पुलिस को मथुरा के भीमनगर में लॉकडाउन के उल्लंघन और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं किए जाने की सूचना मिली थी। पुलिस पहुॅंची तो देखा कि न केवल दुकानें खुली हुई थीं, बल्कि लोग खुले में ताश खेल रहे थे। मना करने पर वहाँ मौजूद कुछ लोगों ने पथराव शुरू किया था।
रात के 2 बजे जैसे ही एक व्यक्ति के कोरोना पॉजिटिव होने की सूचना आई, 1248 टीमें बना कर पूरे जिले में कोरोना के लक्षण वाले लोगों और उनके संपर्क में आने वालों को ट्रेस करने का अभियान शुरू किया गया। केंद्र सरकार ने भी अपनी डेली ब्रीफिंग के दौरान आगरा मॉडल का जिक्र किया। अब दूसरे राज्य भी इससे सीख रहे हैं।
“मैंने पंजाब के डीजीपी से अनुरोध किया है कि 2 दिन के भीतर चार्जशीट दाखिल की जाए। 10 दिनों के भीतर ट्रायल पूरा किया जाए। आरोपित को आजीवन कारावास दिया जाना चाहिए। इससे पूरे देश में एक संदेश जाएगा।”
लोटन के भाई बिरजू का कहना है कि उनका परिवार तभी तक सुरक्षित है, जब तक गाँव में पुलिस है। बिरजू ने कहा-"दुश्मनी बढ़ ही गई है। अब जाना ही पड़ेगा। हम 3-4 महीनों में गाँव छोड़ देंगे। दूसरा कोई विकल्प नहीं बचा है। पुलिस तो आज है, कल नहीं रहेगी।"
ठगों ने पीएनबी और यूनियन बैंक में दो फर्जी खाते खोले। हजारीबाग के करीब 200 लोगों ने इन खातों में यह समझ कर पैसा जमा किया कि वे पीएम रिलीफ फंड में दान दे रहे हैं। इन खातों में जमा राशि को ठग अलग-अलग खातों में ट्रांसफर कर लेते थे।
मुँह ढके दो बाइक सवार आते हैं। सौ-सौ के पाँच नोटों पर थूक लगाते हैं और अलीगढ़ के एक गॉंव में फेंक फरार हो जाते हैं। उनकी यह हकरत एक महिला देख लेती है। ग्रामीणों को इसकी खबर देती है तो हड़कंप मच जाता है फिर...
जमातियों से जुड़े लगभग 15 हॉटस्पॉट हैदराबाद में हैं, जबकि बाकी 115 राज्य के अन्य जिलों में हैं। पुलिस और मेडिकल स्टाफ की 1300 टीमों की एक टास्क फोर्स को ऐसे 130 कंटेनमेंंट ज़ोन में तैनात किया गया है। आंध्र प्रदेश में लगभग 120 हॉटस्पॉट तबलीगी जमात के सदस्यों और...
