पाँच वर्ष पहले तक क्या होता था दुनियाभर से हम पर सवाल-जबाव शुरू हो जाते थे, दुनिया के देश रूल बनाते थे और हम उसे फॉलो करने के लिए मजबूर हो जाते थे। आज हर मामले में देश ख़ुद आगे बढ़कर निर्णय लेता है, फिर चाहे कोई भी मामला हो।
सरकार को जहाँ लोगों को जिम्मेदार बनाने की कोशिश करनी चाहिए, उन्हें मेहनत करके अपनी ज़िम्मेदारियों को पूरा करने के लिए प्रेरित करना चाहिए, वहाँ कॉन्ग्रेस अध्यक्ष लोगों में मुफ्तखोरी का बीज बो रहे हैं।
अगर प्रवीण को पैरोल दिया जाता है, तो पैरोल बोर्ड होमलैंड सिक्योरिटी से उसे तुरंत हैदराबाद भेजने के लिए कह सकता है या किसी भी राज्य में पहली बार पैरोल दिया जा सकता है।
जिस तरह की पार्टी है, और जैसे चाटुकार लोग हैं, वो लोगों की गालियों वाले ट्वीट को भी 'चर्चा में तो हैं हमलोग' मानकर निकल ले रहे हैं। मालिक तो पहले ही मूर्ख है, वो तो पेपर देखकर पढ़ नहीं पाता, उसको कुछ भी कह दो, क्या फ़र्क़ पड़ता है!
चुनाव आयोग ने ये निर्देश दिया है कि पहले चरण का चुनाव प्रचार थमने के बाद नेता दूसरे चरण में मतदान होने वाले क्षेत्रों में भी ऐसे भाषण नहीं दे सकते, जिससे पहले चरण के क्षेत्र के लिए वोट अपील करने का भाव उत्पन्न होता हो।
आतंकी संगठन स्कूली बच्चों को नाबालिग होने की वजह से अपना स्लीपर सेल बना रहे हैं। स्कूली बच्चों पर किसी को शक नहीं होगा और ये पकड़े गए तो जुवेनाइल एक्ट में जल्द छूट जाएँगे, इन्हीं वजहों से इन बच्चों को आसान हथियार बनाया जा रहा है।
मोदी विरोध के लिए देश की उपलब्धियों को झुठलाने वाली कॉन्ग्रेस व विपक्षी दल फिर कटघरे में हैं। आज नहीं कल, लोग उनसे हिसाब माँगेंगे और पूछेंगे कि देश को मजबूत बनाने वालों की संदिग्ध मौत और भारत को असुरक्षित बनाने वाली कॉन्ग्रेस पार्टी के इतिहास में इतने ब्लैक होल क्यों हैं?
जर्मनी के म्यूनिख में शुक्रवार को भारतीय दंपति के साथ उनके ही अपार्टमेंट पर रहने वाले एक व्यक्ति से बहस हुई। बहस इतनी बढ़ गई कि व्यक्ति ने दंपति पर चाकुओं से हमला कर दिया। हमले के दौरान प्रशांत के सिर पर चाकुओं से कई वार किए गए।
ऑपइंडिया ने इस तरफ अपना ध्यान केंद्रित किया और सबूतों को प्राप्त करने की दिशा में क़दम आगे बढ़ाए जिससे यह पता चल सके कि कहीं सोनिया गाँधी और उनका इटैलियन परिवार बोफोर्स घोटाले में शामिल तो नहीं था और फिर उनके नाम सार्वजनिक रूप से छिपा दिए गए हों।
PIB सोशल मीडिया के माध्यम से MEME बनाकर जनता से मतदान करने का सन्देश दे रहा है। एक MEME में PIB युवाओं से मतदान के दिन मोबाइल पर PUBG खेलने की जगह मतदान करने का निर्देश दे रहा है।
हक़ीक़त क्या है? ये तो चुनाव नज़दीक आते-आते और साफ हो जाएगा। अगर ऐसे ही हवाई माहौल बनाने की कोशिश की गई तो नंबर-1 का किला ढहकर अगर 3 पर जगह मिले तो कोई आश्चर्य की बात नहीं।
