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छिपाता रहा वामपंथी मीडिया, बताता रहा OpIndia: नूंह हिंदू-विरोधी हिंसा, AMU में ISIS मॉड्यूल, हल्द्वानी का लैंड जिहाद… 2023 की टॉप-10 ग्राउंड रिपोर्ट

ग्राउंड रिपोर्टिंग एक ऐसा माध्यम है जो पाठकों के बीच मीडिया संस्थान की विश्वसनीयता को बढ़ाता है और हर वो पक्ष सामने रखने में मदद करता है जो बाकी जगह मौजूद नहीं होता।

साल 2023 में हमने ऐसी कई ग्राउंड रिपोर्ट कीं। फिर चाहे वो AMU और ISIS के बीच निकले कनेक्शन पर हो, मुख्तार अंसारी के इलाके में जाकर उसके काले चिट्ठे का पता लगाना हो। हमने नूँह में हुई हिंसा पर भी हर खबर पहुँचाई थी और हल्दवानी में रेलवे की जमीन पर होते कब्जे की भी। हमने साहिल साक्षी हत्याकांड का भी खुलासा किया था और ये भी बताया था कि कैसे शिव बारात से पहले श्रद्धालुओं पर जामा मस्जिद से पथराव हुआ।

साल 2023 खत्म होने को है तो एक बार फिर ऑपइंडिया द्वारा कवर की गई टॉप 10 ग्राउंड रिपोर्ट को संक्षिप्त तरीके से आपको याद दिला रहे हैं ताकि आपका विश्वास हमारी रिपोर्ट्स पर हमेशा बरकरार रहे।

1. नूंह हिंदू-विरोधी हिंसा की ग्राउंड रिपोर्ट: हरियाणा के नूंह इलाके में जलाभिषेक यात्रा निकाल रहे हिन्दुओं पर हमला किया गया। ऑपइंडिया ने यहाँ पहुँच ग्राउंड रिपोर्टिंग की। कुछ ऐसी बातें जो मेनस्ट्रीम मीडिया छिपा रही थी, हमने पाठकों तक उसे पहुँचाई।

  • इसमें एक थी अभिषेक की हत्या। उसे न सिर्फ गोली मार दी गई बल्कि उनका गला काटकर सिर को पत्थरों से कूच दिया गया। यह सब ISIS और तालिबान के स्टाइल में किया गया।
  • शक्ति सैनी तो नूंह की जलाभिषेक यात्रा में शामिल भी नहीं थे। मुस्लिम दंगाइयों ने उन्हें भी मार डाला। शक्ति सैनी मिठाई की दुकान में काम करते थे। उन्हें दुकान से अपहरण कर कहीं और ले जाया गया और बाद में मारकर फेंक दिया गया।
  • प्रदीप कुमार नल्हड मंदिर के पास हुए हमले में सुरक्षित बचा कर नूंह पुलिस लाइन तक लाए गए थे। लेकिन मुस्लिम दंगाई भीड़ को उनकी सटीक मुखबिरी मिली। वो जैसे ही पुलिस लाइन से घर जाने लगे, घेर कर मार डाला।
  • नूंह हिंदू-विरोधी हिंसा में एक गुरुकुल में घुस रही थी मुस्लिम भीड़। वो मंजर इतना खौफनाक था कि वहीं काम करने वाला एक व्यक्ति ‘विक्षिप्त’ सा हो गया। मुस्लिम बाहुल्य भाड़स गाँव के इस गुरुकुल को 1992 में बाबरी ढाँचा ध्वस्त होने के बाद तबाह कर दिया गया था।

2. साहिल-साक्षी हत्याकांड की ग्राउंड रिपोर्ट: दिल्ली के शाहबाद डेयरी में हुई साक्षी की निर्मम हत्या पर आपने जो रिपोर्ट्स हमारी साइट पर पढ़ी उसकी एक-एक जानकारी ग्राउंड रिपोर्ट पर जाकर एकत्रित की गई थी।

  • ग्राउंड रिपोर्टिंग से ही हमें पता चला कि जहाँ साक्षी की हत्या हुई वहाँ से थोड़ी दूर AAP विधायक का भी ऑफिस था, जिन्होंने हत्या के बाद फौरन अपने कार्यालय से बैनर हटवा लिए थे ताकि किसी को पता न चले घटना कार्यालय के पास की है।
  • इलाके में एक अवैध मजार भी मिली। पूछा तो पता चला कुछ समय से इस इलाके में बांग्लादेशियों की भी घुसपैठ है। पब्लिक पार्क पर मुस्लिम आबादी ने कब्जा कर लिया है। लड़कियाँ घूमती है तो उनसे छेड़खानी होती है। लव जिहाद के भी मामले इलाके से आते रहते हैं।

3. हल्द्वानी में रेलवे की जमीन पर कब्जे की ग्राउंड रिपोर्ट– साल की शुरुआत में हल्दवानी में सरकारी जमीन को कब्जे से मुक्त का आदेश आया था। इसके बाद हल्ला मचाया गया कि मुस्लिमों से उनकी जमीन ली जा रही है। वामपंथी मीडिया ने इस नैरेटिव को फैलाने में खूब साथ दिया। लेकिन जब हम ग्राउंड पर गए तो तस्वीर कुछ और थी।

  • ग्राउंड पर हमें इलाका शांत मिला। जब पूछा वो प्रदर्शनकारी कहाँ गए जिन्हें मीडिया दिखा रहा है तो पता चला कि वो लोग सिर्फ तब जुटते हैं जब वामपंथी मीडिया आए।
  • हमने इस दौरान ये भी देखा कि एक पत्रकार उस भीड़ को क्लास दे रहा था कि क्या, कैसे, कितना बोलना है और बता रहा था वो उनकी बात द वायर पर चलाएगा।
  • थोड़ी देर ग्राउंड पर और रुके तो एक मुस्लिम शख्स मिला जिसने बताया कि वो लोग तो यहाँ सालों से बिना जमीन खरीदें रह रहे हैं।
  • बातचीत में यह भी सामने आया कि सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा किए रखने के लिए ये लोग महिलाओं और बच्चों का भी इस्तेमाल करते हैं। इसमें मदरसे के हाफिज और लोकल नेता सब सपोर्ट करते हैं।
  • फिर भी मीडिया उनका पक्ष दिखाती है लेकिन हल्दवानी में जिन हिंदुओं की जमीन मुस्लिम कब्जाते हैं, उनके मंदिर तोड़ते हैं, उन्हें त्योहार नहीं मनाने देते… उस पर कोई कवरेज नहीं होती, न सवाल उठाया जाता है।

4. राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य पुनर्वास संस्थान (NIMHR) का मदरसे सा हाल: इस बारे में साल की शुरुआत जनवरी में ही पता चला था कि जिस NIMHR का उद्घाटन पीएम मोदी ने किया उसे इस संस्थान के डिप्टी रजिस्ट्रार मोहम्मद अशफाक ने मदरसे सा बना दिया है।

