिरफ्तार कर लिया। बताया जा रहा है कि पहले तो तैयब ने अपने प्रभाव की डींगे हाँकते हुए पुलिस को दबाव में लेने की पूरी कोशिश की लेकिन उसकी एक भी न चली। पुलिस की पूछताछ में तैयब ने अपना गुनाह कबूल कर लिया। आरोपित पर IPC की धारा 120 बी, 376, 328, 342, 506, 406और 420 के तहत कार्रवाई की गई है। तैयब अंसारी को जेल भेज दिया गया है।

पुलिस इस बात की भी जाँच कर रही है कि कहीं तैयब ने टिकट के नाम पर इसी प्रकार की धोखाधड़ी का शिकार कुछ और लोगों को भी तो नहीं बनाया है। कॉन्ग्रेस पार्टी की तरफ से अभी तक तैयब अंसारी की पुष्टि संबंधी कोई बयान नहीं आया है।

जुबैर ने ‘Me Too’ पर मचाया था हल्ला, खुद के साथी की बात आई तो चुप: महिला ने लिखा है – ऐसी लड़कियाँ प्रतीक सिन्हा का निशाना, जिनका सोशल मीडिया में प्रभाव नहीं

खुद को ‘फैक्ट-चेक’ का झंडाबरदार बताने वाले AltNews के सह-संस्थापक प्रतीक सिन्हा पर ‘Me Too’ के आरोप लगे हैं, लेकिन उनका साथी और संस्थान का एक अन्य सह-संस्थापक मोहम्मद जुबैर इस पर चुप है। आरोप लगाने वाली महिला ने घटना का विवरण देते हुए कहा है कि प्रतीक सिन्हा महिलाओं को बिस्तर तक ले जाने के लिए वो किसी हद तक जा सकता है। उस पर महिलाओं के स्तन घूरने के आरोप भी लगे हैं।

मोहम्मद जुबैर की चुप्पी इसीलिए भी चर्चा लायक है, क्योंकि इससे पहले जब ‘Me Too’ अभियान सामने आया था और कई महिलाओं ने अपने-अपने अनुभव साझा किए थे, तब ‘गिरोह विशेष’ के लोग बिना किसी ट्रायल के चाह रहे थे कि जिस पर आरोप लगे उसे फाँसी पर ही चढ़ा दिया जाए। वहीं जब विनोद दुआ जैसों पर आरोप लगा तो इन्होंने चुप्पी साध ली। मोहम्मद जुबैर ने भी ‘Me Too’ पर खुल कर ट्वीट्स किए थे।

उसने नवंबर 2018 में ऑपइंडिया पर ही आरोप लगाते हुए ‘Me Too’ हैशटैग का इस्तेमाल किया था। उसने पत्रकार गौरव सावंत पर ‘Me Too’ का आरोप लगने का दावा करते हुए एक के बाद एक ट्वीट्स किए थे और पत्रकार श्वेता सिंह पर भी इस पर ट्वीट न करने पर निशाना साधा था। रिटायर्ड जज मार्कण्डेय काटजू ने ‘Me Too’ पर पोस्ट्स डिलीट किए थे, जिस पर वो उन पर निशाना साधने में लगा था। उसने पूर्व केंद्रीय मंत्री एमजे अकबर पर भी ‘Me Too’ के आरोप लगने के कारण तंज कसा था।

पीड़िता ने लिखा है कि प्रतीक सिन्हा के दोस्तों के बताया कि वो महिला को अपनी बिस्तर तक ले जाने के लिए किसी भी हद तक जा सकते हैं। ये उनका एक पैटर्न था – ड्रामा करो, सीरियस रिलेशनशिप की बात करो और फिर महिला को बेड तक ले जाओ। आरोप है कि वो जिस लड़की को देखते हैं, उसे घूरना शुरू कर देते हैं। महिलाओं पर रात को वीडियो कॉल करने का दबाव बनाते हैं। वो ऐसी लड़कियों को चुनते हैं, जिनका सोशल मीडिया में कोई प्रभाव न हो – ताकि वो किसी बात को सार्वजनिक न कर सकें।