फसल को इसलिए कटवाया जा रहा है ताकि मायावती का विमान आसमान से वहाँ पर उतरे और उनका चुनावी भाषण जोर-शोर से वोटर्स को सुनाया जा सके। चिंता की बात यह भी है कि अभी फ़सल पकने का समय नहीं है, ऐसे में यह फ़सल मवेशियों के चारे के अलावा किसी काम में नहीं आ सकेगा।
जो बात अवमानना कानून के भय से देश के उग्रतम पत्रकार और भ्रष्टाचार से लड़ रहे कार्यकर्ता बोलने से कतरा जाएँ, मद्रास हाईकोर्ट के जस्टिस एसएम सुब्रमण्यम ने दो-टूक कह दी।
देश के जवानों की मौत और प्रधानमंत्री के कार्यों पर सवाल उठाने वाले फारूक का नाम उन नेताओं की सूची में रह चुका हैं जिन्हें जान का खतरा होने पर सरकार द्वारा जेड प्लस सिक्योरिटी तक मुहैया कराई गई।
प्रियंका जी को बताया गया है कि आप इंसान नहीं बल्कि लगभग अवतार हैं, कि लोग आपको सुनने नहीं बल्कि वे आपके कपड़े, नाक देखने आते हैं, वे यह भी देखने आते हैं कि भारत जैसे उष्णकटिबंधीय देश में आपकी त्वचा में प्रचूर मॉइस्चराइजेशन आखिर कैसे बना रहता है।
नेशनल एसोसिएशन फॉर पेरेन्ट्स एंड स्टूडेन्ट्स राइट्स (NAPSR) के सदस्यों ने देहरादून के जिलाधिकारी से मुलाकात कर स्कूल की मान्यता रद्द करने की माँग की है। NAPSR ने माँग की है कि स्कूल की जाँच कर वैधानिक तरीके से कार्रवाई की जाए।
चाको और चाको टाइप्स चिरकुट लोग, भूल चुके हैं कि समय बदल गया है और गाँधी चालीसा का पाठ उन्हें सोनिया और राहुल की नज़र में तो 'अले मेला बच्चा' तक तो पहुँचा देगा लेकिन भारत की जनता से नहीं बचाएगा जिसने नेहरू और नकली गाँधियों के कुकर्मों को लगातार झेला है।
कुछ मीडिया खबर इसे कार सिलेंडर ब्लास्ट का मामला बता रहे हैं। लेकिन ड्राइवर के गायब होने से इस पूरे धमाके पर शक गहराता जा रहा है। ड्राइवर की खोज फिलहाल जारी है।
नामांकन दाखिल करने से पहले एक रैली को संबोधित करते हुए, शाह ने कहा, “मैंने अहमदाबाद के नारनपुरा में संघवी हाई स्कूल में एक बूथ कार्यकर्ता के रूप में अपनी राजनीतिक यात्रा शुरू की और वहाँ से मैं पार्टी का अध्यक्ष बना।
एक जनसभा को संबोधित करते हुए शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने कहा कि भाजपा और शिवसेना में विचारों में अंतर था, लेकिन एक साथ बैठकर सभी मसलों को हल कर लिया गया है।
इस खबर के मूल हकीक़त को परखेे बिना इसे सोशल मीडिया पर शेयर करना दिखाता है कि आजकल सोशल मीडिया का इस्तेमाल किस प्रकार फेक न्यूज को फैलाने के लिए किया जा रहा है।
इक़बाल अंसारी ने कॉन्ग्रेस द्वारा अपने 60 वर्षों के शासन के दौरान अयोध्या की अनदेखी पर हमला किया। उन्होंने कहा कि शहर में कॉन्ग्रेस द्वारा कोई विकास कार्य नहीं किया गया, न तो रोज़गार उत्पन्न हुआ और न ही कोई मिल या कारखाना स्थापित किया गया।
चीटिंग की ख़बर थी, लेकिन इसमें ‘विचित्र’ वाला कम्पोनेंट नहीं मिला। जैसे कि ‘लिंग में बाँधकर ले गए थे पुर्ज़े’ या ‘मलद्वार में रखा था कागज को’, जो कि लल्लनटॉप की विशेषता है। फिर खबर बनेगी कैसे जो लल्लनटॉप पत्रकार को मारक मजा दे दे!
