मतलब, संकट मोचन मंदिर से लेकर लोकतंत्र के मंदिर संसद तक हमले में मरने वाले अधिकतर लोग हिन्दू ही होते हैं (क्योंकि जनसंख्या ज्यादा है और टार्गेट पर भी वही होते हैं) और मारने वाले हर बार कट्टरपंथी होते हैं, फिर भी असली हिंसा तो गौरक्षकों द्वारा गौतस्करों को सरेराह पीट देना है।
माओवादी कहीं ना कहीं अब ये बात जान और समझ गए हैं कि 'जल-जंगल-जमीन' का उनका नारा अब प्रासंगिक नहीं रहा है। इनके पोषक ये बात अच्छे से जानते है कि यदि अब यह 3 मुद्दे ही प्रासंगिक नहीं रहे, तो अब माओवंशी किस तरह से अपना अभियान आगे बढ़ाएँ? लोगों के बीच डर पैदा कर के ही ये आतंकवादी संगठन अब प्रासंगिक बने रहना चाहते हैं।
पंडित नेहरू जब प्रधानमंत्री थे। तब कुम्भ में भगदड़ मच गई थी। हजारों लोग कुचल के मारे गए थे। लेकिन सरकार की लाज बचाने के लिए, पंडित नेहरू पर कोई दाग न लग जाए, इसके लिए खबरें दबा दी गईं। कुछ अखबारों में कोने में खबर छिपा दी गई। इसमें पीड़ितों को भी कुछ नहीं दिया गया। ऐसा पाप देश के पहले प्रधानमंत्री के काल में हुआ।
किसी 'इंतकाम' को पूरा करने के लिए डॉक्टर ने सैंकड़ों मरीजों को संक्रमित सूई से इंजेक्शन लगाया है। इस वहशियाना हरकत का मंजर ये है कि अब तक 25 बच्चों के मामले सामने आ चुके हैं, जिनमें ज्यादातर बच्चों की उम्र 4 महीने से 8 साल के बीच है।
कॉन्ग्रेस और एसपी, बीएसपी के बीच चुनावी मैदान में शैडो बॉक्सिंग केवल बीजेपी के वोट काटने के लिए एक छद्म मोर्चा था, क्योंकि उनमें से कोई भी वास्तव में इतना आश्वस्त नहीं था कि वो लोकसभा चुनाव में अपने दम पर कुछ कर सकते हैं। प्रियंका गाँधी वाड्रा का बयान भी इसी की पुष्टि करता है।
सामना पत्रिका में 'प्रधानमंत्री मोदी से सवाल, रावण की लंका में हुआ, राम की अयोध्या में कब होगा?' शीर्षक से लिखे संपादकीय में शिवसेना ने माँग की है कि श्रीलंका की तरह ही भारत में भी बुर्का पर प्रतिबंध लगना चाहिए।
UNSC के इस एक फैसले से यह साबित (जो पहले से तय था लेकिन अब अंतरराष्ट्रीय मुहर लग गई) हो गया कि पाकिस्तान आतंकियों और आतंकी गतिविधियों को पनाह देने वाला देश है। चीन की फजीहत इसलिए क्योंकि अपने साथी देश पाकिस्तान को वह वीटो के नाम पर...
केजरीवाल ने यदि अपने वादों का आधा हिस्सा भी पूरा किया जाता तो भले पूरी दिल्ली की सूरत नहीं बदलती कम से कम दिल्ली की जनता के जीवन स्तर में बहुत हद तक सुधार हो सकता था। लेकिन उनको मैनिफेस्टो में किए गए वादे पूरे करने ही नहीं थे, उन्हें तो केवल राजनीति चमकानी थी।
यमुना के तीर पर हड़प्पा के समकालीन ऐसी कौन सी संस्कृति बसी थी जहाँ इस प्रक्रिया से ताँबे के हथियार बनाए जाते थे? रथ, मुकुट, पाए वाली शव पेटिकाएँ, हवनकुंड, जली लकड़ियाँ और न जानें क्या-क्या। देखें गैलेरी। मरे हुए नेवले और जंगली सूअर का क्या औचित्य है?
