"मैं अल्लाह से दुआ करती हूँ कि लक्ष्मी को भीख न माँगना पड़े, कोई दुर्गा गर्भ में न मरे, न पार्वती को दहेज देना पड़े, न सरस्वती को शिक्षा से वंचित किया जाए और न ही किसी काली को 'फेयर एंड लवली' की ज़रूरत पड़े। इंशाल्लाह!"
इनकम टैक्स के छापे में अब तक कहाँ से क्या मिला, देखिए पूरी सूची क्योंकि आपको ये कहीं और नहीं मिलेगा। इस पर कोई चर्चा नहीं कर रहा, कोई सवाल नहीं पूछ रहा, कोई प्राइम टाइम नहीं कर रहा। ये नेताओं, व्यापारियों, अधिकारियों, पत्रकारों का एक बहुत बड़ा नेक्सस है।
बढ़ते कम्पटीशन के दौर में सर्वाइवल और नाम का भार ढोते इन पोर्टलों के पास नग्नता और वैचारिक नकारात्मकता के अलावा फर्जीवाड़ा और सेक्स ही बचता है जिसे हर तरह की जनता पढ़ती है। लल्लनपॉट यूनिवर्सिटी से समाज शास्त्र में पीएचडी करने वाले ही ऐसा लिख सकते हैं।
यह हमला अस्पताल की ओपीडी में किया गया। जहाँ आरएसएस नेता/चिकित्सा सलाहकार चंद्रकांत अपने बॉडीगॉर्ड के साथ मौजूद थे। जैसे ही यह हमला हुआ अस्पताल के भीतर हुआ वहाँ अफरा-तफरी मच गई।
पंडोरी माता के मंदिर से कुछ दूरी पर ही चौकीदार का भी मंदिर है। यहाँ की मान्यता है कि जो भी भक्त पंडोरी माता के दर्शन के लिए आते हैं उन्हें देवदारवनिया चौकीदार के मंदिर भी जाना पड़ता है।
“यह नजरिए का मामला है। मैं नहीं जानता कि मंदिरों का प्रबंधन सरकारी अधिकारियों को क्यों करना चाहिए? तमिलनाडु में मूर्तियों की चोरियाँ हो रही हैं। धार्मिक भावनाओं के अलावा ये मूर्तियाँ अनमोल हैं।”
राहुल-प्रियंका की सहारनपुर रैली के दौरान सबकुछ ठीक-ठाक था लेकिन अचानक मौसम ने धोखा दे दिया और आसमान में काले बादल छा गए। पंडाल में कुर्सियाँ इधर-उधर उड़ने लगी। कॉन्ग्रेस ने रैली रद्द होने के पीछे योगी आदित्यनाथ को ज़िम्मेदार ठहराया है।
"रोहिंग्या को लावारिस मत समझना कि उन्हें बंगाल से निकाल दोगे। सुनो... ये असम नहीं, ये गुजरात नहीं, ये यूपी नहीं, ये मुजफ्फरनगर नहीं... ये बंगाल है, बंगाल। और बंगाल में अभी तक किसी माँ ने वो औलाद नहीं जना है जो मुसलमानों को निकाल कर दिखा दे।"
विश्वविद्यालयों की सूची में जेएनयू को NIRF की रैंकिंग के अनुसार देश का दूसरा सबसे बेहतरीन विश्वविद्यालय बताया गया है। इस कैटिगरी में पहले स्थान पर बंगलुरू स्थित इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ साइंस है। इसी कैटिगरी में जामिया मिलिया को 12वाँ और दिल्ली विश्वविद्यालय को 13वाँ स्थान मिला।
बिहार की राजनीति को समझने वाले लोग जानते हैं कि यहाँ लालू यादव जैसा वरिष्ठ और अनुभवी नेता भी संसदीय चुनाव हार सकता है, तो इन हवा-हवाई सेलेब्स की बात पर यहाँ की जनता शायद ही ध्यान दे। शबाना आज़मी और जावेद अख़्तर का न तो यहाँ जनाधार है और न ही उनका ऐसा कोई प्रभाव है कि उन्हें सुनने के लिए भीड़ जुटे।
दिल्ली में एक बड़े नेता के क़रीबी के यहाँ से 230 करोड़ रुपए के अवैध लेन-देन का पता चला है। टैक्स हेवेन कहे जाने वाले देशों में 80 कंपनियों की मौजूदगी के सुबूत भी मिले हैं। दिल्ली के पॉश इलाक़ों में कई बेनामी और अवैध संपत्ति का भी पता लगा है।