सोशल मीडिया इस्तेमाल करने पर सऊदी अरब के मौलाना को मौत की सजा, किंगडम के खिलाफ रूख और मुस्लिम ब्रदरहुड की प्रशंसा का आरोप

सऊदी अरब (Saudi Arabia) में ट्विटर, फेसबुक, व्हाट्सएप और टेलीग्राम जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का उपयोग करने के अपराध में अवाद अल-कार्नी (Awad Al-Qarni) नाम के 65 वर्षीय प्रोफेसर को द गार्जियन की रिपोर्ट के मुताबिक मौत की सजा सुनाई गई है। उन पर कथित रूप से सरकार विरोधी खबरें सोशल मीडिया पर प्रसारित करने का आरोप है।

क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान के हाथों में सऊदी की बागडोर लेने के बाद सुधार समर्थक कानून के इस मौलवी को 9 सितंबर 2017 को गिरफ्तार किया गया था। रिपोर्ट के अनुसार, अवाद अल-क़ार्नी को सरकारी मीडिया द्वारा ‘खतरनाक उपदेशक’ के रूप में गलत तरीके से चित्रित किया गया है।

ब्रिटिश अखबार द गार्डियन के अनुसार, अपनी गिरफ्तारी से पहले मौलवी के ट्विटर पर 2 मिलियन (20 लाख) फॉलोअर्स थे। उनकी गिरफ्तारी को सत्तावादी सऊदी अरब सरकार द्वारा असंतुष्टों पर कार्रवाई माना जाता है।

द गार्जियन की रिपोर्ट के अनुसार, मोहम्मद बिन सलमान के शासन द्वारा सऊदी अरब में सोशल मीडिया के उपयोग को अपराध बना दिया गया है। सऊदी अरब में ये हालात तब है, जबकि वहाँ के बादशाह के पब्लिक इनवेस्टमेंट फंड का फेसबुक और व्हाट्सएप में बड़े पैमाने पर निवेश है।

गार्जियन ने बताया कि अवाद अल-क़ार्नी को यह स्वीकार करने के बाद मौत की सजा दी गई कि उन्होंने हर अवसर पर अपने विचार व्यक्त करने के लिए अपने ट्विटर अकाउंट (@awadalqarni) का इस्तेमाल किया। उनके बेटे नासिर ने उन पर लगे आरोपों की जानकारी अखबार को दी। नासिर पिछले साल सऊदी से भाग गए थे और तब से वे ब्रिटेन में रह रहे हैं।

अवाद अल-क़ार्नी पर वीडियो और व्हाट्सएप चैट में कट्टरपंथी इस्लामी संगठन मुस्लिम ब्रदरहुड की कथित रूप से प्रशंसा करने का आरोप लगाया गया है। रिपोर्ट में कहा गया है, “अल-क़ार्नी द्वारा टेलीग्राम पर बनाना और उसका स्पष्ट उपयोग करना भी आरोपों में शामिल है।”

यह पहली बार नहीं है, जब सऊदी के राजशाही ने सोशल मीडिया का उपयोग करने के लिए किसी को दंडित किया है। पिछले साल अगस्त में सलमा अल-शहाब नाम की एक महिला को ट्विटर अकाउंट रखने और मोहम्मद बिन सलमान शासन के आलोचकों के ट्वीट साझा करने पर 34 साल की जेल की सजा सुनाई गई थी।

उसी समय एक अन्य महिला नौरा बिन्त सईद अल-क़हत को उसकी सोशल मीडिया गतिविधि के लिए 45 साल की जेल की सजा सुनाई गई थी। हालाँकि, टेररिज्म कोर्ट में सुनवाई के दौरान उसके अदालती दस्तावेजों में कुछ भी हिंसा या आपराधिक गतिविधि से संबंधित घटना दर्ज नहीं था।