"कोरोना वायरस पर दिल्ली सरकार के डेली बुलेटिन में 'मरकज़ रिलेटेड' वाला कॉलम इस्लामोफोबिया को बढ़ावा देने वाला है। ऐसा बेहूदा वर्गीकरण गोदी मीडिया और हिंदुत्ववादी ताकतों के आगे सरेंडर करने के सामान होगा।"
पुलिस पर हमले के बाद ये लोग गुरुद्वारे में छिप गए थे। अंदर से गोलीबारी भी की। पुलिसवालों को वहाँ से चले जाने के लिए कहा। गालियाँ और धमकी दी। बाद में कमांडो टीम ने गुरुद्वारे से 7 आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया।
बहराइच पुलिस ने शहर के ताज और कुरैश मस्जिद से 17 विदेशियों समेत 21 तबलीगी जमातियों को 31 मार्च को हिरासत में लिया था। क्वारंटाइन में रखने के बाद इन सबका मेडिकल टेस्ट किया गया। रिपोर्ट नेगेटिव आई। क्वारंटाइन अवधि ख़त्म होते ही इन्हें जेल भेज दिया गया।
पंजाब के डीजीपी दिनकर गुप्ता ने बताया कि हमले में ASI हरजीत सिंह का हाथ कट गया। इसके बाद उन्हें चंडीगढ़ पीजीआई में एडमिट कराया गया है। हमले में कई अन्य पुलिसकर्मी और मंडी बोर्ड के अधिकारी घायल हुए हैं।
ये तथाकथित वैज्ञानिक ध्रुव राठी की तरह हैं। यूट्यूबर ध्रुव राठी 'फिलीपींस को आज़ादी कैसे मिली' से लेकर 'कोरोना वायरस कैसे काम करता है' तक, हर मामलों का विशेषज्ञ माना जाता है। तभी उसकी तुलना 'राजा बाबू' फिल्म के गोविंदा से होती है।
"वे सारे गंदे काम करते हैं। खानपान में वे शुद्धता का पालन नहीं करते। साफ़-सफाई का भी ध्यान नहीं रखते। उन्होंने अपनी आदतों के कारण आज कोरोना से उपजी आपदा को यहाँ लाकर खड़ा कर दिया है।"
बडगाम जिले के वाथुरा गाँव पहुॅंची मेडिकल टीम ने जब एक संदिग्ध से ट्रेवल हिस्ट्री को लेकर पूछताछ की तो उसके परिजनों ने उन्हें बंधक बना लिया। पुलिस जब इन्हें छुड़ाने के लिए पहुॅंची तो भीड़ ने उस पर भी पथराव कर दिया।
इस हत्याकांड को 15 अगस्त 1975 को अंजाम दिया गया था। सजा सुनाए जाने के बाद से मजीद फरार चल रहा था। उसे 7 अप्रैल को गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ में उसने बताया कि वह बीते 4 साल से कोलकाता में छिपा था। फरारी के दौरान वह पाकिस्तान और लीबिया में भी कुछ दिन रहा था।
कानपुर के चमनगंज में घर-घर जाकर नर्सें कोरोना संदिग्धों की जॉंच में जुटी थीं। इसी दौरान कलीम, अमजद अंसारी, बजी अहमद और सलीम ने उनके साथ छेड़खानी की। गाली-गलौज करते हुए उन पर फब्तियाँ कसी, साथ ही अश्लील हरकतें भी की।
21 दिनों के देशव्यापी लॉकडाउन के चलते केंद्र सरकार ने गरीबों के लिए 1.70 लाख करोड़ के राहत पैकेज की घोषणा की थी। वित्त मंत्रालय ने बताया है कि प्रधाानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत 30 करोड़ लाभार्थियों को डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के तौर पर 28,256 करोड़ रुपए जारी किए जा चुके हैं।
मदरसों में छात्रों के साथ खिलवाड़ हो रहा है। कोरोना जैसी महामारी के बीच उन्हें जानवरों की तरह रखा जा रहा है। लेकिन वामपंथी कविता कृष्णन चाहती हैं कि मदरसों की इस हरकत पर मीडिया चुप्पी साध ले और बच्चों को मरने दे।
वीडियो में आप देख सकते हैं कि सैकड़ों पाकिस्तानी दुबई में दूतावास के सामने देश लौटने की माँग को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। कुछ अधिकारी समझाते हुए सुनाई दे रहे हैं कि विरोध करने का यह तरीका सही नहीं हैं। इससे आपको भी परेशानी होगी और हमें भी। इससे पाकिस्तान का भी नाम ख़राब होगा।