PM मोदी ने जनसभा को सम्बोधित करते हुए सेरामपुर की जनता से भाजपा के पक्ष में मतदान करने की अपील की। लेकिन, इन सब से ज्यादा चर्चा का विषय देबजीत सरकार द्वारा इस जनसभा के बाद की तस्वीरें बन गई हैं।
2015 के 20 बड़े वादे। 2019 में वास्तविकता की पड़ताल करने पर हमें मिली वादाख़िलाफ़ी की 20 दास्तान। क्या कहा, क्या किया और कैसे पलट गए केजरीवाल! PPRC की रिसर्च रिपोर्ट की प्रमुख बातें, अन्य मीडिया रिपोर्टों के सबूत के साथ। लोकपाल बिल से लेकर पानी, बिजली और शिक्षा तक, सब कुछ।
ब्रिटेन और कनाडा के बाद, भारत और बांग्लादेश ने पीस टीवी पर भी प्रतिबंध लगा दिया था, जो अक्सर ISIS के भर्तियों में इस्तेमाल किया जाता रहा है, ताकि वे ब्रेनवाश कर सकें। धार्मिक असहिष्णुता और हिंसक अतिवाद को उकसाने के लिए, नाइक की वार्ता और भाषणों को भारत सरकार द्वारा 'अत्यधिक आपत्तिजनक' घोषित किया गया था।
गढ़चिरौली में नक्सलियों ने आईईडी ब्लास्ट से सुरक्षा बलों को निशाना बनाया। इस हमले में 15 जवान वीरगति को प्राप्त हो गए। यह घटना तब हुई जब गढ़चिरौली के घने जंगलों के बीच से सी 60 कमांडो यूनिट का दस्ता गुजर रहा था।
निर्वाचन अधिकारी द्वारा जारी किए गए दो नोटिसों का जवाब देने बुधवार (मई 01, 2019) दोपहर 11 बजे तेज बहादुर यादव अपने वकील के साथ RO से मिलने पहुँचे। जिसके बाद निर्वाचन अधिकारी ने तेज बहादुर के नामांकन पत्र को खारिज कर दिया।
भारत में बुर्क़ा पर प्रतिबन्ध लगाने की माँग अकेले शिवसेना ने नहीं की है, हिन्दू सेना नामक संगठन ने भी गृह मंत्रालय को पत्र लिखकर सार्वजानिक व निजी संस्थानों में सार्वजनिक तौर पर बुर्क़ा या नक़ाब के प्रयोग पर प्रतिबन्ध लगाने की माँग की है।
AAP ने 20 नए डिग्री कॉलेजों के निर्माण का वादा किया था लेकिन अब तक एक पर भी काम शुरू नहीं कराया जा सका है। जितने शिक्षकों की ज़रुरत थी, उससे आधे से भी कम पदों पर नियुक्तियाँ की गई हैं। फ्री वाई-फाई सर्विस से लेकर सीसीटीवी योजना सब की हालत पंक्चर है।
40 साल का समीर (बदला हुआ नाम)। 23 साल का ग़ुलाम मुस्तफ़ा। दोनों अच्छे दोस्त। एक-दूसरे के घर आना-जाना, खाना-पीना। समीर की 11 साल की बेटी। उस पर ग़ुलाम की न सिर्फ बुरी नज़र बल्कि गंदे तरीके से छूकर छेड़छाड़ भी करना। बात खुलने पर शर्मिंदा होने के बजाय दोस्त को ही...