  • संस्थान के छात्रों ने तीन पन्नों का लेटर अशफाक के खिलाफ PMO को भेजा था जिसमें आरोप थे कि वो मनमाने ढंग से संस्थान चलाता है। हिंदू चरित्रों के बारे में उल-जुलूल बात करता है।
  • इस मामले पर ऑपइंडिया ने विस्तृत रिपोर्ट की थी जिसपर संज्ञान लेकर PMO ने जाँच शुरू की थी और ABVP ने भी डिप्टी रजिस्ट्रार के खिलाफ प्रदर्शन किया था।
  • अंत में फैसला आया था कि NIHMR ने डिप्टी रजिट्रार अशफाक को निकाल दिया है।

5. पलामू में शिव बारात पर हमला, जामा मस्जिद से पथराव: झारखंड के पलामू में फरवरी को महाशिवरात्रि के लिए तोरणाद्वार लगा रहे श्रद्धालुओं पर पथराव और आगजनी की घटना सामने आई थी। ऑपइंडिया ने जब इसकी ग्राउंड से पड़ताल की तो कुछ बिंदु सामने आए।

  • लोकल सामाजिक कार्यकर्ता से बात के दौरान पता चला कि पलामू में ये हमला जामा मस्जिद से हुआ था। भीड़ ने मस्जिद की छत से हिंदुओं पर पेट्रोल बम तक फेंके थे।
  • उसके बाद अपनी ही दुकान तोड़कर हिंदुओं को फँसाने की साजिश भी रची गई थी। कार्यकर्ता ने इस घटना को गजवा-ए-हिंद का ट्रायल बताया था।
  • इस घटना पर प्रशासन पर एक तरफा कार्रवाई करने के आरोप लगे थे। साथ ही ये भी कहा गया था कि हिंदू पुरुषों की तलाश में महिलाओं से मारपीट की गई।
  • इतना ही नहीं कुछ दिन बाद पत्रकार कमलेश कुमार सिंह पत्रकार के साथ भी पुलिस ने निर्ममता से मारपीट की थी। इसमें उनका सिर फूट गया था। महिलाओं के रोने-पीटने पर उन्हें लहूलुहान करके छोड़ा था।

6.दिल्ली के कट्टर ईसाई अधिकारी ने दोस्त की बेटी से किया रेप: अगस्त माह में दिल्ली सरकार के महिला एवं बाल विकास मंत्रालय में डिप्टी डायरेक्टर प्रेमोदय खाखा पर एक बच्ची के साथ बलात्कार का आरोप लगा था। ऑपइंडिया ने इस पर भी रिपोर्ट की थी। 

  • हमारी पड़ताल में निकल कर आया कि प्रेमोगय खाखा सरकारी अधिकारी होते हुए कट्टर ईसाई था। उसने पहले अपने ही दोस्त की मृत्यु के बाद उसकी बेटी से 3 माह तक रेप किया था और उसकी पत्नी बच्ची को गर्भपात की दवाई देती थी।
  • आगे की छानबीन में ये निकलकर आया कि खाखा ने सिर्फ बच्ची से दुष्कर्म नहीं किया था। ऑफिस में भी वो 3 अन्य महिलाओं का उत्पीड़न कर चुका था।
  • सबसे हैरान करने वाली बात यह थी कि दिल्ली हाई कोर्ट इस बाबत आप सरकार को कई पत्र लिख चुकी थी मगर उन्होंने कोई कार्रवाई नहीं थी।

7. मुख्तार अंसारी सीरीज: योगी सरकार ने जब से मुख्तार अंसारी के खिलाफ कार्रवाई शुरू की, तब से ये मुद्दा गरमाया हुआ था। ऐसे में हमने मुख्तार के काले चिट्ठों पर स्थानीयों से बात करके ग्राउंड रिपोर्ट की।

  • इस दौरान पता चला कि गैंगस्टर मुख्तार ने अंसारी यूनिवर्सिटी बनाने के लिए मंदिर की करोड़ों रुपए की जमीन पर कब्जा किया था और अधिकारी उसे खाली कराने से भी डरते थे।
  • मुख्तार का खौफ पुलिस में इतना था कि अधिकारी उसके डर से सूअर पकड़ने के लिए पानी में घुस जाते थे। वह पत्रकारों को राइफल से पीटता था और बड़े से बड़ा नेता या पुलिस अधिकारी कुछ नहीं कह पाते थे।
  • ग्राउंड रिपोर्टिंग के दौरान हमें ये भी पता चला कि वो मुख्तार जिसके खौफ से मऊ कांपता था वो एक समय में ब्लैक टिकट बेचता था। इसके अलावा जो उसके दादा के ब्रिगेडियर होने की कहानी भी स्थानीयों ने झूठी बताई।
  • उस पर दर्ज हत्या के केसों और उनसे जुड़ी कहानियों को भी हमने इसी दौरान रिपोर्ट किया था।

8.योग कारोबार हुआ ₹8 लाख करोड़ पार: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू किया गया योग कॉन्सेप्ट आज जमीनी स्तर और बाजार के स्तर पर कैसे फल फूल रहा है। इस पर हमने योग टीचरों से बात करते हुए एक रिपोर्ट की थी।

  • इसमें मुख्यत: बताया गया था कि कैसे योग एक करियर की तरह उभरा है जिसमें महिलाएँ सक्रिय होकर अपना भविष्य बना रही हैं। इसके अलावा WHO ने भी योग का लोहा माना है और अमेरिका में इसका कितना क्रेज बढ़ा है इस सब पर हमने इस रिपोर्ट में बताया था।
  • ग्लोबल योगा मार्केट की रिपोर्ट का हवाल देकर बताया था कि 2022 में योग का कारोबार 8 लाख करोड़ रुपए पहुँच चुका है।

9.ऋषिकेश में थीं घरों में दरगाहें, करवाई गई ध्वस्त- सितंबर 2023 में ऋषिकेश में तोड़ी जाने वाली दरगाहों को लेकर खबर आई। ऑपइंडिया ने इस मामले पर स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ता चंद्रभूषण शर्मा से बात करके पूरा मामला समझा किया।

शर्मा ने बताया कि ऋषिकेश व आसपास 200 से अधिक मजारें घरों के अंदर बन चुकी हैं। इन घरों में पुरोहित से लेकर सैनिक और व्यापारियों के घर भी थे। जब इस बात पर प्रश्न उठे तब स्थानीयों को समझाकर उन मजारों को तुड़वाने का कार्य हुआ।