स्वास्थ्य मंत्रालय ने यह भी बताया कि लॉकडाउन की बजाए यदि कुछ सीमित कदम ही उठाए गए होते तो भी भारत में संक्रमितों की संख्या 2 लाख के पार हो जाती। केंद्र सरकार ने ये भी कहा है कि वो विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्रियों द्वारा लॉकडाउन बढ़ाने के सुझाव पर विचार कर रही है।
रामायण के लगातार ट्रेंड करने के कारण इससे जुड़ी कई बातें आजकल सुर्खियाँ बटोर रहीं हैं। चर्चा का एक विषय असलम खान भी हैं। उन्होंने रामायण में राक्षस, ऋषि, भजन गायक, गुप्तचर, समुद्र देव जैसे कई अहम किरदार निभाए हैं।
फरवरी में यह बात सामने आई थी कि सीमा रिज़वी पर हमले के आरोपों में सफूरा ज़रगर समेत 7 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। रिज़वी ने अपनी शिकायत में कहा था कि जामिया मस्जिद के नजदीक कुछ प्रदर्शनकारियों ने उसे रोक लिया था। आरएसएस का एजेंट बताते हुए हमला किया था।
नेहा कुमारी नामक महिला ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अपने बच्चे को लेकर अपील की थी, जिसके बाद उन तक सहायता पहुँचाई गई। नेहा का एक 3.5 वर्षीय बच्चा है, जो ऑटिज्म से पीड़ित है। उसे कई प्रकार की फ़ूड एलर्जी भी है।
ग्रामीणों का दावा है कि पुलिस ने समुदाय विशेष से कहा कि वे ₹2 लाख दे दें तो मामला रफा-दफा कर दिया जाएगा। ग्रामीणों को सूचना मिली कि अंत में ₹60,000 पर सब तय हुआ। पत्रकारों को पहले ही कह दिया गया था कि वो वीडियो कहीं नहीं भेजें।
केंद्रीय गृह मंत्रालय ने लॉकडाउन के उल्लंघन और सोशल डिस्टेंसिंग के मानकों का पालन नहीं होने पर जवाब मॉंगा है। कहा है कि राज्य में गैर जरूरी चीजों की दुकाने खोलने और मजहबी जमावड़े के लिए इजाजत दिए जाने की सूचना मिली है। राशन प्रशासन की बजाए नेता बॉंट रहे हैं।
देश के साथ-साथ दिल्ली में तेजी से कोरोना संक्रमित लोगों की संख्या बढ़ाने के लिए जिम्मेवार तबलीगी जमात को लेकर केजरीवाल ने पहली बार सच को स्वीकार कर लिया है। पीएम मोदी से वीडियो कॉन्फ्रेंसिग जरिए दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि तबलीगी जमातियों के चलते कोरोना से जूझने के लिए सरकार को और वक्त चाहिए।
मध्य-पूर्व के अलावा भारत में भी हिंदुओं को निशाना बनाया जा रहा है। जो भी हिंदू कोरोना वायरस के अत्यधिक तेजी से फैलने में तबलीगी जमात की भूमिका की ओर इशारा करता है, उसे निशाना बनाया जाता है।
“पुलिस जब मौके पहुँची तो मस्जिद के भीतर 20-25 लोग थे जो नमाज की तैयारी कर रहे थे। उनमें से सात को गिरफ्तार कर लिया गया है। बाकी लोग भाग गए, जिनमें एक मौलाना भी था।”
"पिछले कई दिनों से राज्य सरकार इस मॉडल का श्रेय लेने की कोशिश कर रही है, लेकिन मुझे तब दुख ज्यादा हुआ कि जब इसका श्रेय राहुल गाँधी को भी दिया जाने लगा। जबकि सच यह है कि भीलवाड़ा की जनता ने इसे एक मॉडल के रूप में स्थापित करने और कोरोना से लड़ने के लिए छोटी-छोटी बातों का कड़ाई से पालन किया और आत्मसंयम का परिचय दिया। हम लोग प्राधनमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा की गई अपील से बहुत प्रभावित हैं।"
