आईएएस अधिकारी प्रभात मिश्र ने तहसीलदार के माध्यम से 17 दिसम्बर 1955 में जमीन को आदर्श कॉपरेटिव सोसायटी के नाम करा ली। जबकि उस समय तहसीलदार को नामान्तरण का अधिकार नहीं था।
वृंदावन हम्पी के पास अनेगुंडी में स्थित है, जो यूनेस्को की विश्व धरोहर स्थल है। नव वृन्दावन में माधव परंपरा के 9 संतों की समाधियाँ हैं। इस परंपरा के मानने वाले लोग ब्राह्मण हैं, जो तमिलनाडु और कर्नाटक से लेकर गोवा तक बसे हुए हैं।
गुड़िया जब ज़मीन पर गिर तो हमलावरों ने उस पर कार चढ़ा दी। गुड़िया को बचाने के लिए दौड़ी ताहिरा खातून को भी हमलावरों ने गाड़ी से रौंद दिया। इसके बाद हमलावर घटनास्थल से फ़रार हो गए।
प्रदेश अनुसूचित जाति व अनुसूचित जनजाति आयोग ने सभी आरोपितों पर रासुका के तहत कार्रवाई करने को कहा है। आयोग के अध्यक्ष डीजीपी बृजलाल के मुताबिक़ इस कांड में पुलिस व प्रशासन की लापरवाही सामने आई है।
शमशेर ने FIR में कहीं भी उसे धार्मिक नारे लगाने के लिए मजबूर करने की बात नहीं कही है, लेकिन कुछ लोग अफवाह फैला रहे हैं कि यह प्रकरण धार्मिक नारे लगवाने से सम्बंधित है। ऐसे लोगों की तलाश की जा रही है।
लड़की ने रफ़ीक से निकाह करने पर इनकार कर दिया था। इस बात से आहत रफ़ीक ने ही उसकी गला घोंटकर हत्या कर दी थी। हत्या की इस वारदात को अंजाम देने वाली बात रफ़ीक ने अब क़बूल कर ली है।
अभि, सुशांत और प्रज्वल के खिलाफ 'धार्मिक भावनाओं को आहत' करने के साथ ही अन्य मामलों में केस दर्ज किया गया है। इन तीनों ने ही गाँव के लोगों के साथ मिलकर अंसारी को गाय से दुष्कर्म करते हुए रंगे हाथ पकड़ा था।
"बच्चों को कुरान की शिक्षा देता हूँ। यह (छेड़खानी) 4-5 बार हुआ है।" मौलवी मोहम्मद अहमद ने यह भी कबूला कि उसने बच्ची के साथ 4-5 बार 'गंदी हरकत' की है। वो पीड़ित नाबालिग बच्ची को पढ़ाने जाता था, तो थोड़ी-बहुत छेड़खानी हो गई।
सोनभद्र में जमीनी विवाद को लेकर हुए नरसंहार में पुलिस ने मुख्य आरोपित ग्राम प्रधाम यज्ञदत्त, उसके भाई और भतीजों समेत 26 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। सभी पर हत्या और एससी/एसटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।
ग्राम प्रधान यज्ञवत घुर्तिया ने दो साल पहले एक आईएएस अधिकारी से उम्भा गाँव में 90 बीघा जमीन खरीदी थी। बुधवार सुबह प्रधान घुर्तिया जमीन पर कब्जा करने के लिए कई लोगों को ट्रैक्टर ट्राली से लेकर गाँव पहुँचा था। प्रधान ने ट्रैक्टर से जुताई शुरू की तो ग्रामीणों ने इसका विरोध किया।