आप किसी साधु की तस्वीर डालते हैं। ट्विटर-फेसबुक उसे कट्टर बताते हुए सेंसर कर दें। आप वेद-पुराणों से उद्धरण डालते हैं। उन्हें अन्धविश्वास की केटेगरी में रख दिया जाए। खुश मत होइए, भारत में ये दिन जल्द ही देखने को मिल सकता है।
सरकार मुख्तार को लाने के लिए कानूनी विकल्पों का सहारा ले रही है। मुख्तार अंसारी को यूपी लाने के लिए गाजीपुर से 3 पुलिसकर्मियों को चंडीगढ़ रवाना किया गया है।
गूगल ने सोशल नेटवर्किंग एप्लीकेशन पार्लर को प्ले स्टोर से हटा दिया है। ट्रंप ने इस पर अकाउंट बनाया था और यह एप उनके समर्थकों के बीच भी खासा लोकप्रिय है।
इन महिलाओं का कहना था कि उन्हें अपने चुने हुए पादरी के समक्ष भी कन्फेशन करने दिया जाए। साथ ही ये भी कहा गया कि ईसाई महिलाओं के लिए कन्फेशन अनिवार्य करना असंवैधानिक है।
"राष्ट्रपति महोदय, इससे पहले कि बहुत देर हो जाए, हमारी मदद कीजिए। जैक डॉर्सी चुनाव को प्रभावित करना चाह रहे हैं। वो चुनाव को अपने हिसाब से मोड़ देना चाहते हैं।"
विजयवाड़ा के सीताराम मंदिर में देवी सीता की मूर्ति खंडित पाई गई थी। उससे पहले विभिन्न मंदिरों में भगवान गणेश, राम, वेंकटेश और सुब्रमण्येश्वर स्वामी की प्रतिमाओं को नुकसान पहुँचाया गया था।
भले ही दक्षिणपंथी ट्रम्प के समर्थकों ने अमेरिकी संसद पर हमला कर दिया, पर आज मैं आह्लादित हूँ कि उनमें से एक के हाथों में तिरंगा भी था। अब मैं आराम से उस तिरंगाधारी को RSS का ब्राह्मणवादी, पितृसत्तात्मक, भगवा आतंकी बोल कर, अपने लिब्रांडू समाज के व्हाट्सएप्प ग्रुपों में छा जाऊँगा।
दिल्ली दंगों पर आपने कई रिपोर्ट पढ़ी होगी। अब पढ़िए उमर खालिद और ताहिर हुसैन का कबूलनामा, जो बताता है कि हिंदुओं के खिलाफ कितने बड़े स्तर पर प्लानिंग की गई थी।
मैं वो फेसबुकिया चिरकुट हूँ जिसे यह नहीं पता कि दूध जानवर से मिलता है न कि मदर डेयरी से, पर मैं वैश्विक मुद्दों पर सबसे पहले प्रोफाइल पिक्चर बदल कर काला कर लेता हूँ।
अपराधी कथित रूप से फेसबुक पर फर्जी प्रोफाइल बनाते थे और लोगों को फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजते थे। ये लोग ज्यादातर 50 वर्ष से ज्यादा की उम्र वालों को अपना शिकार बनाते थे, जो आमतौर पर सोशल मीडिया पर सक्रिय रहते हैं।
इस पर 'निजी संपत्ति' का बोर्ड लगाने वाले एक काजी ने दावा किया कि यह एक हजार साल पुराना ना होकर चार सौ साल पुराना है, जिसे उनके पूर्वजों द्वारा पूरा कराया गया था।
ऋषिकेश पवार की तलाश जारी है। वो सुशांत सिंह राजपूत के ड्रीम प्रोजेक्ट में असिस्टेंट डायरेक्टर थे। कई सबूत सामने आए हैं, जिसमें ये साफ हुआ है कि ऋषिकेश पवार ही सुशांत को ड्रग्स सप्लाई करते थे।
गरीब पुजारी से शादी करने वाली ब्राह्मण लड़कियों को 3 लाख रुपए तक के बॉन्ड मिलेंगे। वहीं, दूसरी योजना में गरीब ब्राह्मण महिला को पर 25 हजार रुपए दिए जाएँगे।