राहुल गाँधी देश भर में घूम-घूम कर रक्षा मंत्रालय-प्रधानमंत्री कार्यालय द्वारा राफेल घोटाले का आरोप लगा रहे हैं, और उन्हें जलती फाइलें शास्त्री भवन में दिख रहीं हैं।
आजम खान ने चुनाव आयोग को भेजे अपने जवाब में बिना शर्त माफी माँगा था, लेकिन चुनाव आयोग ने उनकी इस पेशकश को ठुकरा दिया था। चुनाव आयोग ने कहा है कि वह आजम खान द्वारा चुनाव प्रचार के दौरान दिए गए बयान की सख्त निंदा करता है और उन्हें चेतावनी देता है कि वे भविष्य में ऐसा आचरण न करें।
सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस एस.ए. बोबडे, जस्टिस इंदु मल्होत्रा और जस्टिस इंदिरा बनर्जी के सामने महिला ने अपना बयान दिया था। अब तक हुई तीन सुनवाई में, महिला ने कहा कि उसे डर लग रहा है क्योंकि उसे अकेले इसमें शामिल होना है और यहाँ तक कि उसके वकील को भी कार्यवाही का हिस्सा नहीं बनने दिया गया।
दोनों बहनों ने साईं और आसाराम के खिलाफ कथित शोषण की अलग-अलग शिकायत दर्ज कराई थी। पुलिस ने आसाराम और उसके बेटे के खिलाफ दुष्कर्म, यौन शोषण और अवैध तरीके से बंधक बनाकर रखना और अन्य अपराध के तहत मामला दर्ज किया था।
आयोग की ओर से जारी किए गए नोटिस में तेज बहादुर को निर्देश दिए गए हैं कि वह बीएसएफ से एक अनापत्ति प्रमाण पत्र लेकर आएँ, जिसमें यह स्पष्ट हो कि उन्हें नौकरी से किस वजह से बर्खास्त किया गया। निर्वाचन आयोग ने इस प्रमाण पत्र को जमा करने के लिए बुधवार (मई 1, 2019) को दोपहर 11 बजे तक का वक्त दिया है।
शालिनी यादव अब भी PM नरेंद्र मोदी के लोकसभा क्षेत्र वाराणसी से उम्मीदवार हैं क्योंकि उन्होंने अभी तक अपना नामांकन वापस नहीं लिया है। माना जा रहा है कि शालिनी यादव का अपना जनाधार है, इसलिए SP के नए उम्मीदवार और BSF के बर्खास्त जवान तेज बहादुर यादव की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं।
मायावती ने ट्वीट करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में कॉन्ग्रेसी नेताओं द्वारा जो यह प्रचार किया जा रहा है कि भाजपा भले ही जीत जाए, लेकिन बसपा-सपा गठबंधन को नहीं जीतना चाहिए, यह कॉन्ग्रेस पार्टी के जातिवादी, संकीर्ण व दोगले चरित्र को दर्शाता है।
'वीरे दी वेडिंग' फिल्म में खुलकर अपने 'मन की बात' करने वाली स्वरा भास्कर को बहुत आसानी से नारीवाद का चेहरा बना कर पेश किया जाने लगा है। यह वर्तमान समय का सबसे बड़ा दुर्भाग्य ही कहा जा सकता है कि महिलाओं के अधिकारों को उसके शारीरिक सुख और जबरन फूहड़पन मात्र से जोड़कर पेश कर देने से वो समाज में महिलाओं की नई पहचान दिलाने वाले ठहराए जाने लगते हैं।
2015 में इसी प्रकार का एक पीआईएल दाखिल किया गया था जिसमें काग़ज़ातों के साथ राहुल गाँधी की नागरिकता पर सवाल खड़े किए गए थे। इस पीआईएल को सुप्रीम कोर्ट ने रिजेक्ट कर दिया था। अदालत ने इस याचिका को औचित्यहीन और तुच्छ करार दिया था।
ऐसे आदमी के शर्ट में एक छेद हो, तो उँगली डाल कर पूरा फाड़ कर देख ही लेना चाहिए कि भाई तुम्हारे 2009, 2014 और 2019 के चुनावी हलफ़नामे में इतने बदलाव क्यों हैं? आखिर बैकऑप्स नामक कम्पनी का डायरेक्टर प्रियंका को चुनावों के तुरंत पहले क्यों बना दिया गया था?