मानवाधिकार समूह रेप्रीव के लिए काम करने वाले जीद बसौनी ने कहा कि अवाद अल-कर्नी को दी गई मौत की सजा आलोचकों को चुप कराने का एक पैटर्न है। उन्होंने कहा, “… मोहम्मद बिन सलमान के मार्गदर्शन में सरकारी वकील लोगों को उनकी राय के लिए, ट्वीट्स के लिए और बातचीत के लिए मारने के लिए कहा है। वे (ऐक्टिविस्ट) खतरनाक नहीं हैं। वे शासन को उखाड़ फेंकने का आह्वान नहीं कर रहे हैं।”

यह सब ऐसे समय में हो रहा है, जब मोहम्मद बिन सलमान अपने अब्बू के हाथों से सऊदी की बागडोर लेने के बाद इसे दुनिया में एक सहिष्णु, बहुलतावादी समाज के रूप में फिर से स्थापित करने की कोशिश कर रहा हैं।

नोट: ज्यादातर मीडिया रिपोर्ट जहाँ अभी बता रही हैं कि मौलवी को मौत की सजा सुनाने पर कोर्ट का फैसला आना बाकी है। वहीं पहले मीडिया रिपोर्ट कह रही थीं कि मौत की सजा दी जा चुकी है। द गार्जियन की रिपोर्ट का आर्काइव्ड लिंक आप इस लिंक पर देख सकते हैं। रिपोर्ट और हेडलाइन को उसी मुताबिक बदला गया है।

हिन्दू नेताओं की हत्या की फिराक में थे दिल्ली से गिरफ्तार 2 आतंकी, एक बेगुनाह हिन्दू की हत्या कर विदेशी आका को भेजा था ‘डेमो’: हल्द्वानी में मिले थे दोनों

दिल्ली के भलस्वा डेरी से पकड़े गए आतंकी नौशाद और जगजीत को ले कर पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। जानकारी के मुताबिक, नौशाद पाकिस्तान बेस आतंकी समूह लश्कर-ए-तैयबा से जुड़ा हुआ था। वह जगजीत के साथ मिल कर हिन्दू नेताओं की हत्या करने की फिराक में था। इसके लिए नौशाद और जगजीत ने मिल कर तैयारियाँ भी कर ली थीं। अपने विदेश में बैठे आकाओं को यकीन दिलाने के लिए दोनों ने दिसंबर 2022 में एक व्यक्ति की हत्या भी की थी।

दोनों ने यह कत्ल अपने हैंडलर को एक डेमो के तौर पर दिखाया था। दोनों ने जिस व्यक्ति को मारा था वो हिन्दू था, जिसकी इनसे कोई दुश्मनी नहीं थी।

दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल के एडिशनल कमिश्नर प्रमोद कुशवाहा ने रविवार (15 जनवरी, 2023) को नौशाद और जगजीत के मंसूबों की जानकारी मीडिया से साझा की। पुलिस के मुताबिक, दोनों आरोपितों के पास जो 2 हैण्ड ग्रेनेड मिले हैं वो मिलिट्री ग्रेड के बताए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि आने वाले कुछ महीनों में नौशाद और जगजीत मिल कर दक्षिणपंथी नेताओं की पहचान कर उन्हें मारने की फिराक में थे। पुलिस के मुताबिक दोनों आरोपितों को इस काम के लिए विदेश में पैसे भी आए थे। नौशाद को ISI भी ऑपरेट कर रही थी।

एडिशनल CP प्रमोद कुशवाहा के मुताबिक, अभी कई जानकारियाँ सुरक्षा कारणों से साझा नहीं की जा सकतीं। उन्होंने कहा कि दोनों आरोपितों की गिरफ्तारी से एक बड़ी अनहोनी टल गई है। गिरफ्तार हुए जगजीत जग्गा की इस से पहले पुलिस से मुठभेड़ भी हो चुकी है। नौशाद की मुलाकात जेल में कुछ आतंकियों से हुई थी। इन्हीं आतंकियों ने उसका पाकिस्तानी आकाओं से परिचय करवाया। पुलिस के अनुसार, नौशाद और जगजीत आपस में हल्द्वानी जेल में मिले थे। वहीं से दोनों ने मिल कर काम करने का फैसला किया था।

पुलिस ने उन हिन्दू नेताओं के नाम के खुलासे करने से मना कर दिया जो दोनों के निशाने पर थे। हालाँकि नौशाद और जगजीत द्वारा कत्ल किए गए व्यक्ति की पहचान अभी तक सामने नहीं आई है।