LET'S KILL THIS LOVE नाम का यह गाना 3.13 मिनट का है। इस गाने को बनाने के बाद जब इसको यूट्यूब पर 4 अप्रैल को अपलोड किया गया तो यह कुछ ही समय में यह वायरल हो गया। 24 घंटे में इसे 56.7 मिलियन (5 करोड़ 67 लाख) बार देखा गया।
फ़िल्मों में गुंडों को उड़-उड़ कर मारने वाले तेलुगू अभिनेता नंदमुरी बालाकृष्णा उस वक़्त रील और रियल लाइफ का फ़र्क़ भूल गए, जब उन्होंने अपनी ही पार्टी के एक कार्यकर्ता की जम कर पिटाई कर दी और उसके फोन को छीन कर फेंक दिया। हाल ही में उन्होंने एक पत्रकार को भी पीटा था।
सीबीआई ने सज्जन कुमार के राजनीतिक रसूख का जिक्र करते हुए अदालत से कहा कि वो बाहर निकलते ही गवाहों को आतंकित कर सकता है। 34 वर्ष बाद आए फैसले में दिल्ली उच्च न्यायालय ने सज्जन कुमार को उम्र क़ैद की सज़ा सुनाई थी। वो 3 महीने से जेल में है।
जाँच का दायरा बढ़ाने का आदेश देने के बावजूद भारत के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति गोगोई की अध्यक्षता वाली पीठ ने यह साफ़ किया कि उसे वर्तमान प्रणाली में कोई खोट नहीं दिखता और यह एक से पाँच की बढ़ोतरी केवल चुनाव प्रणाली में भरोसा बढ़ाने के लिए हो रही है।
ये चौंकाने वाला है कि जिस उत्तर प्रदेश के लिए प्रियंका गाँधी को जोर-शोर से लॉन्च किया गया है, उसी यूपी में कॉन्ग्रेस गठबंधन को 80 में से महज 3 सीटें मिलेंगी। दिल्ली में AAP का खाता तक नहीं खुलेगा। पिछले आम चुनाव की तरह इस बार भी भाजपा सातों सीटों पर कब्ज़ा करेगी।
केरल के वाईपिन तट पर और भी लोगों की भीड़ इकट्ठा थी पर वे या तो पानी में कूदने की हिम्मत नहीं कर पा रहे थे या उनमें से कोई भी ऐसा करने में सक्षम नहीं था। लेफ्टिनेंट दलाल तुरंत पानी में कूद गए और डूबते इन्सान की ओर बढ़ने लगे। कुछ ही मिनटों में...
फायर करने के बाद 'धनुष' आर्टिलरी गन अपनी पोजिशन चेंज कर सकती है। इस गन का वजन 13 टन है। विशेष गोला-बारूद के साथ इसका रेंज 38 किलोमीटर हो जाता है। इसे चीन व पाकिस्तान से लगी सीमा पर तैनात किए जाने की उम्मीद है।
घाटी के सारे नेताओं के देशविरोधी बयान।महबूबा मुफ़्ती ने भी धारा 370 को लेकर कहा कि पूरा देश जल उठेगा। फ़ारूक़ के बेटे उमर ने जम्मू कश्मीर के लिए अलग पीएम-राष्ट्रपति की माँग की थी। ग़ुलाम नबी आज़ाद ने जम्मू कश्मीर पुलिस को दुश्मन बताया था।
अपने विरोधी सुरों में वो कभी बीजेपी को बैलेट पेपर पर जवाब देने की धमकी दे डालती हैं तो कभी न्यूज़ चैनल द्वारा उनकी धरने देने वाली कवरेज़ पर मीडिया संस्थान को (रिपब्लिक टीवी) नोटिस थमा देती हैं। बड़ी ही 'विलक्षण' और फ़र्ज़ी प्रतिभा की धनी हैं ममता दीदी!
भारतीय वायुसेना ने पाकिस्तान के F-16 को मार गिराने का सबूत देते हुए रडार के जरिए मिली उस तस्वीर को भी जारी कर दिया, जिसमें F-16 फाइटर जेट को साफ तौर पर एयरबोर्न वॉर्निंग ऐंड कंट्रोल सिस्टम ने लिया था।
रॉबर्ट वाड्रा ने अपनी चुनाव प्रचार समिति तैयार कर ली है। इसके लिए कई कॉन्ग्रेस नेताओं ने आवेदन दिया था लेकिन उनमें से कुछ को ही चुना जा सका। वाड्रा अब अपनी इस चुनाव प्रचार समिति के साथ भारत भ्रमण पर निकलेंगे। जानिए कौन-कौन हैं उनकी टीम में?
