ये अल्ट्रा नेशनलिस्ट क्या होता है? राष्ट्रवाद बस राष्ट्रवाद है, उसमें विशेषण लगाकर गाली बनाने वाले लोग धूर्त चिरकुटों की परम्परा से आते हैं, इनको देखते ही, राह चलते धोते रहना चाहिए, शब्दों से!
इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) पर उठने वाले सवालों के जवाब में चुनाव आयोग ने कहा कि EVM मशीन को बेवजह ही फुटबॉल बना दिया गया है। आगामी लोकसभा चुनाव EVM मशीन के माध्यम से ही सम्पन्न होंगे।
हमने आतंकवाद को कठोरता से डील किया है। आजादी के बाद से किसी भी सरकार से ज्यादा अच्छा और कठोर रहा है हमारा रुख आतंकवाद के लिए, सबसे ज्यादा आतंकवादी हमारे समय में मारे गए हैं।
इंडियन पायलट अभिनंदन से पहले भी भारत-पाक के युद्ध में सेना के कुछ जवान पाकिस्तान पहुँच गए थे। उस समय सोशल मीडिया के अभाव में उनकी कुशलता की सूचनाओं के लिए इंतज़ार करना पड़ता था।
पीएम मोदी ने बिना नाम लिए हुए कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि साल 2008 में हुए 26/11 हमले के बाद भी कुछ नहीं हुआ, लेकिन उरी के बाद हमने देखा कि जवान क्या कर सकते हैं, पुलवामा के बाद हमने देखा कि जवानों की ताकत क्या है।
जम्मू-कश्मीर आरक्षण अधिनियम, 2004 में संशोधन के माध्यम से राज्य सरकार की नौकरियों में आरक्षण वाले प्रावधान के भीतर नियंत्रण रेखा के पास रहने वाले लोगों के साथ अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास रहने वाले लोगों को भी लाया गया है।
जब इनकी दुकान बंद होने को आती है, इन्हे लालू यादव जैसे भ्रष्टाचारियों में भी नायक दिखने लगता है। इन खलनायकों को अब एक नया नायक मिल गया है। चूँकि अब इन्हे देश के अंदर कोई नायक नहीं मिल रहा, इन्होनें पाकिस्तान का रुख किया है।
फ़र्ज़ी खबर फ़ैलाने वाले इस ट्विटर एकाउंट को कॉन्ग्रेस पार्टी प्रवक्ता प्रियंका चतुर्वेदी से लेकर कॉन्ग्रेस सांसद शशि थरूर फॉलो करते हैं। प्रियंका चतुर्वेदी जिस तरह से रोजाना फ़र्ज़ी खबर और फोटो सोशल मीडिया पर शेयर करते हुए पाई जाती हैं, इसकी वजह शायद यही है कि उनकी सूचनाओं के स्रोत और 'कच्चे माल' की निर्भरता इस तरह के फेक न्यूज़ एकाउंट्स हैं।
गृह मंत्रालय द्वारा यह क़दम जम्मू-कश्मीर पुलिस द्वारा 22 और 23 फरवरी को घाटी में जमात के 100 कैडरों को गिरफ़्तार करने के बाद उठाया गया है। गिरफ़्तार किए गए लोगों में आतंकी संगठन के प्रमुख अब्दुल हामिद फैयाज़ और प्रवक्ता वकील ज़ाहिद अली शामिल है।
मानव संसाधन एवं विकास मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने विज्ञान दिवस के मौके पर STARS यानी Scheme for Translational and Advanced Research in Science योजना की शुरुआत की
इकोनॉमिक टाइम्स के अनुसार, पहचान की गई 14 अवैध संपत्तियों में बंगले, महलनुमा घर शामिल हैं, इन सभी सम्पत्तियों को संलग्न किया जाएगा। इसके अलावा विवादास्पद 'पीस प्रीचर' ज़ाकिर नाइक की मुंबई और पुणे में ₹50.73 करोड़ की अवैध सम्पत्ति की पहचान की है।
अमेरिका, ब्रिटेन और फ्रांस ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में मसूद को प्रतिबंधित करने का प्रस्ताव दिया है। कूटनीतिक तौर इसे पर भारत की बड़ी सफलता के रूप में देखा जा रहा है।
कॉन्ग्रेस नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने भारतीय विंग कमांडर अभिनन्दन का अपमान करने वाले कार्टून को शेयर किया। बीबीसी के इस कार्टून में अभिनन्दन को पाकिस्तानी झंडे के साथ दिखाया गया है। लोगों ने बीबीसी और कॉन्ग्रेस को जम कर लगाई लताड़।
सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने सोशल मीडिया कंपनियों को यह साफ़ कर दिया है कि देश का मनोबल तोड़ने वाले कोई भी कार्य बर्दाश्त नहीं किए जाएँगे। भारत सरकार के नोटिस पर कार्रवाई करते हुए यूट्यूब ने ऐसे 11 वीडियो हटा दिए।
इमाम हुसैन ने पीएम मोदी का अपमान करने के लिए उनकी फोटो को पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान ख़ान की फोटो के साथ एडिट कर फेसबुक पर पोस्ट किया। लोगों द्वारा मना किए जाने व विरोध दर्ज कराने के बावजूद इमाम ने ये पोस्ट हटाने से मना कर दिया।
अनुच्छेद 370 को हटाने को लेकर जितना विवाद है उससे अधिक इसकी गलत व्याख्या की जाती रही है। इस अनुच्छेद की व्याख्या में अनर्गल तर्क देने वाले बुद्धिजीवी यहाँ तक कहते रहे हैं कि 370 ‘कश्मीर को असाधारण स्वायत्ता’ प्रदान करता है।
ये मीडिया गिरोह अगर एक बार भी पाकिस्तान से हफीज सईद और आतंकवाद पर कार्रवाई करने की अपील करती तो शायद एक बार के लिए इन्हें पढ़ने वाले लोग गंभीरता से लेना शुरू कर देते। लेकिन इन्होंने इन 2 दिनों में सिर्फ यही साबित किया है कि ये लोग बिना पेंदी के लोटे से ज्यादा कुछ नहीं हैं।
प्रधानमंत्री ने अपनी कथनी और करनी में भेद न करते हुए देश की जनता को यह दिखा दिया कि उन्हें वास्तव में देश के हित-अहित की चिंता है। इसी का नतीजा एयरस्ट्राइक के रूप में पूरी दुनिया ने देखा।
पाकिस्तान की अहमियत मोदी के लिए इतनी भी नहीं है कि उसके द्वारा किए गए हमलों के जवाब में एयर स्ट्राइक होने पर एक भी बार कहीं सीधा बयान दे। पूरे प्रकरण में मोदी ने अपनी रैलियों से लेकर, कई कार्यक्रमों के दौरान कहीं भी पाकिस्तान पर किए गए स्ट्राइक का सीधे ज़िक्र नहीं किया।
जैश के आतंकी ठिकानों पर की गई कार्रवाई पर सेना ने कहा, "हमारे पास सबूत हैं कि जो हम जो करना चाहते थे, टारगेट को जितना डिस्ट्राय करना चाहते थे। वो हमने किया। अब सरकार के ऊपर है कि वो एविडेंस देना है कि नहीं।"
पाकिस्तान मीडिया फिलहाल इस समय पर जोरो-शोरों से प्रमाण देने पर तुला हुआ है कि उसे शांति और अमन चाहिए... शायद पाकिस्तान इस बात को अच्छे से जानता है कि अब भारत किसी भी कीमत पर चुप नहीं रहने वाला है।
इमरान खान ने यह बात पाकिस्तानी संसद में कही और कहा कि ये उनकी तरफ से शांति के लिए एक पहल की तरह देखा जाए। मीडिया की ख़बरों के अनुसार भारतीय पायलट को शुक्रवार को भारत को सुपुर्द किया जाएगा।
भारत ने साफ़ कर दिया है कि वह अंतरराष्ट्रीय नियमों के अनुसार तत्काल प्रभाव से अपने पायलट की रिहाई चाहता है और वह भी बिना किसी शर्त के। यानी, भारतीय पायलट को लेकर कोई डील नहीं होगी। जेनेवा कन्वेंशन का पालन होना चाहिए।
क्या इमरान नहीं जानते कि जैश-ए-मोहम्मद के बाक़ायदा बोर्ड लगे हुए हैं पाकिस्तान में? फिर ये दोगलों जैसी बातें क्यों करता है इमरान? स्वीकार लो कि तुम एक नकारा प्रधानमंत्री हो, जिसके हाथ में न तो सत्ता है, न आर्मी है और न ही वो तमाम आतंकी जो तुम्हारी बात सुनते हों।
कॉन्ग्रेसी नेता चेलाकुमार ने कहा कि गोधरा भी भाजपा ने ही प्लान किया था, इसी तरह उन्होंने पुलवामा हमले को भी अंजाम दिया। उन्होंने पूछा कि आत्मघाती हमलावर के शव क्यों नहीं दिखाए गए?