मंच पर दीया जलाने पहुँची शरद पवार की सांसद बेटी, साड़ी में लग गई आग: हाथ से बुझाया, बोलीं- मैं पूरी तरह अब सुरक्षित

राष्ट्रवादी कॉन्ग्रेस पार्टी (NCP) की नेता और सांसद सुप्रिया सुले (Supriya Sule) रविवार (15 जनवरी 2023) को महाराष्ट्र के पुणे में आयोजित एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने पहुँची थीं। जहाँ कार्यक्रम के उद्घाटन के दौरान उनकी साड़ी में आग लग गई। हालाँकि, समय रहते आग बुझा ली गई, अन्यथा वह बड़ी दुर्घटना का शिकार हो सकतीं थीं। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, सुप्रिया सुले पुणे के हिंजेवाड़ी इलाके में स्थित कराटे ट्रेनिंग सेंटर में आयोजित प्रतियोगिता का उद्घाटन करने पहुँची थीं। इस कार्यक्रम में उन्हें बतौर मुख्य अतिथि आमन्त्रित किया गया था। कार्यक्रम में दीप प्रवज्जलन (दीपक जलाने) के बाद सुप्रिया सुले छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर रहीं थीं। इस दौरान उनकी साड़ी वहाँ जल रहे दीपक के संपर्क में आ गई। इससे साड़ी में आग लग गई।

वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि आग लगने के बाद, वहाँ खड़ा व्यक्ति सुप्रिया सुले को इशारा कर बता रहा है कि उनकी साड़ी में आग लग गई है। इसके बाद, सुप्रिया अपने हाथों से आग बुझाते दिख रहीं हैं। गनीमत कि बात यह है कि इस हादसे में सुप्रिया सुले पूरी तरह सुरक्षित हैं।

इस घटना को लेकर सुप्रिया सुले ने कहा है, “मैं हिंजेवाड़ी इलाके में कराटे प्रतियोगिता के उद्घाटन कार्यक्रम में गई थी। जहाँ अचानक मेरी साड़ी में आग लग गई। लेकिन आग पर जल्दी काबू पा लिया गया। मैं अपने समर्थकों, नागरिकों, पार्टी पदाधिकारियों और प्रशंसकों से कहना चाहती हूँ कि मैं सुरक्षित हूँ और उन्हें चिंतित होने की जरूरत नहीं है। मैं उनके प्यार और देखभाल को लेकर अभिभूत हूँ।”

वहीं, सुप्रिया सुले के कार्यालय द्वारा कहा गया है, “हिंजेवाड़ी में आयोजित कार्यक्रम में जब वह दीया जलाने वाली थीं, तो उनकी साड़ी के पल्लू में आग लग गई। उन्होंने ही आग बुझाई। सांसद के दिनभर के कार्यक्रम जारी रखें और पूरे दिन वह व्यस्त रहेंगी।”

बता दें कि सुप्रिया सुले राष्ट्रवादी कॉन्ग्रेस पार्टी (NCP) के अध्यक्ष शरद पवार की बेटी हैं। वह फिलहाल महाराष्ट्र के बारामती लोकसभा क्षेत्र से सांसद हैं।

‘उसने मुझे छोड़ा तो ये लव जिहाद होगा…’ : आदिल के निकाह से मुकरने के बाद बोलीं राखी सावंत, कहा- ‘खुदा मुझे मौत दे दे’

बॉलीवुड एक्ट्रेस और बिग बॉस फेम राखी सावंत बॉयफ्रेंड आदिल खान दुर्रानी से निकाह को लेकर लगातार चर्चा में बनी हुईं हैं। एक ओर जहाँ, निकाह की बात से मुकरने के बाद आदिल ने कहा है कि वह परिवार को मनाने में लगे हैं। वहीं, राखी सावंत ने कहा है कि यदि आदिल उन्हें नहीं अपनाते हैं तो यह निकाह, लव जिहाद होगा।