मृत बच्चे के पिता का कहना है कि जहानाबाद सदर अस्पताल में डॉक्टरों ने रिशू को पटना मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल रेफर कर दिया। लेकिन एंबुलेंस का कोई इंतजाम नहीं किया, जबकि अस्पताल में दो-तीन एंबुलेंस खड़ी थीं। लॉकडाउन के कारण वे खुद भी किसी निजी गाड़ी का इंतजाम नहीं कर पाए।
फिलहाल चाँदनी महल में कर्फ्यू जैसे हालात हैं। चारों ओर सन्नाटा पसरा हुआ है और भारी पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है। कहा जा रहा है कि इलाक़े में कई मस्जिदों में अभी भी जमाती छिपे हुए हैं, जो सामने नहीं आ रहे हैं और इलाज कराने से इनकार कर रहे हैं।
अब समीर खान कोरोना से संक्रमित हो अस्पताल में पड़ा है। नए वीडियो में वह अपने टिकटॉक फ़ॉलोवर्स से खुद के लिए दुआ करने की अपील करता हुआ दिखाई पड़ता है। अस्पताल में शूट किए गए इस वीडियो में समीर खान मरीजों वाले कपड़े पहने हुए है और खुद के कोरोना से संक्रमित होने की बात कर रहा है।
कोरोना पॉजीटिव पाए गए पुलिस अधिकारी ने एक अभियान के तहत मस्जिद में छिपे तबलीगी जमात से जुड़े 21 विदेशी नागरिकों को पकड़ा था। फिलहाल कोरोना पीड़ित अधिकारी को महाराष्ट्र के नासिक के अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पुलिस कर्मियों पर अपने 3 अन्य साथियों के साथ पथराव करने वाला जावेद खान इंदौर के टाटपट्टी बाखल में मेडिकल टीम पर पथराव करने वालों में भी शामिल था। इस घटना के बाद पुलिस ने जावेद और उसके साथियों को रासुका के तहत गिरफ्तार कर लिया था। अब जावेद के संपर्क में आए हुए जेल में अन्य कैदियों पर भी कोरोना का डर मंडरा रहा है।
कोरोना वायरस को हराने के लिए पॉंच टाइम नमाज पढ़ना काफी है। कुछ टिक टॉक यूजर्स के इसी पोस्ट पर राकेश ने कमेंट किया। बरगलाने पर आपत्ति जताई। कट्टरपंथियों को यह रास न आया और परदेस में उन पर मुसीबतों का पहाड़ टूट पड़ा।
मेरठ में पुलिस ने 11 हॉटस्पॉट चिह्नित किए हैं, जिन्हें सील किया जाना है। ये 11 कोरोना हॉटस्पॉट 9 थानों के अंतर्गत आए हैं। इनमें से 3 मस्जिद वाले इलाक़े हैं। इनमें से एक जली कोठी वाला इलाक़ा भी है, जहाँ की दरी वाली मस्जिद में 3 जमाती रुके हुए थे।
केजरीवाल ने बताया कि आज भारत की स्थिति तुलनात्मक रूप से बाकी देशों से काफ़ी अच्छी है। उन्होंने बताया कि ऐसा इसीलिए हुआ क्योंकि भारत सरकार ने समय रहते लॉकडाउन का निर्णय लिया।
प्रवासियों की कठिनाई को देख कर 'मगध-मित्र' का सोशल मीडिया पर जन्म हुआ। इसका उद्देश्य राजनैतिक दलों की सीमाओं से उठ कर, जिस राज्य अथवा शहर में जिस किसी वालंटियर या स्वयंसेवक समूह का कार्यक्षेत्र हो, उससे वहाँ फँसे श्रमिकों तक सहायता पहुँचाना था।
एक जिला जहॉं 93 फीसदी आबादी हिंदू है, संक्रमण पर काबू पाने के तरीकों से मॉडल बन जाता है। एक इलाका जहॉं 90 फीसद मुस्लिम हैं वहॉं लॉकडाउन फेल हो जाता है। फिर कर्फ्यू और उसके बाद महाकर्फ्यू लगाना पड़ता है। बावजूद वह संक्रमण का एपिसेंटर बना हुआ है। जबाव कड़वा है, पर सच यही है।
अब आप समझ जाइए कि जब 'ऑल्टन्यूज़' के कर्ताधर्ता ऐसे काम करते हैं तो उनका प्रोपेगेंडा पोर्टल कैसे चलाया जाता होगा। बैनर पर आमजनों और पशु-पक्षियों को खाना खिलाने की बात स्पष्ट लिखी हुई है फिर भी...
