जिस आर्थिक बहिष्कार की बात होती है, वह हिंदू आज भी नहीं कर पाए हैं। लेकिन हिंदुओं के छिटपुट प्रयासों और दगाहो-मजारों पर सन्नाटे ने इनकी छटपटाहट बढ़ा दी है।
नीरज चोपड़ा वाले भारत को रणवीर सिंह जैसों की जरूरत नहीं। हमारे समय, प्रेम, पैसे से बनकर बॉलीवुड के भांड हमें ही दबंगई नहीं दिखा सकते। इनकी रस्सी जल चुकी है, बल भी जाएगा ही।
सुप्रीम कोर्ट ने आज नुपूर शर्मा को निश्चित तौर पर ईशनिंदा करने वाला घोषित कर दिया है। ये वही न्यायालय है जिन्होंने कभी गर्व से कहा था कि असहमति ही लोकतंत्र का सुरक्षा कवच है।
भारत के अंदर और बाहर पर्याप्त शत्रु हैं जो भारत को कभी भी सिविल वार की और धकेलने का प्रयास कर सकते हैं। वहाँ केवल सेना काम नहीं आएगी। उस समय ये अग्निवीर बड़ी ताकत साबित होंगे।