सीबीडीटी ने कहा, अगर कंपनी या व्यक्ति के संदिग्ध लेनदेन का पता चलता है तो राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण के समक्ष अपील करके कंपनी की बहाली की माँग की जाएगी ताकि आयकर अधिनियम के प्रावधानों के तहत उचित कार्रवाई की जा सके।
जिन तनुतश्री को टिकट देने के लिए कॉन्ग्रेस ने इतनी आतुरता दिखाई है, उनके माता-पिता (अमरमणि त्रिपाठी और उनकी पत्नी मधुमणि) कवियत्री मधुमिता हत्याकांड में जेल में हैं।
21 विपक्षी दलों के नेताओं ने कोर्ट में याचिका दाखिल कर माँग की थी कि एक निर्वाचन क्षेत्र में कम से कम 50 प्रतिशत वीवीपैट पर्चियों की मिलान किया जाए, ताकि चुनावी प्रक्रिया की शुद्धता पर आँच न आए। इस पर सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव आयोग से विचार करने को कहा था।
रक्षा मंत्रालय से जुड़े एक अधिकारी के मुताबिक, पाकिस्तान ने इन 32 दिनों में बालाकोट का हुलिया बदलकर दुनिया को ऐसा दिखाने को कोशिश की है, जैसे कि ये कोई आम मदरसा है।
एक राजस्थानी दंपति की बेटी का मोहम्मद रोशन के नेतृत्व में एक गिरोह द्वारा कथित रूप से अपहरण कर लिया गया था। 18 मार्च की रात 10 बजे के आसपास एक किराए की कार में लड़की के माता-पिता की पिटाई की गई थी और उसके बाद नाबालिग लड़की का अपहरण कर लिया गया था।
टोबी कैडमैन ने अदालत में कहा कि नीरव मोदी भारतीय एजेंसियों के साथ सहयोग नहीं कर रहा है और उसके भाग जाने का डर है। टोबी ने कहा कि इस बात का डर भी है कि वह गवाहों को बरगला सकता है और सबूत नष्ट कर सकता है।
कॉन्ग्रेस को यह बख़ूबी मालूम है कि पीएम मोदी ने पिछले पाँच साल में न सिर्फ़ अपने संसदीय क्षेत्र में विकास किया बल्कि समूचे भारत में विकास की नींव को मज़बूत भी किया।
आज बिहार औरतों की मुक्ति की प्रस्तावना लिखने जा रहा है। यह 'मौन-क्रांति' ही है, जो अब किसी भी बिहार की बेटी को दहेज और घरेलू -हिंसा के खातिर आत्महत्या के दहलीज तक नहीं पहुँचने देगी।
इस तीन हिस्से वाली शृंखला में, नितिन गुप्ता (जो कि रिवाल्डो के नाम से भी जाने जाते हैं) कश्मीर समस्या को पुलवामा हमले के आलोक में देख रहे हैं। पहले एपिसोड में वो बता रहे हैं कि 'शिक्षा की कमी से आतंकवाद फैलता है' इस सोच का सच क्या है।
भवानी माँ को लेकर खबरें हैं कि वह बीजेपी और अन्य दलों के नेताओं से भी टिकट की माँग कर रही थी। लेकिन उन्हें कहीं से भी मौक़ा नहीं मिला। जिसके बाद वह आप पार्टी से जुड़ीं और उन्हें लोकसभा का टिकट मिला।