हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश से रिटायर होने के बाद बहरुल इस्लाम फिर से सक्रिय राजनीति में चले आए। लेकिन इंदिरा गाँधी की सोच कुछ और थी। 9 महीने के रिटायरमेंट के बाद वह सुप्रीम कोर्ट के जज बनाए गए। एक रिटायर जज का इस तरह फिर से जज बनाने का फैसला काफी अजीब और अद्वितीय था लेकिन...
राज्यपाल से दोबारा चिट्ठी मिलने के बाद, कॉन्ग्रेस विधायक दल की बैठक के बाद मुख्यमंत्री सीधे राजभवन पहुँचे। राज्यपाल के मुख्यमंत्री को फ्लोर टेस्ट के लिए दोबारा पत्र लिखने के बाद कमलनाथ की यह पहली मुलाकात होगी। इस मुलाकात में कमलनाथ के राज्यपाल से और समय माँगे जाने की बात कही जा रही है।
'रावण' के झंडे का रंग भी नीला ही है जैसा कि बसपा का। चंद्रशेखर उसी दलित जाति 'जाटव' से संबंधित हैं जिससे मायावती, और उन्हीं की तरह वेस्ट यूपी ही जिसकी जन्मभूमि और कर्मभूमि रही है। चंद्रशेखर की जातीय पृष्ठभूमि और कार्य क्षेत्र को देखते हुए ही मायावती और उनकी बसपा ने भीम आर्मी चीफ को शुरू से एक प्रतिद्वंदी के तौर पर देखा।
कोर्टरूम में ही उससे लगभग एक घंटे तक पूछताछ की गई, जिसके बाद कस्टडी वाले एप्लीकेशन को दायर किया गया। अंकित शर्मा की हत्या के केस में सलमान को पहले ही गिरफ़्तार किया जा चुका है। ताहिर हुसैन इस मामले का मुख्य अभियुक्त है।
वो 'अमर' है। वो'जीसस का दूत' है। 88 वर्षीय ली मैन ही के उस रहस्यमयी चर्च के कारण दक्षिण कोरिया में कोरोना वायरस के क़रीब 5000 मामले आए हैं। मिस्टर ली का कहना है कि शिनचेओंजी की तेज़ तरक्की से दुष्ट शक्तियाँ नाराज़ हैं। इस चर्च का एक ब्रांच वुहान में भी हैं।
चार्जशीट में यह भी कहा गया था कि एल्गर परिषद हिंसा आरोपितों द्वारा सरकार को उखाड़ फेंकने और भीमा कोरेगाँव में झड़पों के माध्यम से लोगों को उकसाने, उपद्रव करने, भड़काने और आतंकवादी गतिविधियों के लिए कैडर की भर्ती करने समेत अवैध कार्य करना उनकी साज़िश का हिस्सा थे।
अभी तक यह मालूम नहीं चल पाया है कि नितीश के नाम पर असली आईडी से मैसेज किया गया है या फिर फेक आईडी से। लेकिन फिर भी पुलिस की जाँच इस मामले पर जारी है। पुलिस का कहना है कि व्यक्ति की खोज करके उसपर कार्रवाई होगी।
कमलनाथ ने भी राज्यपाल टंडन को पत्र लिखा था, जिस पर राज्यपाल ने आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि मुख्यमंत्री द्वारा उन्हें लिखे गए पत्र की भाषा अशोभनीय है और संसदीय मर्यादा के अनुरूप नहीं है।
टॉप 10 वॉन्टेड आतंकियों में से एक रियाज नाइकू कहता है, “सड़क, पानी, सोशल मीडिया हमारे लक्ष्य नहीं हैं... भारत अनुच्छेद 370 और सोशल मीडिया प्रतिबंध जैसे ट्रिक्स का उपयोग करके डेमोग्राफी को बदलना चाहता है। यह पाकिस्तान और कश्मीर को हथियार उठाने के लिए मजबूर करता है।”
NSUI नेता अहर्निश मिश्रा बार-बार प्रोफ़ेसर पर यह बोलने का भी दबाव बना रहा था कि “बोल, मैं अतुल, मेरी माँ का भो#$@।” NSUI नेताओं ने माँ सरस्वती के लिए भी अपशब्दों का प्रयोग किया और संस्कृत भाषा का मजाक बनाया। जान से मार डालने की धमकी दी।
दिल्ली पुलिस ने अपनी एक्शन टेकन रिपोर्ट में यह भी कहा है कि पेट्रोल बम लिए घूम रहे दंगाइयों और फँसे हुए निर्दोष स्टूडेंट्स के बीच फर्क करना बेहद मुश्किल था, क्योंकि उस समय अँधेरा हो चुका था।
निमिषा एक डेंटल स्टूडेंट थी। जो केरल के तिरुवनंतपुरम इलाके की रहने वाली थी। इसने बिना अपनी माँ को बताए बेक्सिन नामक एक ईसाई से शादी की थी। बाद में दोनों ने इस्लाम कबूल लिया था और कट्टरपंथियों के बहकावे में आकर कट्टरपंथ की राह पर चल पड़े थे।
संक्रमित व्यक्ति की रिपोर्ट आने से पहले वह अपनी पत्नी और दो बच्चों के संपर्क में आया था। जबकि उसकी माँ उसके छोटे भाई के साथ उसी इलाके में लेकिन दूसरे घर में रहती थी, जिन्होंने बीमार होने से कुछ दिन पहले अपने बेटे से मुलाकात की थी।
MP में कुल विधानसभा सदस्यों की संख्या 230 है। इनमें से 2 विधायकों की मृत्यु हो चुकी है। यानी वर्तमान संख्या 228 है। कॉन्ग्रेस में हुई बगावत के पहले पार्टी के पास थे 114 विधायक, भाजपा के पास थे 107, सपा के एक , बसपा के दो और निर्दलीय विधायक थे कुल चार। अब इसमें से अगर उन 22 कॉन्ग्रेसी विधायकों को निकाल दिया जाए, जिन्होंने अपने इस्तीफे...