बन्दूक की नाली पर सत्ता लेने की बात करने वाले जब #SayNoToWar का रोना रोने लगें, तो समझ जाइए कि दाल में कुछ काला है। जैसे ही आतंकियों पर कार्रवाई का समय आता है, ये अपने बिल से निकल आते हैं और युद्ध बनाम शांति की बहस क्रिएट कर उसमें कूद पड़ते हैं।
सैयद अहमद शाह ने राजा रणजीत सिंह द्वारा अज़ान और गौतस्करी पर प्रतिबंध लगाने की बात सुनकर जिहाद की घोषणा कर दी थी। जिस समय पर बरेलवी बालाकोट पहुँचा उस समय उसके साथ 600 जिहादी थे और पेशावर के हज़ारों पठानों द्वारा भी उसे समर्थन दिया जा रहा था।
रेडियो पाकिस्तान ने अपना पक्ष दिखाने के लिए राहुल गाँधी व अन्य विपक्षी पार्टियों के बयान का प्रयोग किया। विपक्षी पार्टियों ने कहा कि पीएम मोदी ने पाकिस्तान पर कार्रवाई करने से पहले सर्वदलीय बैठक नहीं बुलाई।
फ्रांस, अमेरिका और ब्रिटेन ने पाकिस्तानी आतंकी संगठन जैश-ए-मुहम्मद के संस्थापक मसूद को प्रतिबंधित करने के लिए संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में प्रस्ताव पेश किया है।
कुछ लोगों के लिए देशप्रेम एक सहज बात नहीं होती। उन्होंने बार-बार दिखाया है कि उनकी ज़मीन कहीं और है। उनके लिए सैनिकों पर पत्थर फेंकने वालों के लिए, जवानों के घेरकर मार देने वाले नक्सलियों के लिए, देश को तोड़ने वाली शक्तियों के लिए हमेशा मानवाधिकार जैसे शाब्दिक हथियार होते हैं।
क्या भारत ने नियंत्रण रेखा के पार एयर स्ट्राइक कर गलती की है? क्या भारत की एयर स्ट्राइक से पाकिस्तानी फ़ौज का दबदबा अपनी जनता पर बढ़ा है? इसका जवाब देना इतना कठिन भी नहीं है।
श्रीगंगानगर एसपी हेमंत शर्मा ने भी लोगों से अपील की है कि ऐसे हालत में किसी के भी पास फोन कॉल आ सकते हैं, मगर भारतीय सेना से जुड़ी कोई भी सूचना किसी संदिग्ध से ना शेयर करें।
सीमा पर टेंशन और वायु सेना के एक मिसिंग पायलट के बीच पाक उप-उच्चायुक्त को विदेश मंत्रालय ने बुलाया है। कयास लगाया जा रहा है कि यह बुलावा पायलट की सकुशल वापसी के संबंध में ही है।
आतंकवाद पर लगाम लगाने को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की बड़ी जीत हुई है। तीनों देशों के विदेश मंत्रियों की बैठक के बाद जो घोषणापत्र जारी किया गया, उसमें आतंकवाद और आतंकी ठिकाने नष्ट करने का स्पष्ट संदेश दिया गया।
हेलिकॉप्टर दुर्घटना के दौरान दो हिस्सों में टूट गया और उसमे आग लग गई। आग के कारण इलाक़े में काला धुआँ छा गया। अभी तक दोनों मृतकों की पहचान नहीं हो सकी है।
पाकिस्तान सोशल मीडिया पर 2016 और 2018 में दुर्घटनाग्रस्त हुए विमानों की तस्वीरें दिखा कर दावे कर रहा है कि पाकिस्तानी सेना ने भारतीय सेना के 2 विमान मार गिराए और 2 भारतीय सैनिकों को बंदी बनाया जा चुका है।