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पदयात्रा से पाटी दूरी, माँ का लिया आशीर्वाद, गुरुओं का सम्मान: 28 साल बाद उत्तराखंड के पैतृक घर में CM योगी ने बिताई रात

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ तीन दिन के उत्तराखंड दौरे पर हैं। पहले दिन मंगलवार (3 मई 2022) को वे अपने पैतृक गाँव पंचूर पहुँचे। इस दौरान पहाड़ी रास्ता उन्होंने पैदल ही पूरी की। 28 साल में यह पहला मौका है जब उन्होंने रात अपने पैतृक घर में बिताई। आज वह एक पारिवारिक कार्यक्रम का भी हिस्सा बनेंगे।

सोशल मीडिया पर उनकी एक बेहद खूबसूरत तस्वीर वायरल है। इसमें योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) अपनी माँ के चरण छूकर आशीर्वाद लेते हुए नजर आ रहे हैं। पाँच साल बाद बेटे योगी आदित्यनाथ से मिलकर 84 वर्षीय सावित्री देवी भी काफी भावुक नजर आईं।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, उत्तर प्रदेश के CM योगी आदित्यनाथ 5 साल बाद अपने गाँव पहुँचे हैं। लेकिन संन्यास के 28 साल बाद पहली बार रात यहाँ के पैतृक घर में बिताई है। योगी से मिलने के लिए उनकी तीन बहनें भी माँ के घर आई हैं। वहीं, उनके तीनों भाई भी घर पर ही हैं।

माँ से मिलने से पहले उन्होंने पंचूर से 2 किमी दूर बिथ्याणी में महायोगी गुरु गोरखनाथ राजकीय महाविद्यालय में गुरु अवैद्यनाथ की प्रतिमा का अनावरण किया। गुरु को याद करते हुए सीएम योगी ने भावुक होते हुए कहा, “आज मुझे अपने गुरुओं का सम्मान करने का सौभाग्य मिला। मैं 35 साल बाद अपने अध्यापकों से मिल पा रहा हूँ। मैं आज जो कुछ भी हूँ माता-पिता और गुरु अवैद्यनाथ की वजह से हूँ।” इस दौरान सीएम योगी आदित्यनाथ ने अपने स्कूल के 6 शिक्षकों को शॉल देकर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि मैं यहाँ कक्षा 1 से 9 तक पढ़ा हूँ।

उत्तर प्रदेश के सीएम ने कहा, “उत्तराखंड में भाजपा की सरकार न बनती तो शायद मैं यहाँ आज भी नहीं आ पाता और मैं अपने गाँव भी नहीं आ पाता। कोरोना काल में हमने लोगों को फ्री चिकित्सा की सुविधाएँ दीं। ऐसी ही व्यवस्था हमें अब उत्तराखंड में नजर आती हैं, जब से हमारी भाजपा सरकार यहाँ आई है।”

नंगी औरत, चरित्रहीन, जिस्म दिखा रही… कट्टरपंथियों ने नहीं कबूली TMC सांसद नुसरत जहाँ की ‘ईद मुबारक’, गालियों से नवाजा

त्योहार के मौके पर अक्सर अपनी मजहबी कट्टरता दिखाने वाले इस्लामी कट्टरपंथियों ने इस बार ईद के मौके पर बंगाली अभिनेत्री व तृणमूल कॉन्ग्रेस की सांसद नुसरत जहाँ को निशाना बनाया है। नुसरत का गुनाह इतना था कि उन्होंने एक सफेद रंग के स्लीवलेस और डीप नेक ड्रेस में कैमरे के आगे आकर अपने फैन्स को ईद की बधाई दे दी।

19 सेकेंड की वीडियो में नुसरत ने कहा, “हेलो सभी को। आपको मेरी ओर से ईद की मुबारकबाद। अल्लाह आप के ऊपर और आपके परिवार के ऊपर अनगिनत इनायतें बरसाएँ और आपकी जिंदगी में खुशी के सभी दरवाजे खोले। ये ईद आपके लिए खुशियों से भरी और शांतिपूर्ण हो। ईद मुबारक।”

इस पोस्ट के बाद कट्टरपंथी नुसरत के ऊपर जमकर भड़के। मोहम्मद सैफुल इस्लाम ने उन्हें कहा, “आखिर नंगे होकर ईद त्योहार पर बधाई देने की क्या जरूरत थी।”