आज JNU में एक मार्ग का नाम सावरकर जी के नाम पर रखा जाना निसंदेह एक दूरदर्शितापूर्ण कदम है। यह कदम उस स्थान पर अत्यावश्यक हो जाता है, जहाँ बैठकर स्वतन्त्रता उपरांत एक खास इतिहासकारों के वर्ग ने भारतीय मूल्यों को धूलि-धूसरित करने का कार्य करते हुए इतिहास की मनगंढ़त व्याख्या हमारे समक्ष रखी।
+91-11-23978046 पर कॉल कर के आप कोरोना वायरस से सम्बंधित किसी भी प्रकार की सूचना ले या दे सकते हैं, मदद माँग सकते हैं। सारे राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लिए भी अलग-अलग हेल्पलाइन नंबर की सूची प्रदान की गई है। ईमेल आईडी [email protected] पर आप मेल कर के कोरोना सम्बंधित मदद ले सकते हैं।
ईरान के राष्ट्रपति हसन रूहानी ने भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिख कर स्पष्ट तौर पर मदद माँगी है और कहा है कि उसे अमेरिकी प्रतिबंधों में ढील दिलवाई जाए।
शाहीन बाग के सवाल पर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि कोरोना के कारण 50 से ज्यादा लोगों के इक्ट्ठा होने का आदेश शाहीन बाग पर भी लागू होगा। हम 50 लोगों से अधिक के किसी भी कार्यक्रम की इजाजत नहीं देंगे, चाहे प्रोटेस्ट हो या कुछ और। यह नियम सभी जगह पर लागू होगा। उपजिलाधिकारी के पास कार्रवाई का पॉवर है। वह पुलिस के साथ जाकर कार्रवाई करें।
आरके मिश्रा ने बताया कि किस तरह से न्यू जर्सी से दिल्ली लौटे एक व्यक्ति ने देखा कि वहाँ एयरपोर्ट पर जाँच की पूरी सुविधा थी और ऐरोप्लेन के दरवाजे पर ही सारे यात्रियों का सिलसिलेवार तरीके से चेकअप किया जा रहा था। इस ट्वीट का जवाब देते हुए पीएम मोदी ने लिखा कि उनकी सरकार लगातार प्रयासरत है कि सभी स्वस्थ रहें और जिनमें जरा भी इस वायरस के लक्षण दिखें, उनका तुरंत इलाज हो।
“हमारे परिवार के सदस्यों को मार दिया गया है, बेटियों का धार्मिक रुपांतरण करा दिया और संपत्तियाँ छीन ली गई है। वहाँ पर जिंदगी मौत से भी बदतर है। हमें भारत सरकार द्वारा बनाए गए नए कानून के तहत कुछ उम्मीद है।”
दुबई से लौटे 11 लोगों में एक की रिपोर्ट पॉजिटिव आ गई है। चूँकि पूरी टीम उसके साथ थी, तो उनकी भी रिपोर्ट पॉजिटिव आने के आसार हैं। इसलिए इन लोगों को वापस अस्पताल लौटना बेहद जरूरी है।
ये इंटरव्यू उसी महीने का है, जिस महीने नेहरू का निधन हुआ था। उसमें उन्होंने स्वीकार किया था कि हिन्दुओं ने कभी धर्मान्तरण नहीं किया लेकिन इस्लाम का ये हमेशा से एक अंग रहा है।
तब्लीग समूह ने कुआलालंपुर के बाहरी इलाके में मस्जिद जमीक श्री पेटालिंग में एक विशाल सभा आयोजित की गई थी, जिसमें हजारों लोग शामिल थे। इसकी वजह से घातक कोरोना वायरस का काफी प्रसार हुआ।
“समिति ने यह पाया कि जब शायरी पढ़ी गई तब शायद, समय और स्थान उपयुक्त नहीं थे। जिस व्यक्ति ने उसका (कविता) पाठ किया, वह इस दृष्टिकोण से सहमत हुआ और उसने एक नोट लिखा कि किसी की भावनाओं को ठेस पहुँचने पर उसे पछतावा है। तो ऐसे में अब यह मामला बंद हो चुका है।”
