शायद राजदीप सरदेसाई पीड़िताओं के परिजनों से भी ज्यादा जानते हैं और जजों को पीड़िता के परिजनों को सुनने से पहले हर मामले में उनकी ही राय पहले जाननी चाहिए।
हत्यारा 6 साल पहले ही जर्मनी में आया था और 2018 से इस शरणार्थी कैम्प की सुविधा का लाभ उठा रहा था। ये घटना नॉर्थ राइन वेस्टफेलिया स्टेनफुर्ट जिले में स्थित ग्रेवेन में हुई।
पिछले कुछ दिनों में जिस तरह से उन्होंने राजनीतिक सरगर्मियों के केंद्र में खुद को रखा है, उसे देखते हुए लगता है जैसे उत्तर प्रदेश में चुनाव का बिगुल फूँक दिया गया है।
यूपी में पूरे दिन चलने वाला यह वृक्षारोपण कार्यक्रम 68,000 गाँवों, 83,000 वनीय क्षेत्रों में आयोजित किया गया। इस वृक्षारोपण कार्यक्रम के दौरान सरकारी अधिकारियों, वालेंटियर्स, जन-प्रतिनिधियों ने बढ़-चढ़ कर हिस्सा लिया।
राष्ट्रीय राजधानी में स्थित गाँवों में किसानों को मुफ्त बिजली ना देकर और उद्योगों को बहुत ही ऊँचे दर पर बिजली उपलब्ध कराकर केजरीवाल सरकार ने दिल्ली के लोगों की उम्मीदों पर पानी फेर दिया है।
बार काउंसिल ऑफ दिल्ली ने धर्म परिवर्तन और निकाह (इस्लामी विवाह) करने के लिए अपने चैंबर का उपयोग करने के लिए वकील इकबाल मलिक के लाइसेंस को अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया है।
परिजनों को घटना का पता चला तो वो भागते हुए मौके पर पहुँचे और बेटे को लेकर अस्पताल गए। तेल के गर्म होने के कारण उसका चेहरा बुरी तरह झुलस गया, गनीमत थी कि उसकी आँखें बच गईं।
केंद्र सरकार ने कोर्ट में कहा कि सभी प्रमुख सोशल मीडिया कंपनियों को आईटी नियम 2021 लागू करने के लिए 3 महीनों का समय दिया गया था, जिन्हें लागू करने की समय सीमा 25 मई थी।
अपने बयान पर खेद जताते हुए क्रिकेटर ने कहा, “इस बयान के कारण मुझे मेरी माँ और पत्नी की काफी छड़ी खानी पड़ी। मुझे खेद है कि ऐसा दोबारा नहीं होना चाहिए।”
केंद्र शासित प्रदेशों जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में आतंकवादी गतिविधियों को सुविधाजनक बनाने के लिए छोटे बच्चों को आतंकवादी संगठनों के चेहरे के रूप में दिखाया जा रहा है।
कंगना ने कहा कि जब एक परिवार में हिन्दू, बौद्ध, जैन, सिख, राधास्वामी और आस्तिक रह सकते हैं तो मुस्लिम क्यों नहीं? क्यों एक मुस्लिम से शादी करने के लिए किसी को अपना धर्म परिवर्तन करने की जरूरत पड़ती है।
बीते दो महीनों में असम में एक दर्जन अपराधी मुठभेड़ में मारे गए। इनमें कर्बी आंगलोंग जिले में मारे गए अपराधियों में छह उग्रवादी संगठन DNLA और दो UPRF से जुड़े थे।
मध्यप्रदेश में 'सत्यनारायण की कथा' फिल्म का भारी विरोध होने के बाद अब इस मामले में गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने डीजीपी को कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। संभव है कि जाँच के बाद फिल्म के निर्माता, निर्देशक के खिलाफ एफआईआर दर्ज हो।
उत्तर प्रदेश के बागपत में एक महिला ने खट्टा प्रहलादपुर गाँव के युवक कामिल पर धोखे से धर्मांतरण कराकर निकाह करने का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई है।
जम्मू-कश्मीर में राजनीतिक बंदियों की रिहाई जैसे विश्वास बहाली के उपायों की कमी से निराशा है। बैठक में कहा गया कि जम्मू-कश्मीर का राज्य का दर्जा बहाल होने के बाद ही विधानसभा चुनाव हों।
मैं कई ऐसे RSS के सदस्यों को जानता हूँ जिन्होंने सिर्फ इसी कारण से आरएसएस को छोड़ दिया क्योंकि उन्हें लगता है कि आरएसएस बदलाव लाने के प्रति कुछ ज्यादा ही नरम है।
पीएम मोदी ने कहा कि अनुभव से पता चलता है कि कोई भी राष्ट्र, चाहे वह राष्ट्र कितना भी शक्तिशाली क्यों न हो, अलगाव में इस तरह की चुनौती का समाधान नहीं कर सकता।
चाइना डेली ने अमेरिकी समाचार पत्रों में विज्ञापन पर कुल 1,10,02,628 डॉलर का खर्च किया है। इसके अलावा चीन सोशल मीडिया पर बैन होने के बावजूद चीन ने ट्विटर पर विज्ञापन के लिए 265,822 डॉलर खर्च किया है।
सरफराज ने पड़ोसी की नाबालिग बेटी को बहलाया और पड़ोस के मकान में गलत नियत से ले गया। कमरे में ले जाने के बाद सरफराज ने उसके साथ दुष्कर्म करने की कोशिश की।
संयुक्त किसान मोर्चा (SKM) ने रविवार (जुलाई 4, 2021) को कहा कि मानसून सत्र के दौरान संसद के सामने केंद्र के तीनों कृषि कानूनों के खिलाफ रोज करीब 200 किसानों का एक समूह प्रदर्शन करेगा।
“हम भारत-पाकिस्तान नहीं हैं। आमिर खान और किरण राव को देखिए, यह उस तरह का रिश्ता है। हमारे (शिवसेना-बीजेपी) के राजनीतिक रास्ते अलग हैं लेकिन दोस्ती हमेशा बरकरार रहेगी।”
बरजिन्दर सिंह परवाना ने एक वीडियो जारी किया जिसमें वह दीपक सिंह की लिंचिंग को यह कहते हुए जायज ठहरा रहा है कि दीपक ने गुरु ग्रंथ साहिब की ‘बेअदबी’ की है।
टीएमसी के साथ कॉन्ग्रेस सांसद की नजदीकियों का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि हाल ही में कोलकाता में फर्जी वैक्सीनेशन को लेकर जब विवाद हुआ था तो अभिजीत मुखर्जी ने ममता बनर्जी का समर्थन किया था।
कैराना के सरावज्ञान के रहने वाले हाजी अकबर के तीन बेटों में दूसरे नंबर का इकबाल काना फ़िलहाल पाकिस्तान के पंजाब प्रान्त में रहता है। LeT के इशारे पर उसने पूरी साजिश रची थी।
मौजूदा साल यानी 2021 की बात करें तो इस साल पहले ढाई महीने में ही 12 विभागों ने पब्लिसिटी में 29.79 करोड़ रुपए खर्च किए। 'अल्पसंख्यक कल्याण विभाग' ने 50 लाख रुपए में से 48 लाख सोशल मीडिया पर खर्च किए।
मुस्लिम और ईसाई अपने मजहबी प्रतीकों का उपयोग रक्षा के लिए कर रहे थे। जबकि हिंदुओं की पहचान के लिए अभियान चला। पीले रंग से बड़े अक्षरों में उनकी संपत्तियों पर ‘H’ लिखा गया।