ऐसे बहुत से विदेशी नागरिक हैं जो भारतीय परंपराओं को सर्वोपरि मानते हैं और उसे आत्मसात करने का पूरा प्रयास करते हैं। हमारे देश की सभ्यता का गुणगान जब दूसरे देश के लोग करते हैं तो शायद ही ऐसा कोई भारतीय होगा जिसका सिर गर्व से ऊँचा नहीं उठेगा।
माल्या ने खुद को बचाने के लिए कई बार ऋण की मूल राशि का 100 प्रतिशत लौटाने की पेशकश की है। पर याचिका खारिज किए जाने के बाद माना जा रहा है कि उनका प्रत्यर्पण जल्दी ही हो सकता है।
ममता बनर्जी ने एक रैली में प्रधानमंत्री मोदी को सत्ता और राजनीति से बाहर निकालने की बात कही। इतना ही नहीं, उन्होंने तो यहाँ तक कह दिया कि मोदी के मुँह को चिपकने वाले सर्जिकल टेप से चिपका देना चाहिए।
वैसे तो फ़िल्म 12 अप्रैल को रिलीज होने वाली है लेकिन ऑपइंडिया आपके लिए लेकर आया है 'द ताशकंद फाइल्स' का रिव्यु। एक्टिंग, निर्देशन और स्क्रिप्ट से लेकर फिल्म के थीम की गहन एवं विस्तृत समीक्षा। और हाँ, मिथुन चक्रवर्ती का वो डायलॉग...
संतान जब दो महीने से आईसीयू में हो, बोलना चाहे और आवाज न निकले, लगातार सर्जरी होती रहे, डॉक्टर आपको बताते रहे कि इसमें समय लगेगा, आप धैर्य दिखाते हैं, आप पत्नी का हाथ पकड़ते हैं, दूसरे बच्चों को गोद में सुलाते हैं, उसे सरल शब्दों में बताते हैं कि उसका भाई कल की अपेक्षा आज बेहतर है।
कुल मिलाकर देखें तो आंतरिक कलह, समाज के सभी वर्गों के बीच गडकरी की स्वीकार्यता और सबसे अव्वल उनके विकास कार्यों की आड़ में दबी कॉन्ग्रेस कार्यकर्ताओं की नाराज़गी के कारण पार्टी शायद पहले से ही इस सीट को हारी हुई मान कर चल रही है।
इस समय पूरे विपक्ष की हालत एक जैसी हो चुकी है। सब भाजपा को सत्ता से हटाने के लिए लुभावने वादे कर रहे हैं। कॉन्ग्रेस का हाल हम उसके घोषणा पत्र में देख ही चुके हैं। अब अखिलेश, मायावती और चंद्रशेखर की राजनीति भी उनपर सवालिया निशान लगा रही है।
“बापू ने 1947 में कहा था, कॉन्ग्रेस का काम समाप्त, अब कॉन्ग्रेस का विसर्जन कर दो। वो जानते थे कि कॉन्ग्रेस का मतलब अब एक परिवार होने जा रहा है। बापू के सपने को साकार करने के लिए भाई-बहन आ चुके हैं।”
जम्मू-कश्मीर में भाजपा ने आर्टिकल 35A हटाने की बात कही है। इसके लिए अपनी प्रतिबद्धता दर्शाते हुए पार्टी ने कहा कि ये आर्टिकल राज्य के विकास में बाधक है। भाजपा ने कहा है कि वो कर की दर घटाने की अपनी नीति जारी रखेगी ताकि ईमानदार करदाताओं को फ़ायदा हो।
प्रस्तुत है पत्रकारिता के इतिहास में पहली बार गाँधी परिवार के कुछ ऐसे कारनामों के खुलासे, जो उन्होंने देश पर अहसान न लादने के लिए नहीं बताए। लेकिन हम आपको बताएँगे ताकि हम और हम सबकी पीढ़ियाँ इस महान परिवार की चरण-वंदना करते रहें... अनंत काल तक।
नाबालिग लड़की की माँ ने शिक़ायत दर्ज कराई थी कि उसकी 17 वर्षीय बेटी का बलात्कार उसके देवर द्वारा कई बार किया गया था। नाबालिग लड़की के साथ बलात्कार करने के वाले चाचा को अगले दिन उल्लाल पुलिस ने गिरफ़्तार कर लिया।
भले ही पी चिदंबरम अपने इस ट्वीट के ज़रिए यह दिखाना चाहते हों कि उन्हें आयकर विभाग की छापेमारी से डर नहीं लगता, लेकिन सच्चाई तो यह है कि वो सीएम कमलनाथ के क़रीबियों के ठिकानों पर अचानक हुई छापेमारी से सहमे हुए हैं। वजह साफ़ है। उनके बेटे और उनकी पत्नी...