सीएम कमलनाथ ने राज्यपाल को चिट्ठी लिखकर फ्लोर टेस्ट रोकने की माँग की थी। पत्र में उन्होंने कहा था कि वर्तमान परिस्थिति में फ्लोर टेस्ट कराना अलोकतांत्रिक होगा। कमलनाथ ने आरोप लगाया कि बीजेपी ने कॉन्ग्रेस के कई विधायकों को कर्नाटक में बंदी बना लिया है। ऐसी स्थिति में फ्लोर टेस्ट कराना अलोकतांत्रिक है।
"हमें अल्लाह का खौफ है और किसी का खौफ नहीं। हम हाथ भी खूब मिला रहे हैं और आपस में मिलकर बैठ रहे। नमाज पढ़ते हैं। हमें अल्लाह पर भरोसा है। हमें कुछ नहीं होगा। मोदी को होगा। क्योंकि मोदी जाते हैं बाहर। उन्हें डर है। हमें कोई डर नहीं है। हम दिन रात एक साथ हैं सारे... और अल्लाह हमारे साथ है।"
NDTV की भ्रामक हेडलाइन देखकर, लोग बाबा रामदेव को अनाप-शनाप बोलने लगे। एक यूजर ने तो ये तक लिखा कि जहाँ कोरोना पीड़ित हैं, वहाँ पर बाबा को योग के लिए भेजना चाहिए। अब आखिर एनडीटीवी को यही सब तो चाहिए था! हेडलाइन के साथ खेल कर उसने प्रोपेगेंडा के अपने स्तर को बनाए रखा।
“ये जेएनयू की विरासत के लिए शर्म की बात है कि इस आदमी का नाम इस विश्वविद्यालय में रखा गया है। सावरकर और उनके लोगों के लिए विश्वविद्यालय के पास न कभी जगह थी और न ही कभी होगी।”
जगनेश्वर रॉय संत गौरियो मंदिर के प्रमुख महंत थे। कुछ हथियारबंद बदमाशों ने उनकी गला काटकर निर्ममता से हत्या कर दी थी। इस मामले में कोर्ट ने जहाँगीर हुसैन उर्फ राजीब गाँधी, रजीबुल इस्लाम उर्फ बादल, आलमगीर हुसैन और रमजान अली को फाँसी की सजा सुनाई है।
सोमवार को कमलनाथ सरकार का फ्लोर टेस्ट होगा या नहीं यह स्पष्ट नहीं है। लेकिन, इतना तय है कि यदि मध्य प्रदेश में कॉन्ग्रेस की सरकार गई तो उसका असर राजस्थान जैसे दूसरों राज्यों पर भी पड़ेगा। गुजरात, झारखंड और छत्तीसगढ़ के भी कॉन्ग्रेस विधायकों में असंतोष है।
छात्रों ने गेट को तोड़ने के साथ-साथ प्रशासनिक भवन को भी नुकसान पहुँचाया। कार्यवाहक कुलपति जब मामले को सुलझाने की कोशिश कर रहे थे उसी समय कुछ छात्रों ने उनके ऑफिस की खिड़की की काँच तोड़ अंदर घुसने की कोशिश।
मायावती ने रावण को बीजेपी का एजेंट करार देते हुए अपने समर्थकों को उससे दूर रहने को कहा था। बावजूद इसके उनकी पार्टी के कई पूर्व सांसद और विधायक नई पार्टी में शामिल हुए हैं।
मृतक के संपर्क में आए चार रिश्तेदारों के नमूने जाँच के लिए भेजे गए थे। इनमें से एक के कोरोना से पीड़ित होने की पुष्टि हुई। कर्नाटक के स्वास्थ्य मंत्री ने ट्वीट के जरिए यह जानकारी दी है।
मध्य प्रदेश, राजस्थान, गुजरात, और छत्तीसगढ़ के बाद अब झारखंड के कॉन्ग्रेसी विधायकों में असंतोष की खबर सामने आ रही है। इससे झारखंड में राज्यसभा की चुनाव रोचक हो गया है। प्रथम वरीयता के दो वोट सहयोगी दल को देकर जेएमएम भी किरकिरी से बचना चाहती है।
सीएए विरोधियों और माओवादियों के बीच लिंक मिलने के बाद राज्य में सुरक्षा के लिए एहतियाती कदम उठाए गए हैं। बताया जा रहा है कि नागरिकता कानून का विरोध कर रहे लोग सरकारी कार्यालयों में अनिश्चितकालीन हड़ताल करवाने की फिराक में लगे हुए हैं।