एक सोनिरुल हुसैन ने नामक इस्लामी ने कहा, “हम वो लोग हैं जो रोजा रखते हैं, नमाज पढ़ते हैं लेकिन हम चरित्रहीन औरतों से बधाई नहीं लेते।”

मोहम्मद आरिफ ने ईद के मौके पर डीप नेक ड्रेस में नुसरत को देख उनके ऊपर अपनी छाती दिखाने का आरोप लगाया। एक अन्य यूजर ने उन्हें कहा, “नाम की मुसलमान, दो दिन पहले रमजान के नाम पर जिस्म दिखा रही थी। शर्म आनी चाहिए।” इसी तरह ट्विटर पर भी उनके पोस्ट के नीचे अभद्र बातें कहीं गईं। उन्हें अनाप-शनाप कहा गया। उन्हें केवल स्लीवलेस पहनने पर नंगी बोला गया और उनसे शर्म करने को कहा गया।

गौरतलब है कि ये पहली बार नहीं है जब नुसरत को इस्लामी कट्टरपंथियों ने अपने निशाने पर लिया हो। हिंदू युवक से शादी करने और हिंदुओं की पूजा पाठ में शामिल होने का आरोप लगा कर भी इस्लामी नुसरत को गाली देते रहे हैं। कई बार उन्हें मौत की धमकी भी दी गई है। साल 2020 में उन्होंने ‘महालय’ के अवसर पर अपनी एक वीडियो पोस्ट की थी जिसमें वे माँ दुर्गा के तौर पर दिखाई गई थीं। इसके बाद उन्हें इस्लामियों ने काफी गाली दी थी।

उन्हें कहा गया था- ‘तुम्हारा अंत नजदीक आ गया है। अल्लाह से डरो।’ किसी ने उन्हें बतौर मुस्लिम हिंदू देवी का रूप धारण करने पर कहा था- ‘शर्म आनी चाहिए तुम्हें। तुम एक मुस्लिम होकर ये सब करती हो। तुम में कोई भी शर्म नहीं बाकी बची है। तुम जहन्नुम जाने लायक हो। अल्लाह सब देख रहे हैं।” इसके अलावा उन्हें 2019 में पति निखिल जैन के साथ शादी के बाद दुर्गा पूजा करता देख दारुल उलूम देवबंद के मौलाना ने सलाह दी थी कि मुस्लिमों को अल्लाह के अलावा किसी के आगे सिर नहीं झुकाना चाहिए।

ईद की नमाज के दौरान आपस में भी भिड़े मुस्लिम, जम कर की पत्थरबाजी: राजस्थान और यूपी में घटनाएँ, कई गाड़ियाँ क्षतिग्रस्त

उत्तर प्रदेश के सम्भल और राजस्थान के नागौर में ईद की नमाज के दौरान मुस्लिम समुदाय आपस में ही भिड़ गए। इस दौरान जमकर फायरिंग होने और कई लोगों के जख्मी होने की खबर भी सामने आई है। पुलिस के मुताबिक, संभल (Sambhal) में ईद (Eid) की नमाज के बाद सदीरनपुर गाँव में चली ताबड़तोड़ गोलियों से बच्चे सहित चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं, जिसके बाद उनको जिला अस्पताल लाया गया। यहाँ से उनको हाई सेंटर रेफर किया गया है।

ये मामला संभल के थाना असमोली (Asmoli) क्षेत्र का बताया जा रहा है। यहाँ पुरानी रंजिश के चलते मुस्लिम समुदाय के दो पक्षों में विवाद हुआ, जिसमें एक पक्ष पूर्व प्रधान है। दोनों तरफ से फायरिंग, पथराव और लाठी डंडे चलाए गए, जिसमें 4 लोग घायल हुए हैं। पुलिस घटना की जाँच में जुट गई है।

पुलिस ने बताया कि सदीरनपुर में ईद की नमाज के बाद मिलन समारोह के दौरान फिरोज और आकिल में मक्का बीनने के पैसों को लेकर विवाद हो गया, जिसके बाद दोनों पक्षों में पत्थरबाजी और फायरिंग हुई। दोनों पक्ष मुस्लिम हैं। पुलिस आरोपितों की तलाश में जुट गई है।