10. AMU ISIS सीरीज: उत्तर प्रदेश पुलिस की एटीएस ने इस वर्ष जब अलीगढ़ ISIS मॉड्यूल का खुलासा किया तो ऑपइंडिया ने हर कार्रवाई की खबर आप पर सक्रिय रूप से पहुँचाई और इन आतंकियों का अलीगढ़ यूनिवर्सिटी से क्या कनेक्शन था ये भी बताया।

  • इस सीरीज के दौरान चाहे AMU से पीएचडी करने वाले ISIS आतंकी वजीउद्दीन की छत्तीसगढ़ से गिरफ्तारी की बात हो या उसकी सास की अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में नौकरी करने की… हमने हर पहलू को आपके सामने रखा।
  • ये भी बताया कि अलीगढ़ ISIS मॉड्यूल के कुल 7 आतंकी एटीएस ने पकड़े हैं और अब्दुल-फैजान नाम के आतंकियों को वो तलाश रहे हैं, जिनपर 25 हजार का इनाम भी रखा गया है।
  • इसके अलावा इनके मकसद, इनके कट्टरपंथी कनेक्शन, इनकी जिहाद की बैयत, किस ऐप से एक दूसरे से जुड़े थे, कैसे हथियार जमा कर रहे थे ये सब हमने अपनी रिपोर्ट में आपको बताया था।

राजस्थान के रेगिस्तान में आएगा ‘चक्रवात’, पहुँच रही UAE की सेना: ‘जायद तलवार’ के बाद अब ‘डेजर्ट साइक्लोन’

भारत और संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के बीच संयुक्त सैन्य अभ्यास होने वाला है। इसे नाम दिया गया है ‘Desert Cyclone’, जिसका समान हिंदी अर्थ लगाएँ तो इसे ‘रेगिस्तानी तूफ़ान’ कहा जा सकता है। हालाँकि, संयुक्त सैन्य अभ्यासों को इस तरह का नाम दिया जाना कोई नई बात नहीं है। राजस्थान में 2 जनवरी से लेकर 15 जनवरी तक भारत-UAE की सेनाओं का संयुक्त सैन्य अभ्यास चलेगा। ‘डेजर्ट साइक्लोन 2024’ के तहत दोनों सेनाएँ मिल कर ड्रिलिंग करेंगी।

शहरी इलाकों में ऑपरेशन चलाने को लेकर दोनों एक-दूसरे के साथ अपने अनुभव साझा करेंगे। साथ ही कई नई चीजें भी साथ मिल कर सीखेंगे। भारतीय सेना ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल ने इस ऑपरेशन के बारे में जानकारी दी है। भारत और UAE के बीच संबंध काफी पुराने हैं। आर्थिक रूप से खासकर दोनों देश एक-दूसरे से जुड़े हुए हैं। रक्षा उपकरणों के निर्माण, विकास और रख-रखाव से लेकर सूचनाएँ एवं सिद्धांतों को साझा करने के लिए भी जॉइंट मिलिट्री ऑपरेशन्स का इस्तेमाल किया जाता है।

हाल के दिनों में डिफेंस ट्रेनिंग और डिफेन्स इन्वेंट्री की सप्लाई के मामले में भी भारत और UAE ने एक-दूसरे के साथ सहयोग किया है। थोड़ा पीछे जाएँ तो सितंबर 2008 में दोनों देशों की वायुसेनाओं ने अबुधाबी स्थित अल-धफरा बेस पर संयुक्त अभ्यास किया था। अबुधाबी में हर 2 वर्ष पर होने वाले ‘इंटरनेशनल डिफेन्स एक्सहिबिशन (IDEX)’ में भी भारत नियमित रूप से हिस्सा लेता रहा है। अब राजस्थान के थार रेगिस्तान में दोनों देशों की सेनाएँ मिल कर अभ्यास करेंगी।

दो देशों की सेनाएँ साथ मिल कर इसीलिए भी अभ्यास करती हैं, ताकि एक-दूसरे की काबिलियत को भी सीख सकें। हर देश की सेना अलग-अलग भौगोलिक परिस्थितियों में काम करने को लेकर दक्षता रखती है। इसी साल 2023 में भारतीय नौसेना के ‘INS विशाखापत्तनम’ और ‘INS त्रिकांड’ ने कमांडर ऑफ रियर एडमिरल विनीत मैकार्टी के नेतृत्व में ‘वेस्टर्न फ्लीट (FOCWF)’ ने ‘ज़ायद तलवार’ नामक द्विपक्षीय अभयास में UAE की नौसेना के साथ अभ्यास में हिस्सा लिया था।

आधिकारिक रूप से भारत और UAE के बीच कूटनीतिक रिश्ते 1972 से शुरू हुए, जब UAE ने नई दिल्ली में अपना दूतावास खोला। इसके अगले ही साल भारत ने भी UAE में अपना दूतावास स्थापित किया। दोनों देशों के नौसेना जहाज आपस में संपर्क में रहते हैं और नियमित रूप से एक-दूसरे के साथ सहयोग करते हैं। UAE में भारत के क्रिकेट टूर्नामेंट IPL का आयोजन भी हो चुका है। UAE एक समृद्ध देश है, जहाँ भारत के कई लोग काम भी कर रहे हैं।

2024 में BJP आई तो छीन लेगी वोट देने का अधिकार: PM मोदी के अयोध्या रोड शो के बाद तिलमिलाए अखिलेश यादव, रोया ‘संविधान बचाने’ का रोना

समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने दावा किया है कि भाजपा 2024 में सत्ता में आने के बाद लोगों को वोट नहीं देने देगी। अखिलेश यादव ने ये दावा उत्तर प्रदेश के एटा में एक जनसभा को संबोधित करते हुए कहा। अखिलेश यादव ने इसके अलावा उत्तर प्रदेश में 2024 लोकसभा में सभी सीटें जीतने का दावा भी किया है। उन्होंने कहा कि यह लोकसभा चुनाव संविधान बचाने को लेकर लड़ा जाएगा। हालाँकि, उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि संविधान किससे खतरे में हैं।

गौरतलब है कि अखिलेश यादव का यह बयान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अयोध्या में रोड शो के बाद आया है। प्रधानमंत्री मोदी ने 30 दिसंबर, 2023 को अयोध्या में श्रीराम मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा से पहले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए नए अयोध्या जंक्शन और एयरपोर्ट का लोकार्पण किया। इसी के साथ प्रधानमंत्री को मिले भारी जनसमर्थन से भाजपा ने 2024 के लोकसभा चुनावों की टोन सेट कर दी है।