एंटरटेनमेंट वेबसाइट ‘जूम’ को दिए इंटरव्यू में राखी सावंत ने बेहद बेबाक अंदाज में बात की है। उन्होंने लव जिहाद को लेकर बात करते हुए कहा है, “देखिए इसके बारे में तो मैं कुछ भी नहीं बोलना चाहूँगी। आदिल मुझे नहीं अपनाएँगें तो लव जिहाद ही होता है। अगर वो मुझे अपना लेंगे तो लव मैरिज होता है। निकाह होता है।”

उन्होंने आगे कहा है, “मैं अल्लाह से यह गुजारिश करूँगी कि मैंने आपको अपनाया है खुदा। मुझे तो नहीं पता क्या है। मैंने सच्चे मन से निकाह किया है। या तो आदिल मुझे अपना ले या आप मुझे ऊपर उठा लो। बस अब ये कलंक मुझसे सहन नहीं होता। ये मेरा प्यार है कलंक नहीं है। मैंने निकाह किया है। ये कोई कलंक नहीं है। सच्चाई से जीना चाहती हूँ। या आदिल मुझे अपना ले या खुदा मुझे मौत दे दे।”

बता दें की बुधवार (11 जनवरी 2023) को सोशल मीडिया पर राखी और उनके ब्वॉयफ्रेंड आदिल खान दुर्रानी की निकाह की तस्वीर वायरल हुई थी। बाद में राखी ने दावा किया कि उन्होंने ही निकाह की फोटो वायरल की थी, क्योंकि आदिल इस निकाह से इनकार कर रहा था। राखी ने एक यूट्यूब चैनल को दिए इंटरव्यू में कहा कि उन्होंने हराम न करके हलाल किया। उन्होंने कहा कि फिर भी आदिल क्यों निकाह से इनकार कर रहा है, उन्हें समझ नहीं आ रहा है।

राखी ने कहा था, “क्या वो पागल हैं। मैंने निकाह के, कोर्ट के सारे प्रूफ दे दिए हैं। मौलाना ने शादी कराई है, ये भी प्रूफ दे दिए हैं। इससे ज्यादा और क्या प्रूफ दे सकती हूँ। मैंने अपना सबकुछ छोड़छाड़ कर उसपर भरोसा करके उससे शादी की है। मुझसे आदिल ने एक साल तक निकाह के बारे में चुप रहने को कहा था। मैं सात महीने तक चुप रही, लेकिन मेरे बिग बॉस जाने के बाद कुछ ऐसा हुआ जो मेरे बर्दाश्त के बाहर था। इसलिए मैंने फोटो वायरल कर दिया। मैं बहुत ज्यादा डर गई थी। नहीं चाहती थी कि उस तरह के केस हो, जो आजकल बहुत सारे हो रहे हैं।”

उन्होंने यह भी कहा था, ”आदिल मुझसे प्यार करता है लेकिन उसे उसकी फैमिली और न जाने कहाँ-कहाँ से दबाव आ रहा है। लेकिन इसमें मेरा क्या कसूर है। मैंने अपना नाम बदला। मैंने हराम न करके हलाल किया। हराम हर कोई करता है। मुझे हराम नहीं करना था। मैंने हलाल किया। मैं कहा गलत हूँ। जो हराम करे, एक-एक को छोड़ दे, वो चलेगा। लेकिन जो हलाल करे, वो गुनाहगार है क्या। मेरे घर में शादी हुई है और भारतीय कानून के हिसाब से शादी हुई है। BMC के अधिकारी ने आकर खुद पेपर पर साइन किए थे।”

वहीं, राखी सावंत के बयानों के आदिल ने कहा था कि वह कोई कमेंट नहीं करना चाहेंगे और जल्द ही प्रॉपर इंटरव्यू देंगे। उन्होंने साफ किया था कि उनमें और राखी सावंत के बीच कोई झगड़ा नहीं है। आपस में झगड़ा न होने की बात पर राखी ने भी हामी भरी। राखी ने खुल कर कहा कि उन्होंने जो निकाह किया था उस इज्जत की उन्हें जरूरत है। आज तक के मुताबिक आदिल खान ने राखी सावंत से अपने निकाह को कबूल कर लिया है। इसी रिपोर्ट में आगे बताया गया है आदिल अपने परिवार को राखी से रिश्ते के लिए मनाने की कोशिश कर रहे हैं।