राजस्थान के नागौर में सांप्रदायिक तनाव

यूपी के अलावा राजस्थान के नागौर में ईद के दिन एक ही समुदाय (मुस्लिम) के दो गुट आपस में भिड़, जिससे इलाके में सांप्रदायिक तनाव पैदा हो गया है। यह घटना नागौर शहर के किदवई मोहल्ले की है। बताया जा रहा ​है कि मौके पर पुलिस बल तैनात कर दी गई है। उन्होंने एक दूसरे पर ​जमकर पत्थरबाजी की, जिससे वहाँ 6 से अधिक वाहन भी क्षतिग्रस्त हो गए। यह पूरी घटना ईद की नमाज अदा करने के दौरान हुई थी। सूचना मिलते ही कोतवाली थाना पुलिस मौके पर पहुँची और स्थिति को नियंत्रित किया।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, किदवई कॉलोनी में मंगलवार (3 मई 2022) को ईद के मौके पर एक पक्ष की लड़कियों पर दूसरे पक्ष के युवकों ने फब्तियाँ कसी थीं। इसके अलावा छेड़छाड़ की बात भी सामने आई है, जिसको लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी हो गई। देखते ही देखते यह कहासुनी मारपीट में बदल गई। करीब 100 से ज्यादा लोग आमने-सामने आ गए और दोनों ओर से जमकर पत्थरबाजी की। इसके बाद उपद्रवियों ने 10-12 बाइकें भी तोड़ दी। वहीं, पत्थरबाजी में 6 लोग घायल हो गए हैं। इसका वीडियो भी सामने आया है।

कोतवाली SHO बृजेन्द्र सिंह ने बताया कि फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है। चारों घायलों का उपचार करवाया जा रहा है। वहीं, नागौर CO विनोद कुमार सीपा ने बताया कि एक ही समुदाय के दोनों पक्षों की तरफ से मामला दर्ज करवाया गया है। चार लोगों को हिरासत में ले लिया गया है।

इंजीनियरिंग कॉलेज की महिला कर्मचारी ने ₹97 लाख का किया गबन, बॉयफ्रेंड ने ऑनलाइन जुए में ₹50 लाख उड़ाए, ओडिशा का मामला

ओडिशा के भुवनेश्वर स्थित एक निजी इंजीनियरिंग कॉलेज की एक महिला कर्मचारी द्वारा कॉलेज के लाखों रुपए की हेराफेरी का मामला सामने आया है। पुलिस ने मंगलवार (3 मई, 2022) को बताया कि उस महिला के बॉयफ्रेंड ने स्वीकार किया है कि उसने महिला से 97 लाख रुपए हासिल किए और ऑनलाइन जुए पर 50 लाख रुपए खर्च कर दिए।

मामले में आगे कार्रवाई करते हुए पुलिस कमिश्नरेट द्वारा महिला एकाउंटेंट के बॉयफ्रेंड विकास कुमार को ट्रांजिट रिमांड पर झारखंड से भुवनेश्वर लाया गया है, और पुलिस उससे पूछताछ की है। पूछताछ के दौरान विकास कुमार ने बताया कि उसने अपनी प्रेमिका से मिले कुल 97 लाख रुपए में से 50 लाख रुपए ऑनलाइन जुए में उड़ा दिए हैं।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, यह बात भी सामने आई है कि विकास कुमार टोमांडो स्थित इंजीनियरिंग कॉलेज का ही पूर्व छात्र हैं, जहाँ महिला एकाउंटेंट काम करती थी।

बता दें कि इंजीनियरिंग कॉलेज की उस महिला कर्मचारी को 29 अप्रैल, 2022 को कॉलेज के 97 लाख रुपए के गबन के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।

तब एसीपी प्रकाश चंद्र पाल ने बताया था कि विकास कुमार ने महिला कर्मचारी को अपने पिता के इलाज के नाम पर कई मदों में पैसा भेजने के लिए राजी कर लिया था। आरोपित महिला बॉयफ्रेंड के झाँसे में आते ही पूरी राशि डिजिटल ट्रांसफर कर दी थी।