सपा के मुखिया अखिलेश यादव एटा में जनसभा को संबोधित करने और मेजर केपी सिंह यादव की प्रतिमा का अनावरण करने पहुँचे थे। गौरतलब है कि एटा की लोकसभा सीट पर अभी उतर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह के बेटे राजवीर सिंह भाजपा से सांसद हैं। यह सीट 2004 के बाद से सपा नहीं जीत पाई है जबकि यह अखिलेश के गृह जिले मैनपुरी के प्रभाव क्षेत्र वाली सीट है। अखिलेश यादव ने इस दौरान श्रीराम मंदिर को लेकर कहा कि, जिसे भगवान बुलाते हैं वह जाता और जब बुलाते हैं तब जाता है। वह श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा को लेकर निमंत्रण के विषय में बात कर रहे थे।

अखिलेश यादव, विपक्षी पार्टियों के INDI गठबंधन में भी शामिल हैं। हालाँकि, उत्तर प्रदेश में सीट बँटवारे को लेकर कुछ तल्खी की खबरें भी सामने आई हैं। यहाँ वह कॉन्ग्रेस को ज्यादा सीट देने के मूड में नहीं हैं। कॉन्ग्रेस वहीं दूसरी तरफ बराबरी का हक उत्तर प्रदेश में चाहती है। समाजवादी पार्टी, उत्तर प्रदेश में भाजपा के सामने मुख्य विपक्षी दल है। 2019 के लोकसभा चुनावों में समाजवादी पार्टी ने मायावती की बहुजन समाज पार्टी से गठबंधन किया था। हालाँकि, इससे उन्हें कोई खास फायदा नहीं हुआ था और वह मात्र पाँच सीट जीतने में कामयाब हुए थे। इस बार भी समाजवादी पार्टी, कॉन्ग्रेस और रालोद से गठबंधन की जुगत लगा रही है।

अखिलेश यादव, विपक्षी पार्टियों के INDI गठबंधन में भी शामिल हैं। हालांकि, उत्तर प्रदेश में सीट बँटवारे को लेकर कुछ तल्खी की खबरें भी सामने आई हैं। यहाँ वह कॉन्ग्रेस को ज्यादा सीट देने के मूड में नहीं हैं। कॉन्ग्रेस वहीं दूसरी तरफ बराबरी का हक उत्तर प्रदेश में चाहती है।

‘ऑस्ट्रेलिया से वापस ली जाएगी वर्ल्ड कप ट्रॉफी’, ‘Zomato डिलीवरी गर्ल’ और ‘बिहार में सोना’… 2023 की टॉप-10 खबरें

हर साल की तरह वर्ष 2023 में भी हमारे पाठकों ने हमारा खूब साथ दिया। हमने बस प्रयास किया था कि समय से आप तक हर खबर पहुँचाएँ, लेकिन आपने उसे बड़ी तादाद में पढ़कर हमारा खूब उत्साह बढ़ाया।

खबर चाहे खेल जगत की हो, राजनीति की हो, सोशल मीडिया की हो या देश-समाज की। आपने जो विश्वास हम पर दिखाया उसके लिए हम आभारी हैं। साल खत्म होते-होते आइए एक नजर उन टॉप 10 खबरों पर डाल लेते हैं जो आप लोगों द्वारा सबसे अधिक पढ़ी गईं।

1. ऑस्ट्रेलिया से वापस ली जाएगी ट्रॉफी

साल 2023 में वर्ल्ड कप का जो क्रेज था, वो शायद ही किसी और चीज का रहा हो। लेकिन जब फाइनल में भारत के हाथ से ट्रॉफी गई तो करोड़ों भारतीयों की आस टूट गई। ऐसे में खबर फैली की ऑस्ट्रेलिया से वापस ली जाएगी वर्ल्ड कप की ट्रॉफी, 3 मैचों से होगा चैंपियन का फैसला।

ये खबर वास्तविकता में एक व्यंग्य थी, जिसे कुछ लोग हकीकत समझ कर शेयर कर रहे थे। ऑपइंडिया ने आपको इस खबर की सच्चाई बताते हुए रिपोर्ट की थी, जिसे आप पाठकों ने रिकॉर्ड तोड़ पढ़ा।

2. MMS लीक होने के बाद इन्फ्लुएंलर गुनगुन गुप्ता ने कर ली आत्महत्या? 

19 साल की इंस्टाग्राम इन्फ्लुएंसर गुनगुन गुप्ता का MMS लीक होना सोशल मीडिया पर काफी वायरल मुद्दा था, जिसके चलते कई जगह ये अफवाह भी फैली कि उन्होंने आत्महत्या कर ली है। उनकी तस्वीरों पर माला डालकर ब्रेकिंग न्यूज लिखकर खबरें फैलाई गईं।

लेकिन अपने पाठकों को हमने इस खबर का फैक्ट चेक करके दिया, जिसका निष्कर्ष निकला था कि गुनगुन गुप्ता ने आत्महत्या नहीं की है। कुछ दिन बाद उनका सोशल मीडिया पर पोस्ट भी देखने को मिला था।

3. वर्ल्ड कप में शामी, सिराज, बुमराह को अलग गेंद: पाकिस्तानी क्रिकेटर

वर्ल्ड कप में भले ही भारत जीत न सका, लेकिन इस बात में कोई संदेह नहीं है कि उन्होंने फाइनल तक पहुँचने के लिए वर्ल्ड कप के हर मैच में शानदार प्रदर्शन किया। ये प्रदर्शन इतना उत्कृष्ट था कि हर मैच में उनकी जीत देख पाकिस्तानी क्रिकेटर ने इस पर सवाल भी खड़े किए थे।

पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर हसन रजा ने ABN News चैनल पर एंकर से बात करते हुए अंपायर, थर्ड अंपायर, BCCI, ICC आदि पर गंभीर आरोप लगाए थे। हसन ने कहा था कि मोहम्मद शामी, मोहम्मद सिराज या जसप्रीत बुमराह अगर सीम या स्विंग करा पा रहे हैं तो इसकी वजह है उनको दी जाने वाली अलग तरह की गेंद।

पाकिस्तान के इस पूर्व क्रिकेटर की बेबुनियाद बात का खूब मजाक बना था।

4. डीपफेक का शिकार हुईं सचिन तेंदुलकर की बेटी

भारतीय क्रिकेटर शुभमन गिल के साथ सारा तेंदुलकर के होने की अफवाहों को हकीकत बताने के लिए कुछ लोगों ने डीपफेक का इस्तेमाल किया था। डीपफेक तस्वीर में सारा के साथ खड़े उनके भाई को हटाकर शुभमन गिल की तस्वीर लगा दी गई।

बाद में इस फोटो को वर्ल्ड कप के समय बहुत फैलाया गया। हालाँकि रश्मिका मंदाना के साथ हुई डीपफेक की घटना के बाद लोग जागरूक हो गए थे और उन्हें समय नहीं लगा समझने में कि सारा तेंदुलकर भी उसी डीपफेक का शिकार हुई हैं।