सियासी घमासान के बीच कमलनाथ सरकार ने कर्मचारियों का महँगाई भत्ता बढ़ा दिया है। कर्मचारियों का महँगाई भत्ता जुलाई 2019 से बढ़ाया गया है। आदिवासी नेता रामू टेकाम और राशिद सोहेल सिद्दकी को मध्य प्रदेश राज्य लोकसेवा आयोग का सदस्य बनाया है।
ससुराल ले जाने के बहाने देवर मेराज ने नसरीन को बाइक पर बिठाया। घर न ले जाकर उसे अडगोड़वा के एक खेत में ले गया। वहॉं पहले से ही उसके दो अन्य साथी मौजूद थे। खेत में तीनों ने नसरीन के हाथ-पैर बॉंध सिर कलम कर दिया। इसके बाद सिर सरयू नदी में फेंक दिया।
कोरोना पर सार्क देशों के साथ चर्चा में पीएम मोदी ने इस वायरस के फैलने को लेकर भारत के अनुभव के बारे में बताते हुए कहा कि 'तैयार रहें, लेकिन घबराएँ नहीं' ही हमारे मार्गदर्शन का मंत्र है।
बुलेट प्रूफ फाइबर से बना यह मंदिर अनेक सुख-सुविधाओं से लैस है। इसमें रामलला को गर्मी से बचाने के लिए दो एसी भी लगे हैं। 25 मार्च को रामलला अपने भाइयों संग टेंट से निकलकर इस मंदिर में विराजेंगे। तब योगी आदित्यनाथ रामलला की प्रथम आरती करेंगे।
ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरिसन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नेतृत्व क्षमता की प्रशंसा की है। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी जी-20 के बीच लिंक-अप को बढ़ावा देते हुए कोरोना के खतरे से निपटने की पहल कर रहे हैं। ऑस्ट्रेलिया के पीएम ने कहा कि ये काफ़ी सराहनीय है।
दुबई से आए बुजुर्ग मोहम्मद हुसैन की कोरोना ने जान ले ली। मक्का-मदीना से लौटे एक ही परिवार के 14 सदस्य आइसोलेशन में हैं। लेकिन, उसी कर्नाटक में चार मुस्लिम युवकों ने इस्लाम का हवाला दे जॉंच से इनकार कर दिया और स्वास्थ्य अधिकारियों को वापस जाने के लिए धमकाया।
मध्य प्रदेश की कमलनाथ सरकार के कैबिनेट मंत्री पीसी शर्मा ने देवी की शरण में जाकर उन्हें अनुष्ठान करके मनाने की कोशिश की। उन्होंने आगर मालवा जिले के नलखेड़ा में विशेष किस्म का 'शत्रु विनाशक हवन' किया।
कोरोना से निपटने पर हाई लेवल मीटिंग हो और उसमें स्वास्थ्य मंत्री को ही नहीं बुलाया जाए, तो इसके क्या मायने हो सकते हैं। कुछ ऐसा ही छत्तीसगढ़ में हुआ है। सीएम ने स्वास्थ्य मंत्री सिंहदेव के बिना ही कोरोना से निपटने पर चर्चा कर ली।
इन पर पुलिस चौकी और वाहनों को फूॅंकने तथा सरकारी कार्यालयों में लूटपाट का आरोप है। साथ ही ‘हत्या के इरादे से’ पुलिस पर गोलीबारी के भी ये आरोपित हैं। इनमें से कई जेल में हैं। जो जमानत पर बाहर हैं उन्हें फिर से दबोचा जाएगा।
आतंकी संगठन ISIS ने लड़ाकों से कहा है, "जिहादी लड़ाके याद रखें, महामारी अपने आप नहीं आती, अल्लाह के फरमान से आती हैं। अल्लाह में भरोसा रखना है और उसी से इस बीमारी से लड़ने की दुआ माँगनी है।" साथ ही खतरा टलने तक घर से ही काम करने की सलाह दी है।
कोरोना से सर्वाधिक प्रभावित मुल्कों में से एक ईरान से लाए गए लोगों में से 103 तो मजहबी यात्रा गए थे। लेकिन, निकालते वक्त सरकार ने उनसे मजहब नहीं पूछा, क्योंकि वे भारतीय थे।