हालाँकि, बाद में, उसने कॉलेज के अधिकारियों के सामने पूरी पोल खोल दी थी। वहीं महिला कर्मचारी के खिलाफ टोमांडो पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज करा दी गई थी। बाद में इसी शिकायत के आधार पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया था।

डेनमार्क पहुँचे PM मोदी का हुआ भव्य स्वागत, कई मुद्दों पर बातचीत: कहा – आज हमारे देश में नहीं किया निवेश तो चूक जाएँगे

यूरोप यात्रा के दूसरे दिन मंगलवार (3 मई, 2022) को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) डेनमार्क की राजधानी कोपेनहेगन पहुँचे। एयरपोर्ट पर डेनमार्क की प्रधानमंत्री मेटे फ्रेडरिक्सन ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। कोपेनहेगन पहुँचने के बाद पीएम मोदी ने ट्वीट किया, “कोपेनहेगन पहुँचा हूँ। मैं गर्मजोशी से स्वागत के लिए प्रधानमंत्री फ्रेडेरिक्सेन का बहुत आभारी हूँ। यह यात्रा भारत-डेनमार्क के संबंधों को और मजबूत करने में दूरगामी परिणाम वाली होगी।”

विदेश मंत्रालय ने भी पीएम मोदी की यात्रा को लेकर ट्वीट किया, “डेनमार्क की प्रधानमंत्री ने कोपेनहेगन हवाई अड्डे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का स्वागत किया। दोनों नेता अब डेनमार्क की प्रधानमंत्री के आधिकारिक आवास मारियनबोर्ग जाएँगे।”

पीएम मोदी और डेनमार्क की पीएम मेट फ्रेडरिकसेन के बीच प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता हुई। इस दौरान दोनों पक्षों ने ग्रीन स्ट्रैटजिक पार्टनरशिप में प्रगति की समीक्षा की। विदेश मंत्रालय का कहना है कि उन्होंने कौशल विकास, जलवायु, नवीकरणीय ऊर्जा, आर्कटिक, पी2पी संबंधों आदि के क्षेत्रों में हमारे व्यापक सहयोग पर भी चर्चा की।

भारत-डेनमार्क बिजनेस फोरम में पीएम मोदी ने कहा, “इन दिनों सोशल मीडिया पर फोमो या ‘फियर ऑफ मिसिंग’ शब्द का प्रचलन बढ़ रहा है। भारत में सुधारों और निवेश के अवसरों को देखते हुए, मैं कह सकता हूँ कि जो लोग हमारे देश में निवेश नहीं करते हैं वे निश्चित रूप से चूक जाएँगे।”

पीएम मोदी ने आगे कहा कि भारत और डेनमार्क दोनों देश लोकतंत्र, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता, और कानून के शासन जैसे मूल्यों को तो साझा करते ही हैं, आज हमने इंडो पैसिफिक और यूक्रेन समेत कई वैश्विक मुद्दों पर भी बात की है।

बयान में कहा गया, “हम आशा करते हैं कि इंडिया-ईयू ट्रेड एग्रीमेंट पर बातचीत जल्द पूरी होगी। हमने रूल बेस्ड और फ्री इंडो पैसिफिक क्षेत्र बनाने पर जोर दिया है। हमने यूक्रेन पर तत्काल युद्धविराम और इस मसले का हल बातचीत के जरिए करने पर जोर दिया है। भारत ग्लासगो कॉप 56 में लिए गए संकल्पों को पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। मुझे विश्वास है कि आपके नेतृत्व में भारत और डेनमार्क के संबंध और ऊँचाईं पर जाएँगे।”

ईद पर अमेरिकी राष्ट्रपति बायडेन ने रोहिंग्या को भी किया याद, कहा- दुनिया भर में मुस्लिम हिंसा का शिकार हो रहे, बदलाव की जरूरत’

ईद उल-फितर के अवसर पर सोमवार (2 मई, 2022) को US में व्हाइट हाउस में आयोजित एक समारोह में अमेरिकी राष्ट्रपति जो बायडेन ने कहा कि दुनिया भर में मुस्लिम हिंसा का शिकार हो रहे हैं। इस कार्यक्रम में फर्स्ट लेडी जिल बिडेन, पाकिस्तानी गायक और संगीतकार अरोज आफताब और मस्जिद मुहम्मद के इमाम डॉ. तालिब एम. शरीफ के साथ वक्ताओं में से एक थे, जिन्हें वाशिंगटन डीसी में ‘द नेशन्स मस्जिद’ के रूप में जाना जाता है।