5. ऑरी को जानने में उत्सुक दिखे लोग

बॉलीवुड की हर अभिनेत्री के साथ क्लोज पोज देने वाला ऑरी साल 2023 की चर्चित हस्तियों में शुमार था। वो क्या करता है और कैसे उसकी बॉलीवुड हिरोइनों से नजदीकियाँ हैं? इस पर हमने जो रिपोर्ट की थी, उसे पाठकों ने खूब पढ़ा। इसमें ऑरी को लेकर इंटरनेट पर मौजूद हर जानकारी हमने आप तक पहुँचाई थी।

6. शॉर्ट्स पहनकर दिखी Zomato की डिलीवरी गर्ल

अक्टूबर में एक वीडियो सामने आई थी जिसमें एक लड़की जोमैटो की टीशर्ट पहनकर लक्जरी बाइक चला रही थी। इस वीडियो ने लोगों का ध्यान अपने ऊपर खूब खींचा था और इसके बारे में जानने में भी उत्सुक दिखे थे कि ये लड़की वाकई डिलीवरी गर्ल है या फिर सिर्फ वायरल होने का स्टंट है।

वीडियो को लेकर खुद zomato संस्थापक दीपिंदर ने बाद में बताया था कि इस वीडियो से उनका कोई लेना-देना नहीं है। लड़की उनकी कंपनी की नहीं है। न ही उसे प्रचार के लिए हायर किया गया है।

7. छत्तीसगढ़ में हिंदू युवक की हत्या

घटना छत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले की थी। बिरनपुर गाँव में दो स्कूली छात्रों की साइकिल से टक्कर हो गई थी। इसे लेकर मुस्लिम युवक ने हिंदू छात्र के हाथ पर काँच की बोतल से हमला किया। हाथ फ्रैक्चर हुआ तो परिजनों ने सवाल किया। इस पर विवाद बढ़ा और मुस्लिम भीड़ ने हिंदुओं के घर तलवार से हमला कर दिया। इस घटना में भुनेश्वेर साहू नामक व्यक्ति की मौत हो गई थी।

8. मेहताब ने बीवी का सेक्स वीडियो किया वायरल

अपनी बीवी के साथ सेक्स वीडियो रिकॉर्ड करके उसे उसके घरवालों को भेजने वाले मेहताब के खिलाफ इस वर्ष के मार्च माह में शिकायत दर्ज हुई थी। मामला मध्य प्रदेश के खंडवा का था। मेहताब की बीवी ने आरोप लगाया था कि उसके शौहर ने उनके बेडरूम में सीसीटीवी लगवाया था और शारीरिक संबंध बनाते समय वीडियो बनाता था। बाद में उसे महिला के पिता और भाई को भेज दिया था।

9. घोड़ी से दुष्कर्म

यूपी के बरेली में घोड़ी का दुष्कर्म का मामला हैरान करने वाले था। वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने इस पर संज्ञान लिया था और मामले में 5 लोगों को नामजद करके उन्हें गिरफ्तार किया गया था। आरोपितों के नाम जीशान, रिज़वान, आमिर, भगवत और देवेंद्र थे। घटना की जानकारी होने के बाद स्थानीय निवासी बहुत नाराज हुए थे। वीडियो में दिख रहा था कि इन लोगों ने घोड़ी को एक जगह बाँधकर उसकी लगाम पकड़कर उसके साथ यौन संबंध बनाए।

10. बिहार में मिला सोने का अकूत भंडार

भारत के बिहार में मिला सोने का अकूत भंडार… ये खबर नवंबर में आई थी। गरीबी की मार झेल रहे प्रदेश में यह किसी खुशखबरी से कम नहीं थी। इसलिए इस खबर को भी पाठकों ने खूब पढ़ा। इसमें बताया गया था कि बांका जिले के जयपुर थाना क्षेत्र के चंदे पट्टी गाँव में सुनहरे पत्थर के बारे में GSI को जानकारी मिली है, जहाँ सोने की खदान होने का अनुमान है। GSI की टीम पहुँचकर खुदाई कर रही है जबकि स्थानीयों में खुशी का माहौल है।

गणतंत्र दिवस की झाँकी पर भी विपक्ष की बाँटने वाली राजनीति: 56 में से 35 प्रस्ताव नामंजूर, जानिए क्यों गलत है केरल, बंगाल और तमिलनाडु से भेदभाव वाले दावे

केंद्र सरकार ने राज्य सरकारों के इस दावे को खारिज कर दिया है कि राजपथ पर गणतंत्र दिवस परेड से उनकी झाँकी को अस्वीकार करना राजनीति से प्रेरित है। सरकार ने मुख्यमंत्रियों के उन दावों का खंडन किया और कहा कि यह निर्णय गैर-राजनीतिक विशेषज्ञों की एक समिति द्वारा किया गया है। इसे क्षेत्रीय गौरव के साथ नहीं जोड़ा जाना चाहिए।

कहा जा रहा है कि केंद्र के सूत्रों ने कहा, “यह एक गलत मिसाल है, जिसे राज्यों के मुख्यमंत्रियों द्वारा एक वस्तुनिष्ठ प्रक्रिया के परिणाम को केंद्र और राज्यों के बीच टकराव के बिंदु के रूप में चित्रित करने के लिए अपनाया गया है। यह देश के संघीय ढाँचे को काफी हद तक नुकसान पहुँचाता है। इन मुख्यमंत्रियों के पास शायद कोई सकारात्मक एजेंडा नहीं है, इसलिए हर साल गलत सूचना के तहत उसी पुरानी चाल का सहारा लेना पड़ रहा है।”

यह बयान ऐसे समय में आया है, जब गणतंत्र दिवस परेड में केरल, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल सहित कई राज्यों की झाँकियों को अस्वीकार कर दिया गया है। विपक्ष दलों द्वारा शासित सभी राज्यों ने केंद्र सरकार की आलोचना करते हुए आरोप लगाया कि यह सब कुछ जानबूझकर किया गया है। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लिखे पत्र में अपना गुस्सा और निराशा व्यक्त किया है।

ममता बनर्जी ने यह भी कहा कि उनके राज्य की झाँकी को बिना स्पष्टीकरण के खारिज कर दिया गया था। केरल के कुछ नेताओं ने इसे केंद्र सरकार द्वारा किया गया अपमान बताया है। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री स्टालिन ने अपने पत्र में कहा कि जुलूस में तमिलनाडु के प्रमुख मुक्ति नायकों की झाँकी शामिल नहीं करने से उन्हें निराशा हुई।

इस मामले में तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के साथ मिलकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से तुरंत हस्तक्षेप करने की अपील की।