ऐसे मौकों पर एडिटर्स गिल्ड उसी 'गुप्त' रोग से ग्रसित हो जाता है, जिसमें नियम है कि भाजपा-विरोधी शासित राज्यों में पत्रकारों पर ज़ुल्म भी हो तो उस पर कुछ नहीं बोलना है और भाजपा शासित राज्य में किसी पत्रकार की सीढ़ियों से गिरकर ऊँगली में चोट भी लगती है तो एक 'Condemnation Letter' जारी कर दिया जाता है।
मैं भी चौकीदार के शोर ने कॉन्ग्रेस और उनके पक्षकारों की एलिटिस्ट मानसिकता को बेनकाब कर दिया। और अब तो देश के युवा ने खुद कमान संभल ली है जो कॉन्ग्रेस को उसी की भाषा में करारा जवाब दे रहे हैं।
सेक्स बहुत बुरी चीज है, इसके कारण लड़कियों का भविष्य बर्बाद हो रहा है - ऐसी बात नहीं है। लेकिन यह जरूर है कि जिस उम्र में सेक्स को लीगल करने की बात हो रही है, हमारा समाज उसके लिए तैयार नहीं है और न ही उसके लिए 16 के उम्र की लड़कियाँ तैयार हैं।
कुछ समय पहले जीवन गुजर-बसर के लिए चाय बेचने वाले भाजपा पार्षद अवतार सिंह को कल उत्तरी दिल्ली का नया मेयर चुन लिया गया है। इस पद पर पहुँचने वाले अवतार पहले दलित सिख हैं।
वह श्री लंका हमले का साज़िशकर्ता ज़हराम हाशिम और इस्लामिक उपदेशक ज़ाकिर के वीडियो देखता था। वह भगोड़ा अब्दुल राशिद के ऑडियो क्लिप्स सुना करता था। वह आतंकी अब्दुल खयूम से भी ऑनलाइन चैट कर रहा था। वह अशफ़ाक़ मज़ीद से भी संपर्क में था।
मेजर जनरल आसिफ गफूर ने रावलपिंडी में प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए बताया कि 1947 में पाकिस्तान में 247 मदरसे थे, जो कि 1980 में बढ़कर 2861 हो गए और मौजूदा वक्त में पाकिस्तान में 30 हजार से ज्यादा मदरसे चलाए जा रहे हैं।
इससे पहले इस मायावी और रहस्यमयी हिममानव की मौजूदगी के सबूत मकालू-बरुन नेशनल पार्क में मिले थे। सेना की पर्वतारोही टीम ने कुछ तस्वीरें जारी की है। वैज्ञानिकों का मानना है कि ये क्रॉस ब्रीड भालू है। कुछ ने राक्षस जैसा तो कुछ लोगों ने इसे मददगार बताया है।
एक वक्त ऐसा भी था, जब भाजपा को अपनी 'माँ' बताने वाले सिद्धू का कई साल तक भारतीय जनता पार्टी के साथ 'बेटे' जैसा जुड़ाव रहा था। लेकिन, पार्टी बदलते ही उन्होंने 'माँ' को 'गाली' देनी शुरू कर दी है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की वापसी के बारे में चीनी मीडिया और विशेषज्ञ क्या सोचते हैं? राहुल गाँधी के बारे में क्या है चीन में चर्चा? चीन को भरोसा है कि मोदी वापस लौटेंगे और वहाँ की मीडिया में 'डिजिटल इंडिया' जैसी भारतीय योजनाओं के साथ-साथ मोदी की वैश्विक कूटनीति की भी चर्चा है।
राज्यसभा सांसद सुब्रह्मण्यम स्वामी ने सनसनीखेज आरोप लगाते हुए ख़ुलासा किया था कि राहुल गाँधी ने एक प्राइवेट कम्पनी के रजिस्ट्रेशन काग़ज़ात में ख़ुद को ब्रिटिश नागरिक बताया था। ये कम्पनी लंदन में स्थित है। इसी आरोप पर गृह मंत्रालय ने...
कॉन्ग्रेस पार्टी ने मधुबनी सीट पर वीआईपी के उम्मीदवार बद्री पूर्वे के खिलाफ अपनी पार्टी के बागी शकील अहमद को प्रत्याशी बनाया है। अब इसी का बदला लेने के लिए वीआईपी ने पटना साहिब से कॉन्ग्रेस प्रत्याशी शत्रुघन सिन्हा के खिलाफ...
अफगानिस्तान के संचार और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय में बतौर आंतरिक लेखा निदेशक काम करने वाले आरोपी मोहम्मद उमर एरियन और वकील मोहम्मद अजीम होदमन को कैलंगुट पुलिस स्टेशन के अधिकारियों द्वारा की गई छापेमारी में गिरफ्तार किया गया। इस छापेमारी के दौरान उज्बेकिस्तान की दो युवतियों को छुड़ाया भी गया।
जम्मू के आईजी एमके सिन्हा ने मामले को सुलझाने का दावा करते हुए बताया कि 30 मार्च को बनिहाल में पुलवामा की तरह की कार ब्लास्ट करके CRPF कॉनवाय पर हमला करने की कोशिश की गई थी। इस साज़िश से जुड़े सभी 6 लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है जिसमें...