यही नहीं कार्यक्रम के बाद एक ट्वीट में भी जो बायडेन ने कहा, “जिल और मुझे आज रात व्हाइट हाउस में ईद-उल-फितर के स्वागत समारोह की मेजबानी करने के लिए सम्मानित किया गया, और हम दुनिया भर में जश्न मनाने वाले सभी लोगों को अपनी हार्दिक शुभकामनाएँ भेजते हैं। ईद मुबारक!”

अमेरिकी राष्ट्रपति जो बायडेन ने अपने सम्बोधन में इस बात पर जोर देते हुए कहा, “मुस्लिम हर दिन अमेरिका को मजबूत बनाते हैं, भले ही वे अभी भी उस समाज में वास्तविक चुनौतियों और खतरों का सामना कर रहे हैं जिसमें वे रहते हैं।”

जो बायडेन ने कहा कि उन्होंने अंतर्राष्ट्रीय धार्मिक स्वतंत्रता के लिए राजदूत-एट-लार्ज के रूप में सेवा प्रदान करने वाले पहले मुस्लिम को नियुक्त किया है। यह जरूरी है क्योंकि आज दुनिया भर में हम देख रहे हैं कि बहुत से मुस्लिमों को हिंसा का निशाना बनाया जा रहा है। किसी को भी उनके धार्मिक आस्थाओं के लिए प्रताड़ित नहीं किया जाना चाहिए।

उन्होंने आगे यह भी कहा, “आज, हम उन लोगों को भी याद करते हैं जो इस पवित्र दिन को नहीं मना पा रहे हैं। इनमें उइगर, रोहिंग्या और वे सभी मुस्लिम शामिल हैं जो अकाल, हिंसा, संघर्ष और बीमारी का सामना कर रहे हैं।”

बायडेन ने कहा, “और उस दुनिया के प्रति आशा और प्रगति के संकेतों का सम्मान करें, जिसे हम देखना चाहते हैं, जिसमें युद्धविराम भी शामिल है, जिसने यमन में लोगों को रमजान का सम्मान करने और छह साल में पहली बार शांति से ईद मनाने की अनुमति दी।”

उन्होंने अपने सम्बोधन में आगे कहा, “लेकिन साथ ही, हमें यह स्वीकार करना होगा कि विदेशों में और यहाँ घर पर भी बहुत काम किया जाना बाकी है। मुसलमान हमारे देश को हर दिन मजबूत बनाते हैं, भले ही वे अभी भी हमारे समाज में वास्तविक चुनौतियों और खतरों का सामना करते हैं, जिनमें लक्षित हिंसा और इस्लामोफोबिया भी शामिल हैं।”

बायडेन ने अपने सम्बोधन में यह भी कहा, “मुस्लिम अमेरिकियों के लिए अमेरिका को अधिक न्यायसंगत, अधिक समावेशी बनाना अधिक संपूर्ण संघ बनाने के लिए स्थायी कार्य का एक अनिवार्य हिस्सा हैं।” उन्होंने कहा, “हम दुनिया के पूरे इतिहास में एकमात्र राष्ट्र हैं जो किसी धर्म, नस्ल, जातीयता, भूगोल के आधार पर नहीं बल्कि एक विचार पर आधारित है। इसके बारे में सोचें।”

राज ठाकरे पर महाराष्ट्र में FIR, 100 मनसे कार्यकर्ताओं को नोटिस: कुल 15000 लोगों के खिलाफ पुलिसिया कार्रवाई

औरंगाबाद में महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) प्रमुख राज ठाकरे (MNS chief Raj Thackeray) और उनकी सार्वजनिक रैली के आयोजकों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। इससे पहले मुंबई पुलिस ने सीआरपीसी की धारा 149 के तहत मनसे नेता नितिन सरदेसाई और बाला नंदगांवकर सहित कम से कम 100 लोगों को नोटिस जारी किया था।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुता​बिक, औरंगाबाद में राज ठाकरे की सार्वजनिक रैली की क्लिपिंग सामने आने के बाद पुलिस ने यह मामला दर्ज किया है। रैली में मनसे प्रमुख ने अपने समर्थकों से कहा था, “अगर 4 मई तक लाउडस्पीकर नहीं हटाए गए, तो मस्जिदों के बाहर हनुमान चालीसा का पाठ शुरू किया जाएगा।”