झाँकी की चयन प्रक्रिया

झाँकियों का फैसला केंद्र सरकार नहीं करती। इसके चयन के लिए रक्षा मंत्रालय एक विशेषज्ञ पैनल नियुक्त करता है जिसमें कला, संस्कृति, चित्रकला, मूर्तिकला, संगीत, वास्तुकला, नृत्य जैसे विभिन्न क्षेत्रों के प्रमुख लोग शामिल होते हैं। सुझाव देने से पहले समिति प्रस्तुतियों के विषय, विचार, डिज़ाइन और दृश्य प्रभाव पर विचार करती है।

समय की कमी के कारण कुछ ही सुझावों को मंजूरी दी जा सकी। इस वर्ष राज्यों और केंद्रीय मंत्रालयों से प्राप्त 56 प्रस्तावों में से 21 को आगे विचार के लिए चुना गया। यह कहना कि केरल, पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु के साथ गलत व्यवहार किया जा रहा है, गलत होगा।

दरअसल, नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने 2018 और 2021 में केरल की झाँकी को स्वीकार किया था। इसी तरह, तमिलनाडु की झाँकी को 2016, 2017, 2019, 2020 और 2021 में स्वीकार कर लिया गया था। पश्चिम बंगाल की झाँकी को 2016, 2017, 2019 और 2021 में स्वीकार किया गया था।

ममता बनर्जी ने केंद्र पर राज्य की झाँकी को अस्वीकार कर नेताजी सुभाष चंद्र बोस का अपमान करने का भी आरोप लगाया है। हालाँकि, मीडिया रिपोर्ट में कहा जा रहा है कि इस वर्ष की झाँकी में केंद्र सरकार के केंद्रीय लोक निर्माण विभाग में नेताजी को एक विषय के रूप में शामिल किया गया है। इसलिए, बंगाल सरकार द्वारा नेताजी के अपमान का लगाया जाने वाले आरोप का कोई सवाल ही नहीं उठता।

राम भजनों को करो सोशल मीडिया पर शेयर, माहौल राम मय हो जाएगा: PM मोदी ने 108वीं बार की ‘मन की बात’ , कहा- ये एपिसोड है बेहद खास

साल 2023 के आखिरी दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के साथ मन की बात की। उन्होंने देश-विदेश से लेकर मनोरंजन, खेल आदि क्षेत्रों में भारत की उपलब्धियों पर बात करते हुए कहा कि आने वाले वर्ष देश और ज्यादा बेहतर होगा। बस 2024 में इसी भावना और मोमेंटम को बनाए रखना है। बता दें मन की बात का उनका ये 108वाँ मन की बात का संस्करण था।

इसकी शुरुआत में उन्होंने कहा, “हमारे यहाँ 108 अंक का महत्व है, उसकी पवित्रता, एक गहन अध्ययन का विषय है। माला में 108 मनके, 108 बार जप, 108 दिव्य क्षेत्र, मंदिरों में 108 सीढ़ियाँ, 108 घंटियाँ, 108 का ये अंक असीम आस्था से जुड़ा हुआ है। इसलिए ‘मन की बात’ का 108वाँ एपिसोड मेरे लिए और खास हो गया है।”

पीएम मोदी ने भारत के इनोवेशन हब बनने पर बात की और कहा कि 2015 में ग्लोबल इनोवेशन इंडेक्स में 81वीं रैंक थी और आज ये रैंक 40 हो गई है। इस कार्यक्रम के दौरान क्रिकेटर हरमन प्रीत कौर, एक्टर अक्षय कुमार ने भी अपनी बातें रखीं। प्रधानमंत्री मोदी ने मन की बात में क्षेत्रीय भाषा और मातृभाषा पर बात की। साथ ही झारखंड के जनजातीय गाँव में बच्चों को कुडुख मातृभाषा में शिक्षा की अनूठी पहल की सराहना की।

उन्होंने कहा कि आजादी के अमृत महोत्सव के मौके पर 70 हजार अमृच सरोवरों का निर्माण हुआ। इसके अलावा साल 2023 में पेटेंट्स की संख्या भी बहुत ज्यादा रही। उन्होंने देश के 5 वीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने पर खुशी जाहिर की। सफलतापूर्व जी-20 समिट के आयोजन पर खुशी जताई।

उन्होंने मनोरंजन क्षेत्र की चर्चा करते हुए नाटू-नाटू गाने को मिले ऑस्कर का जिक्र किया तो द एलीफेंट व्हिस्पर को मिले सम्मान के बारे में बात करने से नहीं चूके। उन्होंने देश के खिलाड़ियों द्वारा एशियन गेम्स में किए गए उत्कृष्ट प्रदर्शन पर भी बात की। देश को याद दिलाया कि 107 खिलाड़ियों ने एशियन पैरा गेम्स में 11 मेडल जीते। वहीं वर्ल्ड कप में भी क्रिकेटरों के प्रदर्शन ने सबका दिल जीता।

उन्होंने राम मंदिर का जिक्र कर कहा इसे लेकर पूरे देश में उत्साह, उमंग है। लोग अपनी भावनाओं को अलग तरह से व्यक्त कर रहे हैं। उन्होंने ये भी कहा कि कुछ दिनों में श्रीम राम और अयोध्या को लेकर कई सारे नए गीत, नए भजन, बनाए गए हैं। बहुत से लोग नई कविताएँ भी लिख रहे हैं। इसमें बड़े-बड़े अनुभवी कलाकार भी हैं तो नए उभरते युवा साथियों ने मन मोह लेने वाले भजनों की रचना की है।

उन्होंने मन की बात में अपील करते हुए कहा, “हम सभी लोग ऐसी सारी रचनाओं को एक कॉमन हैशटैग #shrirambhajan के साथ शेयर करें। मेरा आपसे अनुरोध है कि हैशटैग श्री राम भजन के साथ अपनी रचनाओं को सोशल मीडिया पर शेयर करें। ये संकलने, भावों का, भक्ति का, ऐसा प्रवाह बनेगा जिसमें हर कोई राम मय हो जाएगा।”

मुंबई में जगह-जगह ब्लास्ट की फिर धमकी, पुलिस अलर्ट: पहले RBI सहित 11 बैंकों में धमाके करने की कॉल करने वाले रफीक हुआ था गिरफ्तार

नई साल के स्वागत में दुनिया भर के लोग सेलिब्रेशन के मूड में हैं। भारत में भी लोग लोग पार्टी के लिए तरह-तरह से तैयारियाँ कर रहे हैं। इसी बीच मुंबई पुलिस को एक शख्स का कॉल प्राप्त हुआ है, जिसमें बम विस्फोट करने की धमकी दी गई है। कॉल मिलने के बाद मुंबई पुलिस अलर्ट हो गई। हालाँकि, अब तक कुछ भी संदिग्ध नहीं मिला है।

