NBT का आर्टिकल को पढ़ने से प्रतीत होता है कि यह नदीम के दृष्टिकोण से लिखा गया है। एक विशेष एजेंडे के साथ परोसा गया है। यह संदेश देने की कोशिश की गई है कि मजहब विशेष के लोग प्रेम के मसीहा हैं, पर ये हिंदू हैं कि वे प्यार के दुश्मन बने बैठे हैं।
मुगल आक्रांताओं से उत्तर-पूर्व भारत की पवित्र भूमि की रक्षा करने वाले वीरयोद्धा लाचित बरपुखान का जीवन और व्यक्तित्व शौर्य, साहस, स्वाभिमान, समर्पण और राष्ट्रभक्ति का पर्याय है।
गुजरात के सूरत से लव जिहादी की पिटाई का मामला सामने आया है। घटना महावीर कॉलेज की है। VHP ने हिंदू लड़कियों को फँसाने वाले जीतू शेख का स्टिंग भी किया है।
लाचित बरपुखान ने पूर्वोत्तर की जमीन पर मुगलों की बर्बर विस्तारवादी मंसूबों को दफन कर दिया। उनके पराक्रम में इतना बल था कि उससे टकराने के बाद मुगलों ने कभी पूर्वोत्तर पर काबिज होने का स्वप्न न देखा।
सुप्रीम कोर्ट ने टी एन शेषन का संदर्भ देते हुए कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त के ऐसे चरित्र का होना चाहिए, जो खुद को दबने नहीं दे। नियुक्त प्रक्रिया पर जताई चिंता।
दिल्ली के मंत्री सत्येंद्र जैन भले जेल में 'मसाज' लेते हों पर तबरेज भाई के गुर्गे जेल में 'मालिश' लेते थे। वैसे तबरेज भाई 'मुँहचोर' भी नहीं थे कि गुर्गों की मालिश को फिजियोथेरेपी बता दें।
राजस्थान के उदयपुर के जंगलों में 18 नवम्बर 2022 को युवक-युवती की नग्न लाश मिली थी। पुलिस ने इस दोहरे हत्याकांड का खुलासा करते हुए भावेश जोशी को गिरफ्तार किया है।