मालूम हो कि रविवार (1 मई, 2022) को औरंगाबाद की रैली में राज ठाकरे ने महाराष्ट्र सरकार पर जमकर हमला बोला था। उन्होंने एक बार फिर अल्टीमेटम देते हुए कहा था, “कल दो मई है, 3 मई को ईद है, इसके बाद 4 मई को हम नहीं सुनेंगे। जहाँ-जहाँ लाउडस्पीकर्स लगे हुए हैं, वहाँ हनुमान चालीसा का पाठ किया जाएगा।”

महाराष्ट्र के पुलिस महानिदेशक (DGP) के कार्यालय के अनुसार, सीआरपीसी और महाराष्ट्र पुलिस अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत राज्य में अब तक 15000 से अधिक लोगों के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जा चुकी है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, राज ठाकरे पर समुदायों के बीच द्वेष पैदा करने का मामला दर्ज किया गया है। भारतीय दंड संहिता की धारा 153 के तहत ये मामला दर्ज हुआ है। साथ ही धारा 116 और 117 भी लगाई गई है। इससे पहले रैली को लेकर राज ठाकरे और एमएनएस कार्यकर्ताओं को पुलिस की तरफ से नोटिस जारी किया गया था। धारा 149 के तहत भेजे गए इस नोटिस में कहा गया था कि रैली में नियमों का उल्लंघन किया गया है।

बता दें कि राज ठाकरे के खिलाफ मजिस्ट्रेट कोर्ट ने 6 अप्रैल को गैर-जमानती वारंट (Non-bailable warrant) जारी भी किया था। ये गैर जमानती वारंट सांगली के शिराला में मजिस्ट्रेट कोर्ट ने 6 अप्रैल को मनसे प्रमुख राज ठाकरे के खिलाफ 2008 के एक मामले के संबंध में आईपीसी की धारा 143, 109, 117, 7 और बॉम्बे पुलिस अधिनियम के 135 के तहत जारी किया गया था। कोर्ट ने मुंबई पुलिस आयुक्त के गैर जमानती वारंट के तहत मनसे प्रमुख राज ठाकरे की गिरफ्तारी का आदेश दिया था। हालाँकि इसके बावजूद मुंबई पुलिस ने अभी तक गिरफ्तारी पर अमल नहीं किया है।

डीजीपी कार्यालय ने यह भी बताया कि मनसे कार्यकर्ताओं सहित राज्य भर में 13,054 लोगों के खिलाफ सीआरपीसी की धारा 149 के तहत नोटिस जारी किए गए हैं। महाराष्ट्र के डीजीपी रजनीश सेठ ने कहा कि पुलिस कानून-व्यवस्था से जुड़े सभी मुद्दों से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है। सेठ ने कहा कि राज्य में सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ पुलिस कार्रवाई करेगी। उन्होंने कहा कि मध्य मुंबई को मनसे का गढ़ माना जाता है। इस इलाके में कोई भी अप्रिय घटना ना हो, इसके लिए सभी एहतियात बरत रही है।

परमजीत ने दोस्त दीपक यादव को बुलाया, हत्या कर के जला दिया शव: लेटर में लिखा – हाथ-पैर नहीं तोड़ता, ज़िंदा जला देता हूँ

राजस्थान के अलवर से एक रोंगटे खड़े कर देने वाली घटना सामने आई है। यहाँ के शख्स ने अपने दोस्त की सिर्फ इसलिए हत्या कर दी, क्योंकि युवक का आरोपित के गर्लफ्रेंड के साथ अफेयर था। घटना अलवर के लिवारी गाँव का है। आरोपित का नाम परमजीत और मृतक का नाम दीपक यादव बताया जा रहा है।