लव जिहाद कर भाइयों से रेप करवाया, फिर सुलह के नाम पर गोली मरवाई: अब अश्लील वीडियो वायरल करने और एसिड अटैक की धमकी, CM योगी को भी दी चुनौती

प्रयागराज में लव जिहाद की शिकार बलिया की हिंदू युवती को अब जान से मारने या चेहरे पर एसिड फेंकने की धमकी दी जा रही है। हिंदू नाम रखकर युवती से शादी करने वाला मोहम्मद आलम युवती की हत्या का पहले भी प्रयास कर चुका है। आलम ने युवती को दो गोलियाँ मारी थीं, जो उसकी पीठ पर लगी थी और बच गई थी।

युवती का कहना है कि शादी के बाद जब उसकी हकीकत पता चला तो वह नशे का इंजेक्शन देकर अपने भाइयों से भी उसका बलात्कार करवाता था। इस दौरान उसने वीडियो भी बना लिया था, जिसे वायरल करने की वह धमकी देकर सारे केस वापस लेने की धमकी देता है। इतना ही नहीं, युवती की माँ को भी फोन कर परिवार के लोगों की हत्या की बात करता है।

युवती का कहना है कि मोहम्मद आलम उसे फोन करके और व्हाट्सएप पर मैसेज करके धमकी देता रहता है। युवती द्वारा शेयर किए गए स्क्रीनशॉट में लिखा दिख रहा है, “मैं तुम्हें कहीं मुँह दिखाने लायक नहीं छोडूँगा….. मीडिया मेरा सब कुछ मेरा, हिंदू मुर्दाबाद…. देख लूँगा तुम्हारे योगी सरकार को…।”

इस कहानी को हम शुरू से आपको बताते हैं। यूपी के बलिया की 21 साल की एक हिंदू लड़की प्रयागराज में रहकर नर्सिंग का कोर्स करती थी। इसी बीच कोरोना के दौरान 2021 में उसके पिता की मौत हो गई। वह परेशान रहने लगी।

इसी बीच क्लब हाउस नामक सोशल मीडिया ऐप पर उसे अनुज प्रताप सिंह उर्फ सोनू ने संपर्क किया। दोनों के बीच हल्की-फुल्की बातचीत होने लगी। अनुज को पता चला कि युवती के पिता का देहांत हो गया तो वह सहानुभूति दिखाने लगा। वह युवती के करीब आने के लिए हर जतन कर रहा था।

बताया जा रहा है कि युवती जब बीमार हुई, तब अनुज ने उसकी मदद की। वह लड़की को काशी विश्वनाथ के दर्शन के लिए भी अपने साथ लेकर गया था। लड़की को अनुज पर पूरा विश्वास हो गया था। वह दोनों एक-दूसरे के काफी करीब आ गए। इसके बाद अनुज लड़की को शादी का झाँसा देकर उसे रामबाग स्थित एक होटल में ले गया और उसके साथ संबंध बनाए। यही नहीं उसने लड़की के गर्भवती होने के बाद उसका गर्भपात भी कराया।

इसके बाद दोनों की 24 फरवरी 2022 को कोर्ट मैरिज कर ली। यहाँ आरोपित युवक ने रजिस्टर में भी अपना नाम सोनू उर्फ अनुज प्रताप सिंह ही लिखा। शादी के तीन दिन बाद छात्रा के हाथ मैरिज सर्टिफिकेट लगा। उसमें उसका नाम अनुज प्रताप सिंह उर्फ सोनू नहीं, बल्कि मोहम्मद आलम लिखा मिला। छात्रा को अनुज के बारे पता चला कि वह हिंदू नहीं मुस्लिम है, तो वह उस पर धर्म परिवर्तन का दबाव बनाने लगा।