दरअसल, शनिवार (30 दिसंबर 2023) की शाम करीब छह बजे पुलिस को एक कॉल आया। कॉलर ने मुंबई में जगह-जगह धमाके करने की धमकी दी और फिर फोन काट दिया। इसके बाद पुलिस कॉल करने वाले शख्स का पता लगाने की कोशिश कर रही है। इसके साथ ही शहर में जगह जगह तलाशी अभियान भी चलाया जा रहा है। 

बता दें कि मुंबई, दिल्ली, चेन्नई, बेंगलुरू, हैदराबाद, कोलकाता जैसे बड़े शहरों में नए साल का जश्न जोर-शोर से मनाया जाता है। ऐसे में पुलिस अलर्ट मोड में रहती है। दिल्ली में भी पुलिस दो दिन पहले से ही वाहनों की गहन चेकिंग की जा रही है। दिल्ली के बाहर से जाने वाली गाड़ियों की जाँच की जा रही है।

दरअसल, 26 दिसंबर को भी मुंबई पुलिस को ऐसी ही एक कॉल आई थी। उसमें कहा गया था कि रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया की ऑफिस सहित मुंबई के 11 बैंकों पर बम रखा गया है और उन्हें उड़ा दिया जाएगा। यह धमकी को RBI को एक ईमेल के जरिए दी गई थी। इसको देखते हुए पुलिस ने धारा 144 लागू कर दिया था।

हालाँकि, यह कॉल झूठी साबित हुई। इसमें मुंबई क्राइम ब्रांच ने तीन लोगों को पकड़ा है। इसमें से एक की पहचान आदिल रफीक के तौर पर हुई है। दूसरा उसका रिश्तेदार और तीसरा उसके रिश्तेदार का दोस्त है। इन लोगों को गुजरात के वडोदरा से गिरफ्तार किया गया है।

‘इस अपराध के लिए बख्शेंगे नहीं’ : रूस के बेलगोरोद शहर में ड्रोन से बमबारी, 21 की मौत, 110 घायल; पुतिन ने खाई बदला लेने की कसम

रूस के बेलगोरोद में एयर स्ट्राइक की खबर है। हमले में 3 बच्चे समेत 21 लोग मारे गए जबकि 110 लोग घायल हो गए। रूस ने इस हमले का बदला लेने की कसम खा ली है। ये शहर यूक्रेन सीमा के पास है। माना जा रहा है कि ये एयरस्ट्राइक यूक्रेन ने जवाबी कार्रवाई में की है। हालाँकि यूक्रेन ने इसकी जिम्मेदारी नहीं ली है।

हमला 30 दिसंबर को हुआ। इस दौरान क्लस्टर बमों से ताबड़तोड़ हमले किए गए। हमले के बाद कुछ फुटेज सोशल मीडिया पर सामने आई है इसमें जलती हुई कारें, क्षतिग्रस्त इमारतें और चारों ओर धुआँ नजर आ रहा है। राष्ट्रपति पुतिन ने इस हमले के बाद बैठक की है। घटनास्थल पर मेडिकल सुविधा पहुँचाई गई है। घायलों का इलाज चल रहा है।

रूसी रक्षा मंत्रालय ने बताया मॉस्को, ओरयोल, ब्रांस्क और कुर्स्क क्षेत्रों के आसमान पर भी ड्रोन देखे गए हैं। उन्होंने इस हमले के पीछे यूक्रेन का नाम लेते हुए कहा कि यूक्रेन की सरकार अग्रिम मोर्चे पर हुई हार से ध्यान हटाने और हमें इसी तरह की कार्रवाई करने के लिए उकसाने की कोशिश कर रहा है।

रूसी अधिकारियों ने इस हमले के लिए ब्रिटेन, अमेरिका और यूरोपिय देशों को जिम्मेदार ठहराया कि वो यूक्रेन को हथियार भेज रहे हैं। उन्होंने कहा कि यही देश यूक्रेन को रूस के खिलाफ हमलों के लिए प्रोत्साहित कर रहे हैं। उन्होंने इसे आतंकी हमले जैसा बताया है और कहा है कि इसकी सजा उन्हें जरूर मिलेहगी।

बता दें कि शनिवार (30 दिसंबर 2023) को हुए इस हमले से एक दिन पहले रूस ने यूक्रेन पर 122 मिसाइलों और 36 ड्रोन से हमले किए थे। यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंसकी का दावा था कि इस हमले से 39 लोगों की जान गई है और 159 लोग घायल हुए हैं।

विपश्यना से 10 दिन बाद लौटे CM केजरीवाल, अब जाएँगे ED को जवाब देने?: दिल्ली आकर बोले- खुद को ऊर्जावान महसूस कर रहा हूँ

प्रवर्तन निदेशालय (ED) के समन के बीच ‘शांति की खोज’ में गए दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल वापस लौट आए हैं। केजरीवाल 20 दिसंबर 2023 को 10 दिन के विपश्यना कोर्स के लिए पंजाब के होशियारपुर स्थित आनंदगढ़ गाँव गए थे। वे शनिवार (30 दिसंबर) को लौट आए हैं। अब सवाल है कि वे ED द्वारा भेजे गए समन का जवाब देंगे या नहीं।

अरविंद केजरीवाल ने अपनी सोशल मीडिया पर लिखा है कि वे अब खुद को ऊर्जा से सराबोर महसूस कर रहे हैं और दिल्ली के लोगों की सेवा के लिए तैयार हैं। उन्होंने लिखा, “10 दिन की विपश्यना साधना के बाद आज वापिस लौटा। इस साधना से असीम शांति मिलती है। नई ऊर्जा के साथ आज से फिर जनता की सेवा में लगेंगे। सबका मंगल हो!”

दरअसल, दिल्ली के शराब नीति के कथित घोटाले में ईडी ने अरविंद केजरीवाल को तीसरी बार समन जारी किया है और 3 जनवरी 2024 को पूछताछ के लिए बुलाया है। अब सवाल है कि अरविंद केजरीवाल पूछताछ में जाते हैं या नहीं, क्योंकि उन्हें भी अब अपनी गिरफ्तारी का डर सताने लगा है। दिल्ली के उपमुख्यमंत्री और AAP सांसद संजय सिंह को पूछताछ के दौरान ही गिरफ्तार किया गया था।

इसके पहले ED मुख्यमंत्री केजरीवाल को शराब नीति मामले में दो बार समन जारी किया जा चुका है, लेकिन वो जवाब देने के लिए नहीं आए। इससे पहले, ईडी ने 18 दिसंबर 2023 को सीएम केजरीवाल के खिलाफ दूसरा समन जारी किया था और उन्हें 21 दिसंबर 2023 को पेश होने के लिए कहा था।

हालाँकि, पेश होने के बजाय आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक केजरीवाल ने इस समन को राजनीति से प्रेरित करार दिया था। उन्होंने कहा था कि ईडी ने ये समन ऐसे समय में जारी किया, जब वो 20 दिसंबर 2023 को विपश्यना के लिए पंजाब रवाना होने वाले हैं। इसके बाद वो इसमें शामिल नहीं हुए थे।