दैनिक भास्कर की रिपोर्ट के मुताबिक, दोनों दोस्त थे। अपनी गर्लफ्रेंड के साथ अफेयर की बात पता चलने पर परमजीत ने दीपक की 12 अप्रैल को अपने घर बुलाकर हत्या कर दी और शव को जला दिया। इतना ही नहीं, इस वारदात को अंजाम देने के बाद परमजीत ने अपनी गर्लफ्रेंड को लेटर भी लिखा। उसने लेटर में लिखा था, “मेरी गंदी आदत है कि मैं हाथ-पैर नहीं तोड़ता, मौका मिलने पर जिंदा जला देता हूँ। दोस्ती में गद्दारी करने वाले को बिल्कुल नहीं छोड़ता हूँ। तू उसके पास जाएगी तो नुकसान होगा। विश्वास नहीं होता तो देख लेना।”

आरोपित ने इस लेटर में दीपक का नाम लिखा था। यही लेटर परमजीत के गिरफ्तारी का आधार बना। दरअसल इस घटना से बेखबर दीपक के घरवालों ने पुलिस स्टेशन में उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। इस पर कार्रवाई करते हुए पुलिस को दीपक के कॉल डिटेल से परमजीत पर शक हुआ। इसके बाद पुलिस आरोपित के गर्लफ्रेंड के पास पहुँची जहाँ से यह लेटर मिला। पूछताछ करने पर लड़की ने यह लेटर आरोपित द्वारा लिखे जाने की बात कही।

इसी लेटर के आधार पर पुलिस आरोपित के पास पहुँची और सोमवार (2 मई, 2022) को उसे गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान आरोपित परमजीत ने हत्या करने की बात कबूल ली है। हालाँकि, पुलिस का कहना है कि शव के मिलने पर ही पूरी बात स्पष्ट हो पाएगी, लेकिन घटना के इतने दिनों बाद शव का अवशेष मिलना मुश्किल है, क्योंकि शव को जला दिया गया था। मामले में आगे की जाँच की जा रही है।

जोधपुर में 40 गाड़ियाँ तोड़ी, युवक की पीठ में छुरा घोपा: कर्फ्यू के बावजूद ईद की नमाज के बाद सड़क पर उतरी मुस्लिम भीड़, फेंके तेज़ाब वाले बोतल

राजस्स्थान के जोधपुर में लगातार दूसरे दिन भी हिंसा भड़कती रही, वो भी तब जब जिले के कई हिस्सों में कर्फ्यू लगा हुआ है। एक बार फिर पूरी साजिश के तहत दंगाई सड़क पर निकले और उन्होंने जम कर हिंसा की। घरों के ऊपर तेजाब से भरी बोतलें फेंकी गईं। तलवारें लहराई गईं। ‘कबूतरों का चौक’ नामक जगह पर दीपक परिहार नामक एक युवक की पीठ में छुरा घोंप दिया गया। महात्मा गाँधी अस्पताल में उक्त युवक का इलाज चल रहा है, जहाँ उसकी पीठ में से चाकू निकाला गया।

दंगाइयों ने जोधपुर शहर के 14 से अधिक मोहल्लों में मंगलवार (3 मई, 2022) को उत्पात मचाया। जालोरी गेट से ये दंगा शुरू हुआ और शहर की कई गलियों में पसर गया। जालपा मोहल्ले में विधायक के घर के बाहर ही बाइक को फूँक दिया गया। दंगाइयों ने बाइकों से मजहबी नारों के साथ रैली भी निकाली और सोनारो मोहल्ला में तलवारें लहराते हुए पहुँच कर लोगों के घरों पर तेजाब भरी बोतलें और पत्थर फेंके। बचाव के लिए स्थानीय लोगों को भी सामने आना पड़ा।

हर मोहल्ले में अलग-अलग गुट को दंगा करने के लिए भेजा गया था। इस दौरान 40 से अधिक गाड़ियों में तोड़फोड़ किया गया और विरोध करने आए लोगों की पिटाई की गई। इससे पहले हुए दंगों में शहर के कई एटीएम बूथ तोड़े जा चुके हैं। ताज़ा हिंसा में कई पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं। जोधपुर के 10 इलाकों में कर्फ्यू लगा हुआ है। केंद्रीय जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा है कि दंगाई भीड़ मजहबी नारेबाजी करती रही और पुलिस देखती रही।