पुलिस ने 28 मार्च की देर रात हाइवे पर जीरो प्वाइंट के पास भारी भीड़ जमा देखी। भीड़ देख पुलिस वहाँ पर पहुँची। भीड़ हटाने की कोशिश की तो वहाँ पर कॉन्ग्रेस नेता और उनके दोस्तों ने हंगामा शुरू कर दिया। साथ ही पुलिस के साथ अभद्रता भी की।
205 देशों में फैल चुके कोरोना वायरस संक्रमण पर काबू पाने के लिए फिलहाल कोई वैक्सीन नहीं है। लेकिन, इस दिशा में दुनियाभर में युद्धस्तर पर काम चल रहा है। लेकिन, इस मर्ज की दवा बनाने में सबसे बड़ी बाधा समय की है। जो ड्रग्स क्लीनिकल ट्रायल्स के स्टेज 3 में भी हैं, उनके भी मरीजों तक पहुॅंचने में अभी 6 महीने और लगेंगे।
अभी तक पाँच राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने अपनी बात रखी। इनमें से तीन ने लॉकडाउन 30 अप्रैल तक बढ़ाने को कहा। तीनों विपक्ष के शासन वाले राज्य हैं: महाराष्ट्र, पंजाब और दिल्ली।
इस मामले का एक वीडियो पत्रकार रविन्द्र सिंह रॉबिन ने अपने ट्विटर पर शेयर किया है। मस्जिद में हो रही नमाज को लेकर जब पुलिस ने विरोध किया तो लोगों ने अचानक से पुलिस टीम पर ईंट-पत्थरों से हमला कर दिया। इस दौरान पुलिस को घरों में घुसकर अपनी जान बचानी पड़ी।
सर्वे के अनुसार देश के 78 फीसदी लोगों ने लॉकडाउन को आगे बढ़ाने का समर्थन किया है। शहरी क्षेत्रों में 82 फीसदी लोगों ने इसका समर्थन किया जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में 74 फीसदी लोगों ने इसके पक्ष में अपना मत दिया।
लखनऊ में रहने वाले जमातियों का पता लगाने के लिए 700 से अधिक मोबाईल नंबरों को सर्विलांस पर रखा गया था। इनमें से 200 से अधिक जमातियों के नंबर अचानक से बंद हो गए। इन जमातियों के सम्पर्क में रहे करीब 300 लोगों ने भी अपने मोबाइल बंद कर लिए हैं।
चाँद मोहम्मद नाम के शख्स ने प्रशासन से फोन करके भूख से मरने की बात कही। फिर उसने दोबारा फोन करके कहा कि वो भूख से मर रहा है। प्रशासन आनन-फानन में सूखी राशन सामग्री एवं तैयार भोजन के पैकेट लेकर पहुँचा। मगर वहाँ का नजारा देखकर...
मुस्लिम समुदाय का सबसे बड़ा तीर्थ स्थान मक्का-मदीना है। कोरोना के संकट काल में मक्का-मदीना तक बंद है, लेकिन भारत में मुस्लिम समुदाय के कुछ लोग ये मानने को तैयार नहीं हैं कि कोरोना से उन्हें कोई खतरा है।