वहीं, ईडी ने इस मामले में 2 नवंबर 2023 को पहला समन भेजकर अरविंद केजरीवाल को पूछताछ में शामिल होने के लिए बुलाया था। तब अरविंद केजरीवाल खुद को चुनाव में व्यस्त बताकर ईडी के सामने पेश होने से इनकार कर दिया था। वो मध्य प्रदेश के सिंगरौली में चुनाव प्रचार करने चले गए थे।

दिल्ली की आबकारी नीति में घोटाले में दिल्ली सरकार ने शराब की बिक्री और लाइसेंसिंग का काम निजी कंपनियों को दे दिया था। इस नीति पर कई सवाल उठे थे, जिसमें यह भी सवाल था कि क्या इस नीति से दिल्ली सरकार को राजस्व में नुकसान हुआ है। ईडी ने इस घोटाले की जाँच शुरू की और उसने कई लोगों से पूछताछ की।

दिल्ली भाजपा अध्यक्ष का हमला

दिल्ली भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने शनिवार (30 दिसंबर 2023) को कहा कि सीएम केजरीवाल इसे लंबे समय तक नहीं टाल सकते। उन्होंने कहा, “शुरुआत में उन्होंने चुनाव और फिर विपश्यना का बहाना बनाया और अब देखते हैं कि वह 3 जनवरी को क्या स्पष्टीकरण देते हैं। वह इससे ज्यादा समय तक बच नहीं सकते, उन्हें एजेंसी के सामने पेश होना होगा।”

भाजपा नेता सचदेवा ने आगे कहा, “अस्पताल नकली दवाएँ दे रहे थे, लोग प्रदूषण से परेशान थे… इस दौरान दिल्ली के सीएम असीम शांति की तलाश में थे। उन्हें शांति मिली, लेकिन दिल्ली के लोगों का क्या?”

ED के समन की अनदेखी कब तक?

सीएम केजरीवाल ED के समन को लागतार अनदेखी कर रहे हैं। ऐसे में सवाल उठता है कि आखिर जाँच एजेंसी के समन के बाद कोई कितनी बार पेशी से बच सकता है और ऐसे में ED के पास और क्या-क्या विकल्प बचते है? जानकारों के अनुसार, ED तीन बार तक पेश होकर सबूत, बयान या पूछताछ में सहयोग करने के लिए कह सकती है।

अगर कोई व्यक्ति तीसरी बार भी समन मिलने पर पूछताछ में सहयोग के लिए नहीं पहुँचता है तो एजेंसी उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई कर सकती है। जरूरत पड़ने पर एजेंसी कोर्ट में गैर-जमानती वारंट जारी करने के लिए अर्जी लता सकती है। इसके बाद कोर्ट गैर-जमानती वारंट जारी कर सकता है और ईडी उसे गिरफ्तार। कर सकती है।

महिला को प्रेगनेंट करो और पाओ ₹13 लाख का इनाम: बिहार में ठगी का नया तरीका, 8 गिरफ्तार, दर्जन भर फरार

बिहार के नवादा में साइबर थाना की पुलिस ने एक ऐसे गिरोह का पर्दाफाश किया है जो महिलाओं को माँ बनाने के नाम पर दूसरे राज्यों के पुरुषों को ठग रहा था। पुलिस ने इस केस में 8 लोगों को गिरफ्तार किया है। जबकि दर्जन भर अपराधी फरार हो गए। पकड़े गए ठगों के पास से पुलिस को 9 मोबाइल और प्रिंटर मशीन और बड़ी संख्या में डेटा बरामद हुआ है। अनुमान है कि इस ठगी के रैकेट में 25-30 लोग शामिल थे।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ये गिरफ्तारी इंटेलिजेंस इनपुट के आधार पर एसआईटी ने मुफस्सिल थाना क्षेत्र के गुरम्हा गाँव में की। वहाँ मुन्ना कुमार उर्फ दीपक इस रैकेट को चलाता था। इसके टीम के सदस्य ठग भोले-भाले लोगों को फोन करके कहते थे कि उन्हें उन महिलाओं को प्रेगनेंट करना है जो माँ नहीं बन पा रहीं। इसके बदले उन्हें लाखों रुपए दिए जाएँगे। इस तरह वो पुरुषों को बातों में फँसाकर रजिस्ट्रेशन फीस और सिक्योरिटी फीस के नाम पर ठगते थे।

डीएसपी कल्याण आनंद ने बताया कि गुरमा स्थित ईंट के बने बोरिंग घर के पास साइबर क्राइम करने वाले 8 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है। इनके नाम शत्रुघ्न कुमार उर्फ सोनू कुमार, राजेश कुमार, प्रभात कुमार वर्मा, कविंद्र प्रसाद, गोपाल दास,अनिल कुमार, अजय कुमार, लक्ष्मण कुमार हैं।

पुलिस की पूछताछ में सामने आया कि लोग ठगी करने के लिए इस स्कैम को ऑल इंडिया प्रेगनेंट जॉब का नाम दिए हुए थे। इसी का नाम लेकर ये भोले-भोले लोगों के मोबाइल पर संपर्क करते थे और कहते थे कि जिन महिलाओं को बच्चे नहीं हो रहे हैं, उन महिलाओं को प्रेग्नेंट करना है। अगर महिला सफलापूर्वक प्रेगनेंट हो गई तो इसके बदले में उनको 13 लाख रुपए दिए जाएँगे।

लोगों को फँसाने के लिए ये उनके वॉट्सएप नंबर के जरिए संपर्क करते थे। फिर महिला की तस्वीर आदि दिखाकर इस काम के लिए उन्हें मनाया जाता था। इसके बाद जब व्यक्ति इस काम को करने की इच्छा जताता था तो उससे पहले रजिस्ट्रेशन फीस माँगी जाती थी जो 799 रुपए थी और उसके बाद उसे सिक्योरिटी मनी डिपोजिट करने को कहा जाता था जो 5 हजार से 20 हजार रुपए था। इसमें भी अगर महिला बहुत सुंदर है तो ये प्राइज बढ़ जाता था।

पुलिस के मुताबिक ये ठग पुरुषों को फँसाकर कहते थे कि अगर उन्होंने महिला को प्रेगनेंट कर दिया तो उन्हें 13 लाख रुपए मिलेंगे लेकिन अगर नहीं कर पाए तो सांत्वना राशि 5 लाख रुपए की दी जाएगी। पुलिस को इनके पास से कई महिलाओं का और पुरुषों की तस्वीरें मिली हैं। अब पुलिस इस रैकेट को चलाने वाले मुन्ना को ढूँढने का प्रयास कर रही है। छापेमारी के दौरान वह फरार हो गया था।