उन्होंने कहा, “मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के गृह जिले में हिंसा हो रही है, लेकिन एक दिन तक उन्होंने कोई ट्वीट तक नहीं किया। फिर उन्होंने गुलदस्ते लेकर न आने की अपील की। रोम जल रहा था और नीरो बाँसुरी बजा रहा था – ये वही बात हो गई। सीएम का शहर जल रहा था और वो गुलदस्ते लेने में व्यस्त थे।” स्वतंत्रता सेनानी बालमुकुंद बिस्सा की प्रतिमा पर भी इस्लामी झंडे लगा दिए गए। परशुराम जयंती पर लगे केसरिया झंडे को हटा दिया गया।

दंगाइयों को खदेड़ने के लिए पुलिस को आँसू गैस के गोले छोड़ने पड़े और बल प्रयोग भी करना पड़ा। मुस्लिम युवकों ने सर्किल पर लगे हिन्दू ध्वज को अपमानित करते हुए हटा दिया। नमाज के बाद दंगे की घटनाएँ शुरू हुईं। फ़िलहाल बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों को वहाँ तैनात किया गया है। ईदगाह के चारों तरफ भी पुलिस बलों को तैनात किया गया है। भाजपा इन घटनाओं को लेकर अशोक गहलोत के नेतृत्व वाली कॉन्ग्रेस सरकार पर हमलावर है।

किच्चा सुदीप और अजय देवगन के विवाद पर बोले सोनू निगम – ‘संविधान में नहीं लिखा हिंदी राष्ट्रभाषा है, तमिल सबसे पुरानी’

गायक सोनू निगम ने कन्नड़ अभिनेता किच्चा सुदीप और बॉलीवुड अभिनेता अजय देवगन के बीच हिंदी भाषा को लेकर हुए विवाद पर प्रतिक्रिया दी है। हिंदी भाषा में बातचीत की केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान के बाद दक्षिण भारतीय सिनेमा की कई हस्तियों ने इस पर प्रतिक्रिया दी है। सोनू निगम ने कहा कि संविधान में कहीं नहीं लिखा हुआ है कि हिंदी हमारी राष्ट्रभाषा है। उन्होंने तमिल को सबसे पुरानी भाषा करार दिया।

सोनू निगम ने कहा कि ये विवाद चलता रहता है कि संस्कृत और तमिल में ज्यादा पुरानी भाषा कौन सी है, लेकिन ज्यादातर लोग मानते हैं कि तमिल ही प्राचीनतम है। सोनू निगम ने सलाह दी कि नई समस्याओं और मुद्दों को शुरू करने से पहले ज़रूरी है कि देश में मौजूद समस्याओं को हल किया जाए। सोनू निगम ने पूछा कि आखिर तमिल वाले हिंदी क्यों बोलेंगे? साथ ही उन्होंने देश को धर्म और क्षेत्र के आधार पर विभाजित न करने की भी सलाह दी।

सोनू निगम ने कहा, “पड़ोसी देशों को देखिए। क्या हमारे पास पहले से कम समस्याएँ हैं जो हम नई खड़ी कर रहे हैं? लोगों को उस भाषा का इस्तेमाल करने दीजिए, जिसमें वो बोलते हैं। हम किसी को क्यों बोल रहे हैं कि तुम्हें फलाँ भाषा ही बोलनी है।” कई भाषाओं में गाने गा चुके सोनू निगम ने ये भी याद दिलाया कि भारत की अदालतें अधिकतर अंग्रेजी में ही अपने फैसले सुनाती हैं। उन्होंने कहा कि जिसे जिस भाषा में सुविधा है, उसे उसमें बात करने दी जानी चाहिए।

हाल ही में अजय देवगन ने किच्चा सुदीप से पूछा था, “आपके अनुसार अगर हिंदी हमारी राष्ट्रीय भाषा नहीं है तो आप अपनी मातृभाषा की फ़िल्मों को हिंदी में डब करके क्यों रिलीज़ करते हैं? हिंदी हमारी मातृभाषा और राष्ट्रीय भाषा थी, है और हमेशा रहेगी। जन गण मन।” इस पर सुदीप ने जवाब दिया था, “इसे गलत संदर्भ में समझा गया। यह बयान किसी को चोट पहुँचाने, उकसाने या कोई बहस शुरू करने के लिए नहीं था। मैं अपने देश की हर भाषा से प्यार और सम्मान करता हूँ।”