जब छात्रा ने कहा कि उसने झूठ बोलकर उसका विश्वास तोड़ा है और अब वह उसके साथ नहीं रह सकती तो छात्रा को बुरी तरह मारा-पीटा। उसका मोबाइल छीनकर उसे एक कमरे में कैद कर लिया गया। इस दौरान उसे तरह-तरह की यातनाएँ दी जाने लगीं। नशे का इंजेक्शन भी दिया जाने लगा।

इस दौरान मोहम्मद आलम युवती को प्रताड़ित करता रहा और उस पर अपने भाइयों के साथ शारीरिक संबंध बनाने का दबाव डालने लगा। युवती ने जब मना किया तो उसे बुरी तरह मारा और नशे का इंजेक्शन देकर अपने भाई नूर आलम और मामा के लड़कों से बारी-बारी रेप करवाया। इतना ही नहीं उसने इसका वीडियो भी बना लिया।

छात्रा 13 अगस्त 2022 को उनके चंगुल से छूटकर किसी तरह कर्नलगंज थाने पहुँची और मोहम्मद आलम और उसके भाई नूर आलम के खिलाफ रिपोर्ट लिखवाई। इसके बाद मोहम्मद आलम युवती की माँ को फोन कर धमकी देने लगा। युवती के अनुसार, आलम धमकी देता कि वह उसकी माँ और भाई की हत्या कर देगा।

वह युवती को यह भी धमकी दी कि उसके भाइयों के साथ संबंध का वीडियो उसके पास है। अगर कोर्ट में उसके मन मुताबिक बयान नहीं दिया तो उसे वह वायरल कर देगा और वह कहीं मुँह दिखाने लायक नहीं रहेगी। छात्रा ने बताया, “अपनी विधवा माँ और इकलौते भाई की जान बचाने के लिए उसने मोहम्मद आलम के मुताबिक कोर्ट में बयान दर्ज दे दिया।”

भास्कर की रिपोर्ट के मुताबिक, युवती से मन मुताबिक बयान दिलवाने के बाद मोहम्मद आलम 11 अक्टूबर 2022 को साजिश के तहत उसे कौशांबी ले गया। वहाँ सुनसान जगह ले जाकर उसे गोली मार दी। उसमें से दो गोली छात्रा की पीठ पर लगी, जिसके निशान अभी भी उसकी देह पर हैं।

गोली लगने के बावजूद छात्रा वहाँ से किसी तरह भागने में कामयाब रही और एक गाँव में छिपकर पुलिस को कॉल की। मौके पर पहुँचकर पुलिस ने उसे प्रयागराज के स्वरूप रानी नेहरू चिकित्सालय में भर्ती कराया है। इसके बाद छात्रा की तहरीर पर कोखराज पुलिस ने मोहम्मद आलम और उसके भाई नूर आलम के खिलाफ हत्या की कोशिश का मुकदमा कराई

छात्रा का आरोप है कि इसके बाद मोहम्मद आलम उसकी माँ को को फोन करके दोनों केस वापस लेने की धमकी दे रहा है। वह कह रहा है कि ‘अगर दोनों मुकदमे वापस नहीं लिए तो तुम्हारे परिवार की हत्या करवाकर लाशें गटर में डलवा देंगे’। आरोपित आलम एडवोकेट बताया जा रहा है।

छात्रा को मोहम्मद आलम मैसेज भी किया है, जिसमें लिखा है, ‘307 का मुकदमा वापस ले लो और लव जिहाद वाले में तहरीर मत दो। अगर दोगी तो तुम्हें बदनाम भी करूँगा और तुम्हारे ऊपर एसिड भी फेंकवाउंगा। तुम कुछ नहीं कर पाओगी। तीन दिन के अंदर तुम्हें गोली मरवाउँगा या तुम्हारे चेहरे पर एसिड फेंकवाउँगा’।

छात्रा का कहना है कि ये सब अपराधी हैं और उसके साथ कुछ भी कर सकते हैं। छात्रा कहना है कि एक बार उसकी हत्या की कोशिश कर चुके हैं सब। प्रयागराज में अकेली रहने वाली छात्रा ने प्रयागराज के पुलिस कमिश्नर रमित शर्मा को पत्र लिखा है और न्याय की माँग की है।