ऑपइंडिया ने खुलासा किया था कि BARC ने व्यूअरशिप में गड़बड़ी करने को लेकर इंडिया टुडे पर ₹5 लाख का जुर्माना लगाया था। इंडिया टुडे ने जुर्माना लगाए जाने की बात स्वीकार ली है।
'भाजपा तुझसे बैर नहीं पर नीतीश तेरी खैर नहीं' की तर्ज पर चिराग पासवान की एलजेपी मैदान में है। देखना दिलचस्प होगा कि चुनावी ऊंट चिराग की करवट बैठता है या नहीं!
ऑल्टन्यूज ने चालाकी से मुद्दा तो हँसने का उठाया, लेकिन फैक्टचेक किसी और फोटो का किया जो एक दो लोग, इस कारण ही शेयर कर रहे थे कि उन्हें भी पता चला राहुल-प्रियंका हँसते हुए जा रहे थे।
एफआईआर में इंडिया टुडे और नाम रिपब्लिक टीवी का। मुंबई पुलिस के मौजूदा प्रमुख परम बीर सिंह जिस मामले से भी जुड़े आरोप इतने खौफनाक लगे कि आप हैरत में रह जाएँगे।
परमबीर सिंह की प्रेस वार्ता के बाद इंडिया टुडे ने ख़ुशी मनाते हुए रिपब्लिक टीवी पर तंज कसना शुरू कर दिया था। जैसे ही इस बात का खुलासा हुआ कि असल एफआईआर में इंडिया टुडे का नाम है उसके बाद इंडिया टुडे के तेवर पूरी तरह बदल गए हैं।
सना खान ने फिल्म इंडस्ट्री छोड़ने की वजह इस्लाम को बताया है। सना ने कहा है कि वह मानवता की सेवा करना चाहती हैं और अब से वह अल्लाह के आदेशों का पालन करेंगी।
पासवान समाजवादी परिपाटी के नेता थे। उनकी शुरुआती राजनीति संयुक्त सोशलिस्ट पार्टी से ही आरम्भ हुई थी। परन्तु उनका नाम हाजीपुर के साथ अभिन्न रूप से जुड़ गया। वे आठ बार हाजीपुर से चुनाव जीते।
अफ़रोज़ को अपनी 16 साल की नाबालिग बहन के 18 साल के हिन्दू युवक राहुल के साथ प्रेम प्रसंग से आपत्ति थी। इस कारण उसने अपने साथियों के साथ मिलकर राहुल की पीट-पीटकर हत्या कर दी।
9 पैरा एसएफ (स्पेशल फोर्सेज) के एसएम (गैलेंट्री) सेवानिवृत्त, हवलदार प्रदीप थापा की है। जिनके साथ देश की सेवा करने के दौरान एक दुर्घटना हुई जिससे उनका पूरा जीवन प्रभावित हो गया।
एक और खुलासे के अनुसार, ऑडिट टीम ने पैनल के एक घर का दौरा किया था। जिसके बाद वहाँ रहने वालों ने बताया कि उन्हें इंडिया टुडे 2 घंटे ज्यादा देखने के लिए भुगतान किया जाता था।
'ग्वेरावादियों' ने ऐसी किसी भी चीज़ से मुँह मोड़ लिया, जो ग्वेरा की आदर्श छवि के साथ फिट नहीं बैठती। ग्वेरा निश्चित ही एक जल्लाद था। उसकी नजरों में इंसानों की मौत कुछ भी नहीं थी।
मुंबई पुलिस कमिश्नर ने जिस टीआरपी स्कैम का दावा किया था, रिपब्लिक टीवी के अनुसार उसके एफआईआर में इंडिया टुडे का नाम है। इस खुलासे ने मुंबई पुलिस को कठघरे में खड़ा कर दिया है।
रिपब्लिक टीवी मुंबई पुलिस कमिश्नर पर आपराधिक मानहानि का दावा करेगी। BARC ने ऐसी एक भी रिपोर्ट जारी नहीं की है जिसमें रिपब्लिक टीवी का नाम शामिल हो। यह सिर्फ और सिर्फ निराशा में उठाया गया एक कदम है।