रॉबर्ट वाड्रा ने कहा है कि यूपीए चेयरपर्सन सोनिया गाँधी और कॉन्ग्रेस अध्यक्ष राहुल गाँधी के नामांकन पत्र भरने के बाद वह पूरे भारत में कॉन्ग्रेस पार्टी के लिए प्रचार करेंगे।
वरुण गाँधी ने जनता से नरेंद्र मोदी को दोबारा प्रधानमंत्री बनाने के लिए भाजपा को जिताने का संकल्प लेने की बात कही। इसके साथ ही उन्होंने मुस्लिम और एससी-एसटी मतदाताओं से भी भाजपा को वोट देने का आह्वान किया।
इस नोटिस से पूर्व भी एजेंसी उन्हें दो नोटिस जारी कर चुकी थी लेकिन मीरवाइज ने दिल्ली का दौरा करने में अपनी सुरक्षा संबंधी चिंता को जाहिर किया था। साथ ही श्रीनगर में पूछताछ करने की बात कही थी।
चुनावी माहौल के बीच कॉन्ग्रेस अध्यक्ष राहुल गाँधी और प्रियंका गाँधी मंदिरों में जाकर पूजा करते नज़र आते हैं, लेकिन उनके कार्यकर्ताओं ने धार्मिक स्थल पर जाकर जिस तरह का उत्पात मचाया है, उससे तो ऐसा कतई नहीं लग रहा है।
एयरपोर्ट पर लैंडिंग के पहले प्रयास में असफलता के बाद बहुत देर तक विमान आसमान के ही चक्कर लगाता रहा। इसके बाद रनवे न दिखने के कारण दूसरे प्रयास में भी फ्लाइट की लैंडिंग मुमकिन नहीं हो पाई।
राहुल गाँधी ने जहाँ हर गरीब परिवार को ₹72,000 सालाना देने का वादा किया है, वहीं अगर चंद्रबाबू नायडू की पार्टी सत्ता में आती है, तो हर साल प्रत्येक परिवार को ₹2 लाख दिए जाएँगे। इसके साथ ही टीडीपी ने 12वीं पास कर चुके छात्रों को बेरोजगारी भत्ता देने की बात कही है।
इस साल उन्होंने अस्का और बेरहामपुर लोकसभा सीटों से अपना नामांकन दाखिल किया। एक प्रमाणित होमियोपैथ, श्री सुबुद्धि कहते हैं कि वह राज्य में तीन खाली राज्यसभा सीटों पर भी चुनाव लड़ेंगे, जिसके लिए चुनाव 11 जून को होंगे।
देश ने अभी तक आपके परिवार का बड़ा सम्मान किया। अब देश आपसे चाहता है कि आप भी लोकतंत्र की भावना और उसकी इच्छा का सम्मान करते हुए कुछ समय तक सत्ता से दूर रहने में योगदान देकर सच्ची देशभक्ति का सबूत दें। आपकी नकली देशभक्ति और बाहरी दिखावों की देश को फिलहाल ज़रूरत नहीं।
ख़ुद के साथ हुए इस अन्याय के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन के लिए सभी महिलाएँ एकजुट हुईं और अपनी आवाज़ बुलंद करने का निर्णय लिया। कार्ति के आगमन पर एक महिला ने पूछा कि जब वह वादा किए हुए ₹500 भी नहीं दे सकते, तो भला वो ₹6,000 कैसे देंगे।
आपने सत्ता की आलोचना को अपनी घृणा के सहारे खूब हवा दी, लेकिन आपने देश के नकारे विपक्ष और एक परिवार पर एक गहरी चुप्पी ओढ़े रखी। इसको अंग्रेज़ी में कन्विनिएंट साइलेन्स कहते हैं। यहाँ आप न्यूट्रल नहीं हो रहे, यहाँ आप जानबूझकर एक व्यक्ति का पक्ष ले रहे हैं ताकि उसकी छवि बेकार न हो।
प्रधानमंत्री कार्यालय के अन्य अधिकारियों की तरह दीक्षित की पहुँच सोनिया गाँधी तक नहीं थी। वे जब भी मिलने की इच्छा जताते तो सोनिया गाँधी की तरफ से नकारात्मक उत्तर ही मिलता। वास्तव में मनमोहन सिंह के प्रधानमंत्री बनते ही NSA पद के लिए झगड़ा प्रारंभ हो चुका था।